टोक्यो पैराओलंपिक : भारत ने 5 गोल्ड मेडल सहित 19 मेडल किए अपने नाम, खिलाड़ियों ने बनाया कीर्तिमान

(Photo Credit : IANS)

अपने 53 साल के पैरालंपिक के इतिहास में जितने मेडल जीते थे उससे डेढ़ गुना मेडल इस बार अकेले

टोक्यो ओलंपिक में इतिहास रचने के बाद भारत ने टोक्यो पैरालंपिक में भी इतिहास रच दिया है। भारत ने अपने 53 साल के पैरालंपिक के इतिहास में जितने मेडल जीते थे उससे डेढ़ गुना से ज्यादा मेडल भारत ने अकेले टोक्यो में जीत लिए हैं। इस बार भारत ने 5 गोल्ड मेडल सहित 19 मेडल अपने नाम किए हैं। टोक्यो पैरालंपिक खेलों में भारत ने 5 स्वर्ण, 8 रजत और 6 कांस्य अपनी झोली में डाले हैं। इसी के साथ पहली बार भारत पैरालंपिक के इतिहास में टॉप 25 में रहा है। इस बार भारत 24वें स्थान पर रहा है। इससे पहले रियो पैरालंपिक में भारत ने 4 मेडल जीते थे। इस बार पैराओलंपिक में खिलाड़ियों ने ना सिर्फ पदक जीतकर देश का नाम बढ़ाया, साथ ही व्यक्तिगत रिकॉर्ड बनाया। आइए जानते हैं इन विजेता खिलाड़ियों के वर्ल्ड रिकॉर्ड को
भारत की पैरा शूटर अवनी लेखरा ने महिलाओं की 10 मीटर एयर स्टैंडिंग एसएच1 स्पर्धा में विश्व रिकॉर्ड स्वर्ण पदक जीता। फाइनल में, लेखारा ने न केवल 249.6 के स्कोर के साथ विश्व रिकॉर्ड की बराबरी की, बल्कि एक नया पैरालंपिक रिकॉर्ड भी बनाया।
जेल्विन थ्रो स्पर्धा में स्वर्ण पदक जीतने वाले सुमित अंतिल ने F64 वर्ग के फाइनल में 68.55 मीटर की भाला फेंककर विश्व रिकॉर्ड बनाया। भारतीय निशानेबाज मनीष नरवाल ने भी निशानेबाजी में पैरालंपिक रिकॉर्ड के साथ स्वर्ण पदक जीता। नरवाल ने पी4 मिक्स्ड 50 मीटर पिस्टल एसएच1 इवेंट में 218.2 अंक के स्कोर के साथ एक नया पैरालंपिक रिकॉर्ड स्थापित करते हुए स्वर्ण पदक जीता।
आपको बता दें कि भारत के लिए एक और रिकॉर्ड पदक एथलेटिक्स से आया। एथेलीट निषाद कुमार ने एशियाई रिकॉर्ड के साथ पुरुषों की ऊंची कूद टी47 स्पर्धा में रजत पदक जीता।  निषाद ने 2.06 मीटर की छलांग लगाकर एशियाई रिकॉर्ड बनाया। एथलेटिक्स में एक बार फिर भारत के एक और पैरा-एथलीट ने एशियाई रिकॉर्ड के साथ रजत पदक पर कब्जा जमाया। भारत के प्रवीण कुमार ने पुरुषों की ऊंची कूद T64 स्पर्धा में 2.07 मीटर की छलांग लगाकर एशियाई रिकॉर्ड और रजत पदक बनाया।

इन टॉपिक्स पर और पढ़ें:


ये भी पढ़ें