सूरत : स्पेशल रोल ऑब्ज़र्वर ऐश्वर्या सिंह ने सूरत में वोटर लिस्ट इंटेंसिव इम्प्रूवमेंट प्रोग्राम की प्रगति की समीक्षा की
वीडियो कॉन्फ्रेंस के ज़रिए नर्मदा, तापी और वलसाड ज़िलों के कलेक्टरों के साथ भी किया SIR कार्यों का रिव्यू
राज्य में चल रहे स्पेशल इंटेंसिव इम्प्रूवमेंट ऑफ़ वोटर लिस्ट (SIR) प्रोग्राम के तहत भारत निर्वाचन आयोग द्वारा नियुक्त स्पेशल रोल ऑब्ज़र्वर सुश्री ऐश्वर्या सिंह (IAS), संयुक्त सचिव, जल शक्ति मंत्रालय, भारत सरकार एवं प्रबंध निदेशक, स्वच्छ भारत मिशन (ग्रामीण) ने सूरत ज़िले में चल रहे कार्यों की विस्तृत समीक्षा की। इसके साथ ही उन्होंने वीडियो कॉन्फ्रेंस के माध्यम से नर्मदा, तापी और वलसाड ज़िलों के कलेक्टरों के साथ भी SIR कार्यक्रम की प्रगति का रिव्यू किया।
सूरत डिस्ट्रिक्ट कलेक्टर कार्यालय के मीटिंग हॉल में आयोजित समीक्षा बैठक में ज़िला निर्वाचन अधिकारी एवं ज़िला कलेक्टर डॉ. सौरभ पारघी ने पावर पॉइंट प्रेज़ेंटेशन के ज़रिए सूरत ज़िले में वोटर लिस्ट के स्पेशल इंटेंसिव रिवीजन प्रोग्राम के अंतर्गत किए जा रहे कार्यों की विस्तार से जानकारी दी।
डिस्ट्रिक्ट इलेक्शन ऑफिसर ने बताया कि आदिवासी समुदाय, माइग्रेंट वर्कर, इंडस्ट्रियल एस्टेट क्षेत्रों में रहने वाले श्रमिक, तोड़फोड़ के कारण विस्थापित मतदाता तथा ज़िले के प्रत्येक मतदाता तक बूथ लेवल ऑफिसर (BLO) के माध्यम से इंटेंसिव रिवीजन कैंपेन की जानकारी पहुंचाई गई है। इसके अंतर्गत एन्यूमरेशन फॉर्म का वितरण, फॉर्म की वापसी, नोटिस जारी करने और प्रतिदिन मतदाताओं की सुनवाई की प्रक्रिया के बारे में भी जानकारी दी गई।
स्पेशल रोल ऑब्ज़र्वर सुश्री ऐश्वर्या सिंह ने कार्य के दौरान सामने आने वाली चुनौतियों और समस्याओं पर अधिकारियों से विस्तार से चर्चा की और उन्हें भारत निर्वाचन आयोग तथा गुजरात राज्य के मुख्य निर्वाचन अधिकारी द्वारा जारी दिशा-निर्देशों का पालन करते हुए समय-सीमा में कार्य पूर्ण करने के निर्देश दिए।
उन्होंने NO मैपिंग तथा नाम और उम्र में अंतर वाली श्रेणी के मतदाताओं द्वारा प्रस्तुत दस्तावेज़ों और उनके सत्यापन की प्रक्रिया के बारे में भी मार्गदर्शन दिया। इसके अलावा, ASD (एब्सेंट, माइग्रेशन, डेथ) सूची एवं नो मैपिंग कैटेगरी के मतदाताओं को नोटिस जारी करने के बाद सुनवाई के दौरान उत्पन्न होने वाली समस्याओं के समाधान के लिए निर्वाचन आयोग की गाइडलाइंस के अनुसार कार्य करने की सलाह दी।
रोल ऑब्ज़र्वर ने क्लेम और ऑब्जेक्शन दाखिल करने की वर्तमान स्थिति और अन्य संबंधित मामलों को लेकर राजनीतिक दलों के साथ की गई बैठकों की भी समीक्षा की। इस अवसर पर सूरत म्युनिसिपल कमिश्नर सुश्री शालिनी अग्रवाल और डिप्टी म्युनिसिपल कमिश्नर सुश्री निधि सिवाच ने भी अपने महत्वपूर्ण सुझाव प्रस्तुत किए।
