जयपुर का एक अस्पताल जहां ईलाज की शुरूआत मरीज की कुंडली देखकर होती है!


(PC : Twitter/@ANI)

मतलब कुछ भी! राजस्थान की राजधानी जयपुर में एक अस्पताल है जहां मरीज की एन्ट्री होते ही उसके ईलाज की शुरूआत कुंडली देखकर की जाती है।

जी हां, जयपुर के इस अस्पताल का नाम है यूनिक संगीता मेमोरियल होस्पीटल। जैसे अस्पताल में डॉक्टर तैनात रहते हैं, वैसे ही यहां पर एक ज्योतिष महोदय की हमेशा ड्युटी लगी रहती है। पंडित ए शर्मा बड़े विश्वास के साथ कहते हैं कि अस्पताल में दिनभर में वे २५-३० कुंडलियां देख लेते हैं। मीडिया से बातचीत में उन्होंने बताया कि उनके इस अस्पताल में मरीज की बीमारी का निदान ज्योतिष शास्त्र की मदद से किया जाता है, लेकिन ईलाज चिकित्सकीय पद्धति से ही होता है। पंडितजी आगे कहते हैं कि ऐसा इसलिये किया जाता है कि मरीज की बीमारी के निदान में गलती न हो और समय बर्बात न हो।

ऐसा नहीं है कि मरीज के कथित ईलाज में मदद करने के लिये ज्योतिष महोदय ही खुश हैं। अस्पताल के डॉक्टर ने भी मीडिया को बताया कि जब कोई मरीज आता है, तो उसे ज्योतिषीय मूल्यांकन और ज्योतिषीय निदान के अधीन किया जाता है। फिर चिकित्सा और ज्योतिषीय निदान की तुलना की जाती है। उपचार उन्नत तकनीक से किया जाता है लेकिन हम निदान के लिए ज्योतिष की मदद लेते हैं। मरींज संतुष्ट हैं।

वैज्ञानिक दृष्टि से देखा जाए तो मरीज की बीमारी के निदान में ज्योतिष की मदद हास्यास्पद लगती है। मरीजों के जीवन के साथ यह एक प्रकार का खिलवाड़ ही कहा जायेगा। प्रशासन को चाहिये कि इस प्रकार के कृत्यों पर लगाम लगाई जाए।