गुजरातः काटकोई गाँव में कोविड केयर सेंटर बनने से लोग संक्रमित होने से बच सके, जानें कैसे

काटकोई गाँव का कोविड केयर सेंटर

"मेरा गाँव कोरोना मुक्त गाँव" अभियान के माध्यम से जो उपचार शहर में किया जाता था, वह अब कोविड केयर सेंटर के माध्यम से हमें मुफ्त उपलब्ध है

"मेरा गांव कोरोना मुक्त गांव" के राज्यव्यापी अभियान के तहत नर्मदा जिला कलेक्टर  डीए शाह के नेतृत्व में कोरोना वैक्सीन, आरटीपीआर - एंटीजन 1 मई से 15 मई, 2021 तक पूरे गुजरात में चलाया जा रहा है।  ग्रामीण स्तर पर सामान्य लक्षणों वाले रोगियों को समय पर उपचार प्रदान करने के उद्देश्य से नर्मदा जिले के 671 प्राथमिक विद्यालयों में ​​कोविड केंद्र स्थापित कर कुल 3192 बेड की सुविधा व्यवस्था की गई है।  कोविड केयर सेंटर में गद्दा,  तकिया, चादरें, कंबल, पीने के पानी की सुविधा के अलावाअन्य उपयोगों के लिए पानी, मास्क, सैनिटाइजर दवा किट, सफाई की सुविधा और सफाई और स्नान के लिए अलग सुविधाएं हैं।
 तिलकवाड़ा तालुका में सावली गाँव के हेडमास्टर हितेन्द्रभाई वल्लभभाई बारिया ने कहा कि पूरे गुजरात में "मारू गाम कोरोना मुक्त गाम" अभियान के तहत 3 मई को हमने अपने सावली प्राइमरी स्कूल में कोविड केयर सेंटर शुरू किया है। जिसमें कोरोना के सकारात्मक रोगियों के साथ-साथ सामान्य लक्षणों वाले रोगियों को होम आइशोलेट कर उपचार किया जाता है। मरीजों के लिए भोजन भी उपलब्ध कराया गया है। उन्होंने कहा कि कोविड केयर सेंटर में मास्क और सैनिटाइजर सहित सभी प्रकार की सुविधाएं उपलब्ध कराई गई हैं।
 तिलकवाड़ा तालुका के सावली गांव के निवासी और सावली गांव के कोविड केयर सेंटर में इलाज करवा रहे  सचिनभाई गोपालभाई सोलंकी ने कहा, मुझे बुखार, शरीर दर्द होने से मैं अगर प्राथमिक आरोग्य केन्द्र  में कोविड-19 की आरटीपीसीआर रिपोर्ट कराया था।  जब मेरी रिपोर्ट सकारात्मक आई, तो मैंने अपने गांव के कोविड केयर केंद्र में रहने और होम आइसोलेट रहने का फैसला किया। सभी प्रकार की सुविधाएँ यहाँ उपलब्ध हैं। सुबह और शाम दोनों समय स्वास्थ्य विभाग  द्वारा जाँच की जाती है। नोवल कोरोना की महामारी को देखते हुए, सरकार ने "मेरा गाँव कोरोना मुक्त गाँव" अभियान के माध्यम से गाँव स्तर पर कोविड केयर सेंटर की एक सुंदर व्यवस्था की है। जो इलाज शहर में हुआ करता था, वह अब हमारे गाँव में कोविड केयर सेंटर के माध्यम से मुफ्त में उपलब्ध है।
 तिलकवाड़ा के काटकोई गाँव की निवासी श्रीमती शारदाबेन दीपाभाई और काटकोई गाँव के प्राथमिक विद्यालय के कोविड केयर सेंटर में इलाज के दौरान उन्होंने कहा कि मैं काटकोई गाँव में आशावर्कर  के रूप में अपना कर्तव्य निभा रही हूँ। 4 मई को मैं और मेरे पति दोनों कोरोना पॉजीटिव आया था। जिससे हम गांव के कोविड केयर सेन्टर में ्ाइशोलेट होकर उपचार ले रहे हैं। । शायद अगर हमारे गाँव में कोविड केयर सेंटर नहीं होता, तो हमें पैसा खर्च करके दूसरे अस्पताल जाना पड़ता और शायद यह अच्छा नहीं होता। गाँव में ही एक कोविड केंद्र बनकर, हम गाँव के अन्य लोगों और परिवार को संक्रमित होने से बचाने में सक्षम हैं। इसी तरह, कंठरपुरा गाँव को  कोरोना सकारात्मक मरीज बृजेशभाई दिनेशभाई बारिया ने कहा, "हम अपने गाँव में कोविड केयर सेंटर में आइसोलेट हो गये हैं। स्वास्थ्य विभाग  द्वारा हमारा जांच किया जा रहा है और आवश्यक दवाएँ भी दी जा रही हैं।"

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