गूगल भारत में लाया एंड्रॉयड ऑटो एप


एंड्रॉयड 5.0, लॉलीपॉप और मार्शमैलो ओएस वाले स्मार्टफोन को करेगा सपोर्ट, 29 देशों में उपलब्ध

गूगल ने एंड्रॉयड ऑटो एप को भारत समेत 18 देशों में लॉन्च किया है। इसे सबसे पहले जून 2014 में सामने लाया गया था। इस इंटीग्रेशन एप के जरिये एंड्रॉयड टैबलेट और स्मार्टफोन को कार के टचस्क्रीन इंफोटेनमेंट सिस्टम से कनेक्ट कर सकते हैं। भारत के अलावा रूस, ब्राजील, ऑस्ट्रिया, कोलंबिया और स्विटज़रलैंड समेत कुछ और देश में भी एंड्रॉयड ऑटो को जारी किया गया है।

कैसे करेगा काम

एंड्रॉयड ऑटो के जरिये एंड्रॉयड स्मार्टफोन के जरूरी फीचर्स को कार के टचस्क्रीन इंफोटेंमेंट सिस्टम पर इस्तेमाल किया जा सकता है। यह मिररलिंक सिस्टम से एकदम अलग है। मिररलिंक, स्मार्टफोन की स्क्रीन को इंफोटेंमेंट सिस्टम पर दिखाता है। एंड्रॉयड ऑटो में आपको इंफोटेंमेंट सिस्टम पर केवल वही एप और नोटिफिकेशन मिलेंगे जिनकी आपको जरूरत है। इनमें गूगल मैप्स, प्ले म्यूजिक एप, मैसेजिंग और कॉन्टेक्ट जैसी एप शामिल हैं। दिलचस्प बात यह है कि एंड्रॉयड ऑटो थर्ड पार्टी एप्स को भी सपोर्ट करेगा।

आपको क्या करना होगा ?

एंड्रॉयड ऑटो एप को प्ले स्टोर से डाउनलोड कर सकते हैं। यह एंड्रॉयड 5.0 और उसके बाद आए लॉलीपॉप और मार्शमैलो वर्जन को सपोर्ट करता है। इसके बाद आपको ऐसे इंफोटेंमेंट सिस्टम की जरुरत होगी जो एंड्रॉयड ऑटो फीचर को सपोर्ट करता हो।

देखें कैसे काम करता है एंड्रॉयड ऑटो

फिलहाल मारूति सुजु़की ने गूगल की प्रतियोगी कंपनी एपल के कारप्ले एप को एस क्रॉस, बलेनो और हाल ही में लॉन्च हुई विटारा ब्रेज़ा में दिया है। माना जा रहा है कि देश में एंड्रॉयड फोन यूजर्स की बड़ी तादाद को देखते हुए जल्द ही मारूति भी एंड्रॉयड ऑटो फीचर लाएगी। महिंद्रा पहली भारतीय कार कंपनी है जिसने पिछले साल एक्सयूवी-500 और स्कॉर्पियो में एंड्रॉयड ऑटो देने की घोषणा की थी। हुंडई की नई एलांट्रा में भी एंड्रॉयड ऑटो और एपल कार-प्ले दोनों ही मिलने की उम्मीद है। अभी कुछ लग्ज़री कारों में भी यह सुविधा दी गई है। जल्द ही हर नई कार में ये दोनों इंटीग्रेशन एप मिलने लगेंगी।

स्रोत : कार देखो.कोम