बंगाल में डॉक्टरों के साथ हुई हिंसा के खिलाफ गुजरात के डॉक्टर भी हड़ताल पर


(Photo Credit : youtube.com)

पश्चिम बंगाल में डॉक्टरों पर हमले के मद्देनजर, देश भर के डॉक्टर और मेडिकल प्रोफेसर 24 घंटे की हड़ताल पर चले गए हैं। भारतीय चिकित्सा परिषद द्वारा आज सुबह 6 बजे से मंगलवार सुबह 6 बजे तक हड़ताल की घोषणा की गई है। इस 24 घंटे की हड़ताल के दौरान केवल आपातकालीन सेवाएं जारी रहेंगी। देश भर के डॉक्टरों ने शांतिपूर्ण प्रदर्शन जारी रखने और किसी भी तरह की हिंसा नहीं करने का ऐलान किया है। डॉक्टर अस्पताल में अपनी सुरक्षा की मांग के लिए यह हड़ताल कर रहे हैं। इसके ल‌िए गुजरात के 28,000 डॉक्टर और मेडिकल प्रोफेसर भी हड़ताल में शामिल हुए। अहमदाबाद के 9,000 डॉक्टर हड़ताल में शामिल हुए। डॉक्टरों की हड़ताल के चलते हजारों मरीजों को मुश्किलों का सामना करना पड़ेगा।

डॉक्टरों की हड़ताल के बाद सूरत सिविल अस्पताल के सभी डॉक्टर भी हड़ताल पर चले गए हैं और न्याय की मांग की है। अहमदाबाद के आश्रम रोड पर स्थित मेडिकल एसोसिएशन के कार्यालय में डॉक्टरों ने एक साथ हड़ताल की। गांधीनगर में, इंडियन मेडिकल एसोसिएशन से जुड़े डॉक्टरों ने अस्पताल, क्लिनिक, नर्सिंग होम को बंद करने का विरोध किया।

सूरत के डॉक्टरों ने मीडिया को बताया, “आज हम सूरत सिविल अस्पताल, स्मिमर अस्पताल में हैं और पूरे भारत के डॉक्टर पश्चिम बंगाल में डॉक्टरों पर शारीरिक हमलों के खिलाफ एक दिवसीय हड़ताल पर हैं। हड़ताल के बावजूद, आपातकालीन सेवाएं उपलब्ध रहेंगी। मरीजों को कोई परेशानी नहीं होगी। लेकिन आज हम सरकार को बताना चाहते हैं कि डॉक्टरों पर बहुत सारे शारीरिक हमले हो रहे हैं, फिर भी डॉक्टरों के लिए कोई कानून नहीं बनाया गया है। इसके लिए, एक केंद्रीय कानून बनाया जाए और सरकार डॉक्टरों को पूरी सुरक्षा प्रदान करे।

गौरतलब है कि कल उपमुख्यमंत्री नितिन पटेल ने डॉक्टरों से हड़ताल नहीं करने का अनुरोध किया था। इसके बावजूद डॉक्टर हड़ताल पर उतर गए हैं।