सूरत : सीआईएसएफ की सतर्कता और ईमानदारी की मिसाल, 53.34 लाख रुपये के आभूषणों से भरा बैग यात्री को लौटाया
सूरत एयरपोर्ट पर लावारिस मिला हैंडबैग, त्वरित कार्रवाई से यात्री को सुरक्षित मिला कीमती सामान
सूरत। सूरत एयरपोर्ट पर तैनात केंद्रीय औद्योगिक सुरक्षा बल (सीआईएसएफ) के जवानों ने एक बार फिर अपनी सतर्कता, ईमानदारी और कर्तव्यनिष्ठा का उत्कृष्ट परिचय देते हुए एक यात्री का लाखों रुपये मूल्य का सामान सुरक्षित लौटाकर सराहनीय उदाहरण पेश किया है।
दिनांक 1 जून 2026 को सूरत एयरपोर्ट के आगमन द्वार के बाहर एक हैंडबैग लावारिस अवस्था में मिला। ड्यूटी पर तैनात सीआईएसएफ कर्मियों ने तुरंत बैग को अपने कब्जे में लेकर निर्धारित सुरक्षा प्रक्रियाओं के तहत उसके वास्तविक स्वामी की पहचान करने की कार्रवाई शुरू की।
जांच के दौरान बैग के मालिक की पहचान शैलेश प्रेमप्रकाश गुप्ता के रूप में हुई, जो बेंगलुरु से सूरत आने वाली उड़ान IX-2052 से यात्रा कर सूरत पहुंचे थे। जल्दबाजी में वे अपना हैंडबैग एयरपोर्ट पर ही छोड़कर घर चले गए थे। आवश्यक दस्तावेजों और पहचान के सत्यापन के बाद बैग उन्हें सुरक्षित रूप से सौंप दिया गया।
बैग की जांच में उसमें लगभग 53.34 लाख रुपये मूल्य के बहुमूल्य आभूषण तथा 30 हजार रुपये नकद सुरक्षित पाए गए। अपना कीमती सामान सकुशल वापस मिलने पर यात्री ने राहत और खुशी व्यक्त की।
यात्री ने सीआईएसएफ कर्मियों की त्वरित कार्रवाई, पेशेवर दक्षता और ईमानदारी की खुलकर प्रशंसा करते हुए उनका आभार व्यक्त किया। उन्होंने एक वीडियो संदेश के माध्यम से भी सीआईएसएफ के प्रति अपनी कृतज्ञता जाहिर की और कहा कि जवानों की जिम्मेदारी और सेवा भावना के कारण उनका बहुमूल्य सामान सुरक्षित वापस मिल सका।
यह घटना एक बार फिर साबित करती है कि सीआईएसएफ केवल देश के महत्वपूर्ण प्रतिष्ठानों और हवाई अड्डों की सुरक्षा तक ही सीमित नहीं है, बल्कि यात्रियों की सुविधा, सुरक्षा और विश्वास को बनाए रखने के लिए भी पूरी प्रतिबद्धता के साथ कार्य कर रही है।
अपने ध्येय वाक्य “सुरक्षा के साथ सेवा” को सार्थक करते हुए सीआईएसएफ के जवान निरंतर उत्कृष्ट सेवाएं प्रदान कर रहे हैं, जिससे आम नागरिकों का भरोसा और अधिक मजबूत हो रहा है।
