अक्षय तृतीया पर पाक में दी गई 14 को फांसी


इस्लामाबाद, (ईएमएस)। १० मार्च को मृत्युदंड पर लगे प्रतिबंध को हटाने के बाद पाकिस्तान के पंजाब एवं बलुचिस्तान प्रांत में अक्षय तृतीया के मौके पर मंगलवार को अलग-अलग जेलों में १४ वैâदियों को फांसी दी गई। जियो न्यूज द्वारा दी जानकारी के मुताबिक, दो वैâदियों को लाहौर वेंâद्रीय कारागार में फांसी दी गई। जबकि सियालकोट जिला कारागार में एक लड़की के यौन उत्पीड़न के मामले में १९९९ में दोषी पाए गए दो वैâदियों को फांसी दी गई। इसी के साथ साहीवाल वेंâद्रीय कारागार में एक वैâदी को फांसी दी गई। पैâसलाबाद वेंâद्रीय कारागार में तीन वैâदियों को फांसी दी गई, जिनमें से दो १९९८ में तीन व्यक्तियों की हत्या के दोषी पाए गए थे, जबकि एक २००४ में सात लोगों की हत्या का दोषी था। गुजरांवाला वेंâद्रीय कारागार में तीन वैâदियों को, मुल्तान वेंâद्रीय कारागार में एक को और मच्छ कारागार में दो को फांसी दी गई।
गौरतलब है कि पाकिस्तान में बीते साल १६ दिसंबर को एक सैन्य स्वूâल में हुए आतंकवादी हमले के बाद शुरुआत में सिर्पâ आतंकवाद से जुड़े मामलों के लिए मृत्युदंड पर से प्रतिबंध हटाया गया था, जिसमें १५० लोगों की जानें गई थीं, लेकिन अब सभी बड़े आपराधिक मामलों के लिए मृत्युदंड पर लगी रोक हटा दी गई है।