पाकिस्तान की अपेक्षा भारत अमेरिका का बड़ा रणनीतिक साझेदार


न्यूयॉर्वâ। भारत के साथ अमेरिका का पाकिस्तान की तुलना में बड़ा वैश्विक एजेंडा है और वािंशगटन उसके साथ संबंधों को दक्षिण एशियाई पड़ोसियों को देखने वाले चश्मे को छोड़कर एक अलग चश्मे से देख रहा है। यह बात अमेरिकी विदेश मंत्री ऐश कार्टर ने कही। कार्टर ने कहा, ‘आज हमें पाकिस्तान की तुलना में भारत के साथ अधिक काम करने हैं।’ उन्होंने कहा, ‘जहां तक पाकिस्तान का सवाल है, उसके साथ हमारे महत्वपूर्ण व्यापार हैं, लेकिन भारत के साथ हमारा एक संपूर्ण वैश्विक एजेंडा है, ऐसा एजेंडा जिसमें सभी तरह के मुद्दे शामिल हैं।’
कार्टर विदेश संबंध परिषद में एक व्याख्यान के दौरान श्रोताओं की ओर से पूछे गए एक सवाल का जवाब दे रहे थे। व्याख्यान का विषय था कि भारत के विकसित होते अमेरिका के संबंध पाकिस्तान के साथ वािंशगटन के संबंधों पर कितना असर डालेंगे। अपनी भारत यात्रा की पूर्व संध्या पर कार्टर ने अपने इस संबोधन में कहा कि अमेरिका २१वीं सदी में भारत को अहम साझेदार बनाने की दृाqष्ट से उसके साथ संबंध प्रगाढ़ कर रहा है। उन्होंने कहा कि भारत के साथ रोमांचक नई परियोजनाएं होंगी और एक रणनीतिक आदान-प्रदान, जिसमें सैन्य सहयोग और रक्षा सह-उत्पादन की बात शामिल होगी।
कार्टर ने कहा, ‘वे दिन लद गए, जब हम भारत और पाकिस्तान को सिक्के के दो पहलू मानते थे।’उन्होंने कहा, ‘मैं जानता हूं कि भारत और पाकिस्तान में ऐसे कुछ लोग हैं, जो इस विचारधारा के पक्षधर हैं, लेकिन अमेरिका ने इस सोच को कुछ दिनों पहले ही पीछे छोड़ दिया है।’
पाकिस्तान को महत्वपूर्ण रक्षा सहयोगी बताते हुए कार्टर ने कहा, ‘अफगानिस्तान से सटी सीमा पर कई बड़े मुद्दे हैं, जहां हमें पाकिस्तान और सीमा पार अफगानिस्तान में आतंकवाद से निपटना है। इसमें अमेरिकी सैन्य सदस्यों को प्रभावित करने वाले मुद्दे भी शामिल हैं।’
उन्होंने कहा, ‘मुझे पूरा भरोसा है कि भारत में भी मुझसे इस बारे में सवाल पूछे जाएंगे।’