कांग्रेस ने हमेशा देश की सुरक्षा को खतरे में डाला, असम डर और असुरक्षा में जीता रहा: प्रधानमंत्री
गुवाहाटी, 14 फरवरी (वेब वार्ता)। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने शनिवार को कांग्रेस पर तीखा हमला बोला और कहा कि कांग्रेस ने हमेशा देश की सुरक्षा को खतरे में डाला तथा उसके शासनकाल में असम और पूरा पूर्वोत्तर डर और असुरक्षा के माहौल में जीने को मजबूर रहा।
उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (राजग) के नेतृत्व वाली भाजपा सरकार ने पूर्वोत्तर को प्राथमिकता देते हुए यहां शांति, विकास और सशक्तीकरण की नई इबारत लिखी है।
प्रधानमंत्री ने गुवाहाटी में आयोजित भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) की ‘बूथ विजय संकल्प सभा’ को संबोधित करते हुए कहा कि आज ही पुलवामा हमले की बरसी है और वह मां भारती के उन वीर सपूतों को श्रद्धांजलि अर्पित करते हैं जिन्होंने देश की रक्षा में अपने प्राण न्योछावर कर दिए।
इस आतंकी हमले के बाद भारत ने जिस प्रकार आतंकियों को सजा दी, उसे पूरी दुनिया ने देखा। उन्होंने सवाल उठाया कि क्या कांग्रेस में कभी देशहित में ऐसे साहसिक फैसले लेने की क्षमता थी।
उनका आरोप था कि कांग्रेस ने कभी राष्ट्रीय सुरक्षा को प्राथमिकता नहीं दी और उसकी नीतियों के कारण पूर्वोत्तर लंबे समय तक हिंसा और अस्थिरता से जूझता रहा।
प्रधानमंत्री ने कहा कि भाजपा सरकार के प्रयासों से आज असम में शांति स्थापित हो रही है। एक समय था जब असम बम धमाकों और हिंसा की घटनाओं से दहलता था और हर साल बड़ी संख्या में लोग हिंसा के शिकार होते थे लेकिन अब स्थिति बदल रही है।
बोडो, कार्बी, आदिवासी, डीएनएलए और उल्फा जैसे संगठनों से जुड़े लोगों ने हथियार छोड़कर संविधान के रास्ते पर चलने का निर्णय लिया है। यह परिवर्तन केंद्र और राज्य सरकार के समन्वित प्रयासों का परिणाम है।
प्रधानमंत्री ने कहा कि कांग्रेस ने पूर्वोत्तर को केवल वोट बैंक की राजनीति के नजरिए से देखा और विकास की उपेक्षा की। उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस शासन में असम को टैक्स हिस्सेदारी के रूप में मात्र 10 हजार करोड़ रुपये मिलते थे, जबकि आज भाजपा सरकार में यह राशि पांच गुना बढ़ गई है।
पिछले 11 वर्षों में केंद्र सरकार ने असम को विकास परियोजनाओं के लिए 5.50 लाख करोड़ रुपये से अधिक प्रदान किए हैं। इस वर्ष के बजट में भी असम को लगभग 50 हजार करोड़ रुपये टैक्स हिस्सेदारी के रूप में मिलने का प्रावधान है।
उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार पूर्वोत्तर को ‘अष्टलक्ष्मी’ मानती है और इसे आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बनाने के लिए प्रतिबद्ध है। इस वर्ष के केंद्रीय बजट में पूर्वोत्तर की कनेक्टिविटी को मजबूत करने पर विशेष जोर दिया गया है।
असम में राष्ट्रीय राजमार्गों और अन्य सड़क परियोजनाओं के लिए हजारों करोड़ रुपये की स्वीकृति दी गई है। बेहतर कनेक्टिविटी से रोजगार के अवसर बढ़ेंगे और पर्यटन को भी बढ़ावा मिलेगा।
प्रधानमंत्री ने कहा कि असम में ऐसे आधुनिक हाई-वे बन रहे हैं जिन पर आवश्यकता पड़ने पर विमान भी उतर सकते हैं। उन्होंने मोरान में विकसित की जा रही आपातकालीन लैंडिंग सुविधा का उल्लेख करते हुए कहा कि यह देश की सुरक्षा को और मजबूत करेगी।
ब्रह्मपुत्र नदी में रिवर टूरिज्म की संभावनाओं का जिक्र करते हुए उन्होंने कहा कि आने वाले समय में इसे और विस्तार दिया जाएगा, जिससे स्थानीय अर्थव्यवस्था को गति मिलेगी।
प्रधानमंत्री ने कहा कि भाजपा की सफलता का श्रेय पार्टी कार्यकर्ताओं को जाता है। उन्होंने स्वयं को भाजपा का एक साधारण कार्यकर्ता बताते हुए कहा कि उनके जीवन का सबसे बड़ा सम्मान यही है कि वह पार्टी के कार्यकर्ता हैं।
उन्होंने बूथ स्तर के कार्यकर्ताओं से आह्वान किया कि वे प्रत्येक बूथ पर विजय सुनिश्चित करें और हर मतदाता तक पहुंचें। उन्होंने कहा कि यदि बूथ जीता, तो चुनाव भी जीता जाएगा।
उन्होंने कांग्रेस पर तकनीकी विकास में भी पूर्वोत्तर की उपेक्षा का आरोप लगाया। उनका कहना था कि 3जी और 4जी तकनीक के दौर में कांग्रेस ने असम और पूर्वोत्तर तक डिजिटल कनेक्टिविटी पहुंचाने में पर्याप्त प्रयास नहीं किए, जबकि भाजपा सरकार ने 5जी तकनीक को तेजी से गांव-गांव तक पहुंचाने का काम किया है। इससे गुवाहाटी सहित पूरे क्षेत्र के युवाओं को हाई-स्पीड इंटरनेट की सुविधा मिल रही है।
प्रधानमंत्री ने कहा कि भाजपा सरकार ने असम में गरीबों के लिए आवास, शौचालय और स्वच्छ पेयजल जैसी बुनियादी सुविधाएं सुनिश्चित की हैं। लाखों परिवारों को सरकारी योजनाओं का लाभ मिला है। इन उपलब्धियों का श्रेय जमीनी स्तर पर काम करने वाले कार्यकर्ताओं को जाता है।
प्रधानमंत्री ने कांग्रेस पर देश को विभाजित करने वाली ताकतों के प्रति नरम रुख अपनाने का आरोप लगाते हुए कहा कि आज की कांग्रेस हर उस विचार का समर्थन करती है जो देश को कमजोर करता है।
उन्होंने लोगों से कांग्रेस से सावधान रहने और असम के विकास के लिए भाजपा-राजग सरकार का समर्थन जारी रखने की अपील की।
सभा में बड़ी संख्या में भाजपा कार्यकर्ता उपस्थित थे। प्रधानमंत्री ने विश्वास व्यक्त किया कि असम और पूर्वोत्तर का सामर्थ्य विकसित भारत की मजबूत नींव बनेगा और क्षेत्र देश की प्रगति में अग्रणी भूमिका निभाएगा।
