लोकसभा में पारित हुआ चुनाव संशोधन मिल, अब वोटिंग कार्ड भी होगा आधार कार्ड से लिंक

विपक्षी पक्षों ने किया विधेयक के पारित होने का विरोध, बताया कानूनी अधिकारों से बाहर

लोकसभा में चुनाव संबंधित चुनाव संशोधन बिल पारित हो गया है। इस बिल में वोटिंग कार्ड को आधार कार्ड के साथ जोड़ने की घोषणा की गई है। बता दे की बिल पारित करने के पहले इसके खिलाफ कांग्रेस, तृणमूल कांग्रेस, AIMIM, आरएसपी, बीएसपी जैसी पार्टियों ने इस बिल का विरोध किया था। वहीं कांग्रेस ने इस बिल को विचारणा के लिए संसद की स्थायी समिति में भेजने की मांग भी की थी। 
लोकसभा में कानून मंत्री किरण रिजिजू ने यह बोल पेश किया था। इसके माध्यम से जनप्रतिनिधित्व अधिनियम 1950 और जनप्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 में संशोधन करने का प्रस्ताव दिया गया है। विपक्षी सदस्यों की सभी आशंकाओं को निराधार बताते हुये किरण रिजिजू ने बताया की विपक्षी सदस्यों ने बिल के विरोध के जो तर्क दिये है वह सर्वोच्च अदालत के निर्णय को गलत तरीके से पेश करने का प्रयास है। लोकसभा में कांग्रेस नेता अधीर रंजन चौधरी ने विधेयक पेश करने का विरोध करते हुए कहा कि यह पुट्टुस्वामी के खिलाफ सरकारी मामले में सुप्रीम कोर्ट के फैसले के खिलाफ है। "हमारे पास डेटा सुरक्षा कानून नहीं है और अतीत में डेटा के दुरुपयोग के मामले सामने आए हैं। चौधरी ने कहा कि विधेयक को वापस लिया जाना चाहिए और इसे संसद की स्थायी समिति के पास विचार के लिए भेजा जाना चाहिए। कांग्रेस सांसद मनीष तिवारी ने कहा कि इस तरह का विधेयक पेश करना सरकार के कानूनी अधिकार से बाहर है। इसके अलावा आधार एक्ट में यह भी कहा गया है कि आधार को इस तरह से अटैच नहीं किया जा सकता है। उन्होंने कहा, 'हम इसका विरोध करते हैं और इसे वापस लेना चाहिए।
तो तृणमूल कांग्रेस के सौगत राय ने कहा कि बिल सुप्रीम कोर्ट के नियम का उल्लंघन करता है और मौलिक अधिकार के खिलाफ है। इसलिए हम इस बिल का विरोध करते हैं। एआईएमआईएम के असदुद्दीन ओवैसी ने कहा कि यह मौलिक अधिकारों और संविधान में निहित निजता के अधिकार का उल्लंघन है। विधेयक गुप्त मतदान के प्रावधान का भी खंडन करता है। इसलिए हम इसका विरोध करते हैं। कांग्रेस के शशि थरूर ने कहा कि आधार केवल आवास के अनुपात के रूप में स्वीकार किया जा सकता है, नागरिकता के अनुपात के रूप में नहीं। इसे वोटर लिस्ट से जोड़ना गलत है, हम इसका विरोध करते हैं।

इन टॉपिक्स पर और पढ़ें:


ये भी पढ़ें