कारोबार : टाटा की ये कंपनी देगी ट्विटर जैसी कंपनियों से निकाले हए लोगों को नौकरी

तकनीकी कंपनियों में बड़े पैमाने पर छंटनी से प्रभावित लोगों के लिए एक नया जॉब पोर्टल लॉन्च किया जा रहा

सोशल मीडिया के दिग्गज प्लेटफॉर्म ट्विटर जैसी कंपनियों पर छंटनी का दौर चल रहा है। वहीं टाटा मोटर्स की लग्जरी और स्पोर्ट्स कार बनाने वाली कंपनी जगुआर लैंड रोवर यानी जेएलआर ने शुक्रवार को हायरिंग की घोषणा की है। जगुआर लैंड रोवर ने घोषणा की है कि वह डिजिटल और इंजीनियरिंग में दुनिया भर में 800 से अधिक लोगों को नियुक्त करेगी। हायरिंग यूके, आयरलैंड, यूएसए, भारत, चीन और हंगरी में होगी। कंपनी डिजिटल प्रौद्योगिकी उद्योग के विशेषज्ञों को काम पर रखेगी क्योंकि यह एक डिजिटल फर्स्ट और डेटा संचालित संगठन बन गया है।

जेएलआर ने जारी की एक प्रेस विज्ञप्ति 


जेएलआर द्वारा जारी एक प्रेस विज्ञप्ति में कंपनी ने कहा, तकनीकी कंपनियों में बड़े पैमाने पर छंटनी से प्रभावित लोगों के लिए एक नया जॉब पोर्टल लॉन्च किया जा रहा है। बड़ी टेक्निकल कंपनियों से ड्राप आउट हो चुके लोगों को यह अपने लिए अच्छे मौके चुनने के कई विकल्प देगा। इसमें हाइब्रिड वर्किंग पैटर्न होगा, यानी ऑफिस से काम करने और दूसरी जगहों से काम करने का कंबाइंड ऑप्शन होगा। दिग्गज तकनीकी कंपनियां ट्विटर और माइक्रोसॉफ्ट पहले ही छंटनी की घोषणा कर चुकी हैं और अमेजन पर भी कर्मचारियों के ऊपर तलवार लटक रही है।

कंपनी अपने डेटा और डिजिटल स्किल्स को मजबूत कर रही


कंपनी द्वारा जारी एक प्रेस विज्ञप्ति के अनुसार, जगुआर लैंड रोवर ने स्वायत्त ड्राइविंग, कृत्रिम बुद्धिमत्ता, विद्युतीकरण, क्लाउड सॉफ्टवेयर, डेटा साइंस, मशीन लर्निंग और अन्य से संबंधित कौशल के लिए रिक्तियां जारी की हैं। जेएलआर के मुख्य सूचना अधिकारी एंथोनी बैटल के मुताबिक, कंपनी अपने डेटा और डिजिटल स्किल्स को मजबूत कर रही है ताकि वह 2025 तक इलेक्ट्रॉनिक फर्स्ट बिजनेस बन सके और 2030 तक कार्बन नेट जीरो के अपने लक्ष्य को हासिल कर सके। उसके लिए कंपनी को अत्यधिक कुशल डिजिटल विशेषज्ञों की आवश्यकता होगी।

कर्मचारियों को अल्टीमेटम दे रहे हैं एलोन मस्क


रिपोर्ट के मुताबिक, ट्विटर के प्रमुख एलोन मस्क अपने कर्मचारियों को अल्टीमेटम दे रहे हैं या कह रहे हैं कि कंपनी के लिए कड़ी मेहनत करें या नौकरी से निकाले जाने का सामना करें। इस उथल-पुथल के कारण तकनीकी विभाग के कुछ लोगों ने बिक्री, साझेदारी जैसे विभागों की उम्मीद में कंपनी छोड़ने का फैसला किया है।

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