सूरत : लोकल बॉडी चुनाव से पहले प्रशासनिक फेरबदल, शालिनी अग्रवाल बनीं सूरत की प्रभारी सचिव
राज्य सरकार ने कई जिलों में बदली जिम्मेदारियां, चुनावी तैयारियों के बीच अहम निर्णय
सूरत। राज्य में आगामी स्थानीय निकाय चुनावों के ऐलान से पहले प्रशासनिक ढांचे में बड़े बदलाव किए गए हैं। राज्य सरकार ने प्रमोशन, ट्रांसफर और अन्य प्रशासनिक कारणों से नए आदेश जारी करते हुए विभिन्न जिलों के प्रभारी सचिवों की जिम्मेदारियों में फेरबदल किया है।
इन आदेशों के तहत शालिनी अग्रवाल को सूरत शहर और जिले की प्रभारी सचिव की अहम जिम्मेदारी सौंपी गई है। वह वर्तमान में गुजरात ऊर्जा विकास निगम में एडमिनिस्ट्रेटिव डायरेक्टर के पद पर कार्यरत हैं और विभिन्न पावर कंपनियों की चेयरपर्सन भी हैं।
सरकार के इस फैसले को प्रशासनिक हलकों में खासा महत्व दिया जा रहा है, क्योंकि शालिनी अग्रवाल पहले सूरत म्युनिसिपल कमिश्नर के रूप में करीब साढ़े तीन वर्षों तक काम कर चुकी हैं और शहर की भौगोलिक व प्रशासनिक परिस्थितियों से भली-भांति परिचित हैं।
इस नियुक्ति का मुख्य उद्देश्य प्रशासनिक तंत्र, जनप्रतिनिधियों और सरकार के बीच बेहतर समन्वय स्थापित करना है, ताकि स्थानीय स्तर के मुद्दों का तेजी से समाधान किया जा सके।
वहीं, एम. थेन्नारसन जो वर्तमान में राज्य शहरी विकास विभाग के प्रमुख सचिव हैं, को अहमदाबाद शहर और जिले का प्रभारी सचिव नियुक्त किया गया है। इसके अलावा, पूर्व नगर आयुक्त मिलिंद तोरवाने को तापी जिले के प्रभारी सचिव का अतिरिक्त प्रभार सौंपा गया है।
चुनावी माहौल के बीच किए गए इन प्रशासनिक बदलावों को सुशासन और तेज निर्णय प्रक्रिया की दिशा में अहम कदम माना जा रहा है।
