सूरत : मेहंदी आर्ट से महिला सशक्तिकरण तक, चैंबर द्वारा ‘डिजाइनिंग सक्सेस’ सेशन का आयोजन
चैंबर ऑफ कॉमर्स की पहल—क्रिएटिविटी को प्रोफेशन में बदलने और महिलाओं को एंटरप्रेन्योरशिप की ओर प्रेरित करने पर जोर
सूरत। सदर्न गुजरात चैंबर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्री (SGCCI) की लेडीज़ विंग, वुमन एंटरप्रेन्योर सेल और आर्ट, कल्चर एंड हैंडीक्राफ्ट कमेटी के संयुक्त तत्वावधान में मंगलवार, 24 मार्च 2026 को सरसाना स्थित उषाकांत मारफतिया हॉल में ‘डिजाइनिंग सक्सेस: मेहंदी आर्ट से महिलाओं में एक्सीलेंस तक’ विषय पर एक प्रेरणादायक सेशन आयोजित किया गया।
कार्यक्रम का उद्देश्य महिलाओं को उनकी क्रिएटिव स्किल्स को पहचानने और उसे प्रोफेशनल अवसरों में बदलने के लिए प्रेरित करना रहा।
सेशन को संबोधित करते हुए चैंबर ऑफ कॉमर्स के प्रेसिडेंट निखिल मद्रासी ने इंडस्ट्री में महिलाओं की बढ़ती भूमिका और उनके सशक्तिकरण की आवश्यकता पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि आज के दौर में महिलाएं हर क्षेत्र में अपनी पहचान बना रही हैं और ऐसे कार्यक्रम उन्हें आगे बढ़ने की दिशा देते हैं।
कीनोट स्पीकर और प्रसिद्ध मेहंदी आर्टिस्ट सुश्री वीना नागदा ने अपने अनुभव साझा करते हुए कहा कि किसी भी कला को केवल शौक तक सीमित नहीं रखना चाहिए, बल्कि उसे एक पेशे के रूप में विकसित करने की दिशा में काम करना चाहिए। उन्होंने बताया कि मेहनत, आत्मविश्वास और निरंतर अभ्यास से छोटी शुरुआत भी अंतरराष्ट्रीय पहचान दिला सकती है।
उन्होंने महिलाओं को अपने टैलेंट को पहचानकर उसे उद्यमिता में बदलने का संदेश दिया और कहा कि सही दिशा में प्रयास करने से महिलाएं सफल एंटरप्रेन्योर बन सकती हैं।
कार्यक्रम की जानकारी देते हुए लेडीज़ विंग की चेयरपर्सन श्रीमती मयूरी मेवावाला ने बताया कि इस सेशन का मुख्य उद्देश्य महिलाओं को आत्मनिर्भर बनने और उनकी रचनात्मक क्षमता को व्यावसायिक रूप देने के लिए प्रोत्साहित करना है।
इस दौरान SGCCI वुमन एक्सीलेंस अवॉर्ड्स सेरेमनी का भी आयोजन किया गया, जिसमें विभिन्न क्षेत्रों में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाली महिलाओं को सम्मानित किया गया।
कार्यक्रम में चैंबर के वाइस प्रेसिडेंटअशोक जीरावाला, मानद मंत्री बिजल जरीवाला, ऑनरेरी ट्रेज़रर सीए मितिश मोदी सहित बड़ी संख्या में महिला उद्यमी उपस्थित रहीं।
अंत में, आर्ट, कल्चर एंड हैंडीक्राफ्ट कमेटी की चेयरपर्सन श्रीमती स्वाति सेठवाला ने सभी का आभार व्यक्त किया, जबकि कार्यक्रम का संचालन सुश्री खुशबू राय ने किया।
