अहमदाबाद : आधुनिक तकनीक के उपयोग से किसानों की आय दोगुनी करने की दिशा में गुजरात का अहम कदम : मुख्यमंत्री भुपेन्द्र पटेल

मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल ने शुक्रवार को गांधीनगर जिले के इसनपुर मोटा गांव से ड्रोन तकनीक के जरिए खेतों में नैनो यूरिया के छिड़काव का शुभारंभ किया

मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल ने दुनिया में पहली बार ड्रोन तकनीक के जरिए खेतों में नैनो यूरिया के छिड़काव का किया शुभारंभ

दुनिया में पहली बार गुजरात के गांधीनगर जिले के इसनपुर मोटा गांव से ड्रोन तकनीक के जरिए खेतों में नैनो यूरिया के छिड़काव का शुभारंभ हुआ है। मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल ने शुक्रवार को ड्रोन में नैनो यूरिया भरने के बाद ड्रोन को ऑपरेट कर राज्य सरकार की इस ऐतिहासिक पहल की शुरुआत की। उन्होंने इस अवसर पर कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी किसानों की आय दोगुनी करने के लिए निरंतर प्रयासरत हैं।  मुख्यमंत्री भुपेन्द्र पटेल ने कहा कि खेती की लागत को कम करने और उत्पादकता को बढ़ाने के प्रयास किए जा रहे हैं, तब हमने गुजरात में आधुनिक तकनीक के उपयोग से इस दिशा में महत्वपूर्ण कदम बढ़ाया है।
मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल ने ड्रोन को ‘कृषि विमान-किसान का विमान’ की संज्ञा देते हुए ड्रोन तकनीक के जरिए खेतों में नैनो यूरिया के छिड़काव की सौ फीसदी राज्य प्रायोजित योजना का शुभारंभ करते हुए कहा कि पूरा देश आजादी का अमृत महोत्सव मना रहा है। ऐसे में वर्तमान समय में अब किसी को देश के लिए मर-मिटने की जरूरत नहीं है, अब हर किसी को इस तरह जीवन जीने की आवश्यकता है, जिससे देश का गौरव बढ़े। हमें इस तरह जीना है, जिससे प्राकृतिक संपदा का जतन और संवर्धन हो। उन्होंने  कहा कि नैनो यूरिया के उपयोग से रासायनिक खाद के आयात पर खर्च होने वाली विदेशी मुद्रा की बचत होगी और सब्सिडी का खर्च भी घटेगा।  इतना ही नहीं, ड्रोन के मार्फत नैनो यूरिया के छिड़काव से पानी की भी बचत होगी। इस तरह छोटी-छोटी बातों का ध्यान रखने से हम देश की बड़ी सेवा कर सकेंगे।
उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में भारत प्रगति कर रहा है और गुजरात इसका ग्रोथ इंजन बना है। कोरोना काल में बड़े-बड़े देशों ने भी अपनी जनता को उनके हाल पर छोड़ दिया था, तब प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने ‘सबका साथ, सबका विश्वास, सबका प्रयास और सबका विश्वास’ से भारत को कोरोना संकट से सकुशल उबारा है। इतना ही नहीं, उन्होंने सभी को मुफ्त वैक्सीन प्रदान कर ऐतिहासिक कार्य किया है। व्यापार-रोजगार की कठिनाइयों को ध्यान में रखकर जरूररतमंदों को निःशुल्क राशन दिया है। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी का यह प्रयास रहा है कि ऐसे संकट काल में भी कोई परेशान न हो। मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल ने देश और दुनिया में ड्रोन तकनीक के जरिए सबसे पहले गुजरात के खेतों में नैनो यूरिया के छिड़काव के लिए किसानों को बधाई  दी। उन्होंने उपस्थित सभी लोगों से 13 से 15 अगस्त के दौरान ‘हर घर तिरंगा’ अभियान में शामिल होकर अपने-अपने घरों, कार्यालयों या व्यावसायिक स्थलों पर राष्ट्रध्वज फहराने की अपील की।
