सूरत : उधना रेलवे स्टेशन पर 5 होली स्पेशल ट्रेनों से हजारों यात्री रवाना, भारी भीड़ के बीच पुख्ता इंतजाम
‘अंत्योदय’ और ‘अमृत भारत’ में जबरदस्त भीड़, रातभर लगी रहीं कतारें
सूरत। डायमंड सिटी और टेक्सटाइल हब के नाम से मशहूर सूरत में होली और धुलेटी से पहले घर वापसी का उत्साह चरम पर है। उत्तर प्रदेश और बिहार जाने वाले प्रवासी श्रमिकों की भारी भीड़ को देखते हुए रेलवे प्रशासन ने विशेष इंतज़ाम किए।
1 मार्च, रविवार की सुबह से ही उधना रेलवे स्टेशन पर हजारों यात्री परिवार और सामान के साथ उमड़ पड़े। स्टेशन का नज़ारा ‘मिनी बिहार’ जैसा दिखाई दिया। रेलवे के अनुसार, 5 स्पेशल ट्रेनों के माध्यम से 18,000 से अधिक यात्रियों को उनके गंतव्य के लिए रवाना किया गया।
मज़दूर वर्ग के लिए महत्वपूर्ण मानी जाने वालीअंत्योदय एक्सप्रेस में सबसे अधिक भीड़ देखी गई। जनरल कोच पूरी तरह भरे रहे और यात्रियों को खड़े होकर सफर करना पड़ा। इसी तरह आधुनिक सुविधाओं से युक्त अमृत भारत एक्सप्रेस में भी भारी भीड़ उमड़ी।
रेलवे प्रोटेक्शन फोर्स (आरपीएफ) और जीआरपी के जवानों ने व्यवस्था बनाए रखने और यात्रियों को सुरक्षित चढ़ाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।
रेलवे अधिकारियों ने बताया कि यात्रियों की संख्या को देखते हुए अतिरिक्त रैक और कोच स्टैंडबाय पर रखे गए हैं। आवश्यकता पड़ने पर और स्पेशल ट्रेनें चलाई जाएंगी। शाम के समय रक्सौल रूट से आने-जाने वाली ट्रेनों में भी यात्रियों को समायोजित करने की व्यवस्था की गई।
उधना स्टेशन पर पीने के पानी, प्राथमिक स्वास्थ्य सुविधा और हेल्प डेस्क की व्यवस्था की गई, ताकि भीषण गर्मी में यात्रियों को किसी प्रकार की परेशानी न हो।
घर जा रहे एक यात्री ने कहा कि सूरत रोज़गार देता है, लेकिन होली अपने गांव-घर में परिवार के साथ मनाने का आनंद ही अलग होता है। उन्होंने रेलवे द्वारा चलाई गई स्पेशल ट्रेनों के लिए आभार जताया।
हर वर्ष की तरह इस बार भी टेक्सटाइल और कंस्ट्रक्शन सेक्टर से जुड़े हजारों श्रमिक एक साथ घर लौटते हैं। दिवाली और छठ के दौरान हुई भीड़ से सबक लेते हुए रेलवे प्रशासन ने इस बार पहले से ही योजना बनाकर अतिरिक्त व्यवस्थाएं कीं, जिससे संभावित अफरा-तफरी को काफी हद तक टाला जा सका।
होली के मद्देनज़र अगले कुछ दिनों तक उधना और सूरत रेलवे स्टेशनों पर इसी तरह यात्रियों की भीड़ बनी रहने की संभावना है।
