जल्द ही आपके घर की बिजली भी हो सकती है गुल, जानें क्या है कारण

प्रतिकात्मक तस्वीर

देश भर में बारिश के कारण कोयले का कम उत्पादन और बिजली की बढ़ी खपत के कारण थर्मल पावर स्टेशन में नहीं बचा अधिक दिन का कोयले का स्टॉक

आने वाले कुछ ही दिन में यदि आपका घर भी पावर कट की चपेट में आ सकता है। क्योंकि भारत में बिजली उत्पादित करने के लिए इस्तेमाल होने वाले कोयले की मात्रा काफी कम हो गई है। साल 2019 में अगस्त-सितंबर महीने में बिजली की कुल खपत 10 हजार 660 करोड़ यूनिट प्रति महीने थी पर 2021 में यह आंकड़ा बढ़ कर 12 हजार 420 करोड़ प्रति यूनिट हो गई थी। ऐसे में जो स्टॉक बचा है वह कुछ ही दिन तक चले इतना है। 
ऊर्जा मंत्रालय के एक रिपोर्ट के अनुसार यह जानकारी सामने आई है। बता दे कि देश का 70 प्रतिशत बिजली का उत्पादन कोयले पर आधारित है। देश के कुल 135 थर्मल पावर प्लांट्स में से 72 प्लांट्स के पास 3 दिन से भी कम कोयले का स्टॉक बचा है। जबकि 50 पावर प्लांट ऐसे है जिनके पास 4 से 10 दिन का स्टॉक ही बचा है। जबकि 13 ही प्लांट्स ऐसे है, जहां 10 दिन से अधिक का स्टॉक बचा है। 
ऊर्जा मंत्रालय की रिपोर्ट के अनुसार, इस कमी का सबसे बड़ा कारण कोयले का कम उत्पादन और उसकी आयात में आने वाले आने वाली तकलीफ है। बारिश के कारण कोयले का उत्पादन काफी कम हो गया है, इसके चलते उनकी कीमतें भी काफी कम हो गई है और उनके ट्रांसपोर्टेशन में भी काफी तकलीफ़े आ रही है। इन सभी तकलीफ़ों के कारण आने वाले समय में पूरे देश में बिजली का संकट आ सकता है। 
ऊर्जा मंत्रालय के अनुसार इस संकट के पीछे एक कारण कोरोना भी है। कोरोना के दौरान बिजली का उत्पादन काफी अधिक मात्रा में हुआ था। साल 2019 में अगस्त-सितंबर महीने के दौरान बिजली की कुल खपत 10 हजार 660 करोड़ यूनिट प्रति महीने थी, जबकि 2021 में यह बढ़कर 12 हजार 420 करोड़ यूनिट प्रति महीने तक हो गया था।

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