गुजरात में पिछले 2 सालों में 313 शेरों की मौत हुई

प्रतिकात्मक तस्वीर (File Photo : IANS)

लाठी निर्वाचन क्षेत्र के कांग्रेस विधायक वीरजीभाई थूमर के एक लिखित प्रश्न का उत्तर देते हुए वन मंत्री गणपतसिंह वसावा ने दी जानकारी

गांधीनगर, 5 मार्च (आईएएनएस)| गुजरात सरकार ने बताया कि जूनागढ़ के गिर नेशनल पार्क में पिछले दो सालों में कुल 313 शेरों की मौत हुई है। गिर दुनिया में एशियाई शेरों का निवास है।
कांग्रेस विधायक थूमर के प्रश्न के उत्तर में मिली जानकारी
लाठी निर्वाचन क्षेत्र के कांग्रेस विधायक वीरजीभाई थूमर के एक लिखित प्रश्न का उत्तर देते हुए वन मंत्री गणपतसिंह वसावा ने सदन को सूचित किया कि जनवरी 2019 से दिसंबर 2020 तक दो वर्षों में गुजरात में कुल 313 शेरों की मौत हुई थी। जिसमें से 69 शेरों की प्राकृतिक मौत हुई है, जबकि दो की अस्वाभाविक मृत्यु हुई है और 77 शेरनियों की प्राकृतिक मौत हुई थी, जबकि 13 की अस्वाभाविक मृत्यु हुई थी। शेर के बच्चे जिनकी कुल 152 मौतों में से 144 की मृत्यु स्वाभाविक रूप से हुई जबकि आठ अप्राकृतिक कारणों से मौत हुई।
उठाये जा रहे हैं ये कदम
विधायक ने एक और पूछा कि बड़ी बिल्लियों की अप्राकृतिक मौतों को रोकने के लिए सरकार द्वारा क्या कदम उठाए जा रहे हैं। इस सवाल पर मंत्री ने बताया कि वन विभाग द्वारा गश्त वाहनों, हथियारों, वॉकी-टॉकी सेट का उपयोग करके दिन-रात गश्त की जाती है। पश्चिम गुजरात विज कंपनी लिमिटेड के साथ भी संयुक्त गश्त की गई।
थूमर ने लगाया था ये आरोप
थूमर ने आरोप लगाया था कि गिर जंगल के बाहर के क्षेत्रों से मवेशियों के शवों को गिर क्षेत्र में लाए जाने के कारण शेरों की अप्राकृतिक मौतें हुईं। मंत्री ने जवाब दिया कि सरकार को इस तरह की कोई शिकायत नहीं मिली है और अगर मिलती है तो इससे निपटा जाएगा। 
शेर की जनगणना 2020 के अनुसार, गुजरात में 674 एशियाई शेर थे, 2015 में हुई पिछली जनगणना के बाद से गुजरात में एशियाई शेरों की आबादी में 29 प्रतिशत की वृद्धि देखी गई थी।

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