सूरत : श्री महावीरस्वामी दिगम्बर जैन मंदिर की 44वीं वर्षगांठ श्रद्धा और उल्लास के साथ संपन्न
नानपुरा मंदिर में ध्वजा स्थापना, अभिषेक, शांतिधारा एवं प्रवचन के धार्मिक आयोजनों में बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने लिया भाग
श्री महावीरस्वामी दिगम्बर जैन मंदिर, नानपुरा की 44वीं वर्षगांठ गुरुवार को श्रद्धा, भक्ति और धार्मिक उल्लास के साथ मनाई गई। समारोह परम पूज्य समाधि सम्राट युग प्रतिक्रमण प्रवर्तक गणाचार्य श्री 108 विरागसागर जी महाराज की सुशिष्या एवं पूज्य पट्टाचार्य श्री 108 विशुद्धसागर जी महाराज की आज्ञानुवर्ती शिष्या परम पूज्य क्षुल्लिका रत्न श्री 105 विस्मिताश्री माताजी तथा क्षुल्लिका रत्न श्री 105 विगम्याश्री माताजी के सान्निध्य में संपन्न हुआ। कार्यक्रम का संचालन एवं धार्मिक विधियां विधानाचार्य पं. रूपेशभाई (खंडवावाले), पार्ले पॉइंट के निर्देशन में संपन्न हुईं।
लता जैन ने बताया कि वर्षगांठ महोत्सव के उपलक्ष्य में मंदिर शिखर पर नवीन ध्वजा स्थापना का आयोजन किया गया। इस अवसर पर सकल दिगम्बर जैन समाज के श्रद्धालुओं ने अभिषेक, शांतिधारा एवं धर्मप्रवचन का लाभ प्राप्त किया। मंदिर शिखर पर ध्वजा चढ़ाने का पुण्य लाभ धनिकभाई नरेशभाई पानवाला परिवार को प्राप्त हुआ।
महोत्सव के दौरान प्रभावना का सौभाग्य श्रीमती सुशीलादेवीजी भागचंदजी, प्रीति रवि जैन (सीए), रिद्धि (सीए), काव्य जैन काशलीवाल परिवार तथा रफीगंज वालों को प्राप्त हुआ। धार्मिक आयोजन पूरे विधि-विधान एवं श्रद्धापूर्वक संपन्न हुए। कार्यक्रम के समापन पर अशोकभाई विनायक्या, नरेशभाई, कमलेश गांधी एवं मधुबेन दलाल ने आयोजन को सफल बनाने में सहयोग देने वाले सभी श्रद्धालुओं एवं सकल समाज का आभार व्यक्त किया।