विश्व में सर्वप्रथम इफको ने की नैनो यूरिया की शोध : दिलीपभाई संघाणी
भारतीय किसान उर्वरक सहकारी लिमिटेड (इफको) के अध्यक्ष  दिलीपभाई संघाणी ने विश्व में सर्वप्रथम ड्रोन से नैनो यूरिया के छिड़काव की शुरुआत पर खुशी व्यक्त करते हुए कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने किसानों की समृद्धि, सुरक्षा और आर्थिक उन्नति का स्वप्न देखा है, जिसे सफल बनाने के लिए राज्य के मुख्यमंत्री भूपेंद्र  पटेल पूरी दृढ़ता के साथ आगे बढ़ रहे हैं। उन्होंने कहा कि इफको ने विश्व में सर्वप्रथम नैनो यूरिया की शोध की है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री ने धरती और वायु की सेहत के साथ ही सभी नागरिकों के स्वास्थ्य की सुरक्षा के लिए यूरिया के इस्तेमाल को कम करने का अनुरोध किया था। इफको के संशोधकों ने नवीन प्रयोग शुरू कर नैनो यूरिया को विकसित किया है।
श्री संघाणी ने कहा कि इफ्को ने ‘सहकार से समृद्धि’ सूत्र को सार्थक करने का संकल्प किया है। किसानों की संस्था इफको ने 20 फीसदी लाभांश दिया है। इसके अलावा, गुजकोमासोल जैसी अनेक किसान संस्थाएं किसानों को बेहतर लाभांश दे रही हैं। किसान नैनो यूरिया के छिड़काव का काम ड्रोन के जरिए तेजी से कर सकेंगे। किसानों ने इस तकनीक के माध्यम से कृषि क्षेत्र में नई क्रांति की दिशा में कदम बढ़ाए हैं।
कृषि क्षेत्र में ड्रोन तकनीक के उपयोग को बढ़ावा देने के लिए राज्य सरकार ने बजट में 35 करोड़ रुपए का प्रावधान किया है : एस.जे. सोलंकी
खेती निदेशक एसजे सोलंकी ने स्वागत भाषण में कहा कि कृषि क्षेत्र में अद्यतन ड्रोन तकनीक के उपयोग को बढ़ावा देने के लिए राज्य सरकार ने बजट में 35 करोड़ रुपए का प्रावधान किया है। इससे 1.40 लाख एकड़ भूमि में एटसोर्स और आई-खेड़ूत पोर्टल पद्धति के माध्यम से कार्य किया जाएगा। गांवों के क्लस्टर बनाकर संबंधित जिला खेतीबाड़ी अधिकारी किसानों के नाम की सूची तैयार करेंगे। इफको उनके खेतों में ड्रोन के जरिए नैनो यूरिया का छिड़काव कर एवेल्यूशन रिपोर्ट तैयार करेगी। इस कार्य को सुचारु रूप से करने के लिए इफको द्वारा राज्य में 35 ड्रोन लाए गए हैं। फील्ड स्टाफ को प्रशिक्षित भी किया गया है। उन्होंने कहा कि आई-खेड़ूत पोर्टल पद्धति के मार्फत से 23 करोड़ रुपए का खर्च होगा। 92 हजार एकड़ भूमि में नैनो यूरिया का छिड़काव किया जाएगा। व्यक्तिगत किसानों को इस पोर्टल पर ऑनलाइन आवेदन करना होगा। मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल ने इसनपुर मोटा गांव के महेशभाई आर. पटेल के खेत में ड्रोन से नैनो यूरिया के छिड़काव कार्य के प्रदर्शन को देखा और इस पूरे कार्य की विस्तृत जानकारी भी हासिल की।
इस अवसर पर गांधीनगर जिला पंचायत अध्यक्ष दिलीपभाई पटेल, गांधीनगर दक्षिण के विधायक शंभुजी ठाकोर, जिला भाजपा अध्यक्ष अनिलभाई पटेल, गांव की सरपंच श्रीमती मीनाबेन ठाकोर, कृषि, किसान कल्याण और सहकारिता विभाग के सचिव के.एम. भीमजियाणी, जिला कलक्टर डॉ. कुलदीप आर्य, जिला विकास अधिकारी सुरभि गौतम सहित गांव के किसान बड़ी संख्या में उपस्थित रहे।

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