सूरत : उधना स्टेशन पर फिर उमड़ा जनसैलाब, 5 ट्रेनों से 10,000 से अधिक यात्रियों की रवानगी

चुनाव और गर्मी की छुट्टियों का असर; प्रशासन ने डोम, बैरिकेड और अतिरिक्त सुविधाओं से हालात संभाले

सूरत : उधना स्टेशन पर फिर उमड़ा जनसैलाब, 5 ट्रेनों से 10,000 से अधिक यात्रियों की रवानगी

सूरत। सूरत में गर्मी की छुट्टियों और चुनावी माहौल के बीच प्रवासी मजदूरों का अपने वतन लौटने का सिलसिला तेज हो गया है। शनिवार, 25 अप्रैल को उधना रेलवे स्टेशन पर एक बार फिर भारी भीड़ देखने को मिली, जहां सिर्फ 5 स्पेशल ट्रेनों के जरिए 10,000 से अधिक यात्री रवाना हुए।

पिछले रविवार को उधना स्टेशन पर मची अफरा-तफरी के बाद इस बार पश्चिम रेलवे ने बेहतर इंतज़ाम किए हैं। भीड़ को नियंत्रित करने के लिए स्टेशन के सर्कुलेटिंग एरिया में मजबूत बैरिकेड्स लगाए गए हैं और यात्रियों के लिए एक नियंत्रित एंट्री सिस्टम बनाया गया है, ताकि प्लेटफॉर्म पर एक साथ भीड़ न पहुंचे।

तेज गर्मी को देखते हुए यात्रियों के लिए स्टेशन परिसर में बड़े डोम (पंडाल) की व्यवस्था की गई है, जिससे लोगों को धूप से राहत मिल सके। साथ ही अतिरिक्त पानी के स्टॉल, वॉटर वेंडिंग मशीन और पे-एंड-यूज टॉयलेट्स की संख्या भी बढ़ाई गई है। सफाई व्यवस्था बनाए रखने के लिए 24 घंटे कर्मचारियों की तैनाती की गई है।

गौरतलब है कि 19 अप्रैल को यहां हालात बेकाबू हो गए थे, जब स्टेशन के बाहर करीब 2 किलोमीटर लंबी लाइनें लग गई थीं और गर्मी के कारण कई यात्रियों की तबीयत बिगड़ गई थी। इस घटना के बाद रेलवे प्रशासन पूरी तरह सतर्क हो गया है।

भीड़ बढ़ने की मुख्य वजह पश्चिम बंगाल में चल रही चुनाव प्रक्रिया और गर्मी की छुट्टियां हैं, जिसके चलते उत्तर प्रदेश, बिहार और पश्चिम बंगाल जाने वाली ट्रेनों में भारी दबाव है। यात्रियों की सुविधा के लिए रेलवे द्वारा नियमित अंतराल पर “समर स्पेशल” ट्रेनें भी चलाई जा रही हैं।

सुरक्षा के मद्देनज़र स्टेशन पर रेलवे प्रोटेक्शन फोर्स (RPF) और गर्वमेन्ट रेलवे पुलिस (GRP) के जवान तैनात किए गए हैं। वरिष्ठ अधिकारी लगातार स्थिति पर नज़र बनाए हुए हैं और यात्रियों से अपील की जा रही है कि वे शांति बनाए रखें और निर्धारित व्यवस्था का पालन करें।