सूरत : बाढ़ जैसे हालात पर मंत्री कनुभाई देसाई की समीक्षा बैठक, तत्काल सर्वे और राहत सहायता के निर्देश
3,600 लोगों का रेस्क्यू, 4,100 प्रभावित राहत शिविरों में पहुंचाए गए; नुकसान का सर्वे शुरू, NDRF और SDRF की टीमें राहत कार्य में जुटीं
सूरत। सूरत शहर और जिले में लगातार हुई भारी बारिश तथा जलभराव की स्थिति को लेकर राज्य के वित्त मंत्री एवं सूरत जिले के प्रभारी मंत्री कनुभाई देसाई की अध्यक्षता में उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में राहत एवं बचाव कार्यों की प्रगति, प्रभावित नागरिकों की सुरक्षा तथा नुकसान के आकलन की समीक्षा की गई।
बैठक में प्रभारी मंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिया कि प्रभावित क्षेत्रों का तत्काल सर्वे कर पात्र परिवारों को नियमानुसार नकद सहायता और घरेलू उपयोग की आवश्यक राहत सामग्री उपलब्ध कराई जाए। उन्होंने जलभराव वाले क्षेत्रों से तेजी से पानी निकालने के लिए अतिरिक्त डीवॉटरिंग पंप और अन्य आवश्यक उपकरण उपलब्ध कराने के भी निर्देश दिए।
कनुभाई देसाई ने कहा कि राज्य सरकार सूरत की स्थिति पर लगातार नजर रखे हुए है और स्थानीय प्रशासन के साथ समन्वय बनाकर राहत एवं बचाव कार्यों की नियमित समीक्षा की जा रही है। उन्होंने प्रभावित क्षेत्रों में लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाने, राहत शिविरों में भोजन, पेयजल, आवश्यक दवाइयों और अन्य जरूरी सुविधाओं की पर्याप्त व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
उन्होंने अधिकारियों से कहा कि जिन गांवों और क्षेत्रों में जलभराव की आशंका बनी हुई है, वहां पहले से राहत एवं बचाव की समुचित योजना तैयार रखी जाए, ताकि किसी भी आपात स्थिति में तुरंत कार्रवाई की जा सके।
बैठक में नगर आयुक्त एम. नागराज ने बताया कि केवल इसी सप्ताह शहर में पूरे मौसम की लगभग 30 प्रतिशत वर्षा दर्ज की गई है। उन्होंने जानकारी दी कि अब तक 3,600 लोगों का सुरक्षित रेस्क्यू किया जा चुका है, जबकि 4,100 प्रभावित लोगों को राहत शिविरों में स्थानांतरित किया गया है। राहत कार्यों के लिए NDRF की दो तथा SDRF की पांच टीमें लगातार कार्य कर रही हैं।
जिला कलेक्टर तेजस परमार ने बताया कि जिले में सबसे अधिक वर्षा पलसाना और कामरेज तालुका में दर्ज की गई है। उन्होंने कहा कि प्रभावित क्षेत्रों में नुकसान का आकलन करने के लिए सर्वे दल तैनात कर दिए गए हैं और बुधवार रात से ही व्यापक सर्वेक्षण शुरू किया जाएगा। प्रारंभिक जानकारी के अनुसार शहर और जिले में लगभग 40 कच्चे एवं पक्के मकानों को नुकसान पहुंचा है।
बैठक में जिला प्रभारी सचिव शालिनी अग्रवाल, महापौर मायाबेन मावानी, स्थायी समिति अध्यक्ष राजन पटेल, सांसद मुकेश दलाल, विधायक मुकेश पटेल, मनुभाई पटेल, संदीप देसाई, अरविंद राणा, किशोर कानानी, जिला मजिस्ट्रेट समीर मोदी, पुलिस आयुक्त वबांग जमीर, जिला विकास अधिकारी देवेंद्र प्रकाश मीणा, जिला पुलिस प्रमुख राजेश गढ़िया, रेजिडेंट अतिरिक्त कलेक्टर विजय रबारी सहित जनप्रतिनिधि और वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।
