विश्वकप : टीम इंडिया ने रचा इतिहास, हार के 23 साल पुराने मिथक को तोड़ा


० मैन ऑफ द मैच धवन ने खेली शतकीय पारी
० अश्विन ने ३, मोहित और शमी ने २-२ विकेट लिये
मेलबर्न। मेलबर्न क्रिकेट मैदान पर वर्ष १९९२ के बाद टीम इंडिया ने रविवार को विश्वकप क्रिकेट के अपने दूसरे मैच में दक्षिण अप्रâीका पर १३० रनों की पहली बड़ी जीत के साथ इतिहास रच दिया है। विश्वकप में टीम इंडिया को २३ साल बाद पहली बार दक्षिण अप्रâीका पर दर्ज करने में कामयाबी मिली है। विश्वकप में सबसे मजबूत टीम द.अप्रâीका मानी जाती रही है, ऐसी टीम को धोनी बिगे्रड ने मात देकर साबित कर दिया कि वह भी किसी से कम नहीं है। टीम इंडिया की इस जीत में सलामी बल्लेबाज शिखर धवन और अजिक्य रहाणे की अहम भूमिका रही। मैन ऑफ द मैच धवन ने जहां १३७ रनों की शतकीय पारी जड़कर वहीं रहाणे ने ७९ रनों की आतिशी पारी खेली। धवन दक्षिण अप्रâीका के खिलाफ शतक बनाने वाले दूसरे खिलाड़ी बने हैं। उपकप्तान विराट कोहली ने भी शानदार ४६ रन बनाये। इस मैच में भारत ने बल्लेबाजी, गेंदबाजी और क्षेत्ररक्षण हर क्षेत्र में अप्रâीकी टीम को पछाड़ दिया।
भारत ने टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी करते हुए ५० ओवर में ३०७ रन का बड़ा स्कोर बनाया। द.अप्रâीका को जीत के लिए ३०८ रनों का मुश्किल लक्ष्य मिला। इस लक्ष्य का पीछा करती हुए दक्षिण अप्रâीकी टीम ४०.२ ओवरों में १७७ रनों पर ही सिमट गई। भारतीय गेंदबाजों ने आज अपनी ताकत का अहसास कराते हुए अप्रâीकी टीम को खेलने का कोई मौका नहीं दिया। कप्तान एडम डीविलियर्स और डूफ्लेसिस को छोड़कर कोई भी अप्रâीकी बल्लेबाज भारतीय गेंदबाजों का सामना नहीं कर पाया और इनके आउट होते ही पूरी टीम ताश के पत्तों की तरह ढ़ह गई। जवाबी पारी में खेलने उतरी दक्षिण अप्रâीका की शुरुआत खराब रही। ओपनर डिकॉक मोहम्मद शमी के द्वारा पेंâके जा रहे तीसरे ओवर की तीसरी गेंद पर ७ रन बनाकर आउट हो गए। जिस समय डिकॉक आउट हुए उस समय टीम का स्कोर मात्र १२ रन था। जबकि हाशिम अमला ५ रन बनाकर खेल रहे थे। डिकॉक के आउट होने के बाद अमला का साथ देने आए डूफ्लेसिस। डूफ्लेसिल और अमला ने मिलकर टीम के स्कोर को आगे बढ़ाना शुरू किया। जब टीम का स्कोर ४० रन पहुंचा तभी मोहित शर्मा की गेंद पर अमला आउट हो गए। अमला ने टीम के लिए २२ रन बनाए। अमला के बाद बल्लेबाजी करने आए कप्तान डी विलियर्स ने तेजी से रन जुटाने शुरू किए और टीम का स्कोर १०८ रन पहुंचा दिया। तभी तेजी से रन लेने के प्रयास में डीविलियर्स मोहित शर्मा द्वारा रन आउट हो गए। डी.विलियर्स के बाद पिच पर आए मिलर ने फ्लेसिस के साथ मिलकर टीम को संकट से उबारने की कोशिश की। जब टीम का स्कोर १३३ रन था तभी फ्लेसिस मोहित शर्मा की गेंद पर धवन को वैâच थमा बैठे। फ्लेसिस ने ५५ रन की पारी खेली। दक्षिण अप्रâीका ने ३० ओवर में १४३ रन बनाए। डुमिनी ६ रन बनाकर अश्विन की गेंद पर आउट हो गए। इसके बाद कोई भी बल्लेबाज ज्यादा देर तक टिक नहीं पाया। मिलर ने २२ रन, वर्नोन फिलैंडर शून्य, स्टेन १ रन, मोर्वेâल २ रन और इमरान ताहिर आठ रन बनाकर आउट हुए। जबिक वेन पर्नेल १७ रन पर नॉटआउट लौटे। भारत की ओर से अश्विन ने ३, मोहित शर्मा और शमी ने २-२ विकेट हासिल किए। जबकि जडेजा को १ विकेट मिला।
इससे पहले टीम इंडिया के लिए अपने करियर की सर्वोच्च पारी खेलने वाले धवन ने १४६ गेंदों का सामना कर १६ चौके और २ छक्के जड़े। उपकप्तान विराट कोहली (४६) के साथ उन्होंने दूसरे विकेट के लिए १२७ रन जोड़े और फिर अिंजक्य रहाणे (७९) के साथ तीसरे विकेट के लिए १२५ रनों की साझेदारी की। कोहली ने ६० गेंदों पर तीन चौके लगाए जबकि रहाणे ने ६० गेंदों का सामना कर सात चौके और तीन छक्के जड़े। कप्तान महेंद्र िंसह धोनी ने १८ रन बनाए। रविचंद्रन अश्विन पांच और मोहम्मद समी चार रनों पर नाबाद लौटे। रोहित शर्मा (०), सुरेश रैना (६) और रवींद्र जडेजा (२) नाकाम रहे। द. अप्रâीका की ओर से मोर्ने मोर्वâल ने २ विकेट लिए जबकि डेल स्टेन, इमरान ताहिर और वेन पार्नेल ने एक-एक विकेट लिया। भारत के दो बल्लेबाज रन आउट हुए। आज टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी करने उतरी टीम इंडिया की शुरुआत अच्छी नहीं रही और सलामी बल्लेबाज रोहित शर्मा ने एक बार फिर निराश किया।
भारत की ओर से सबसे अधिक शिखर धवन ने १३७ रनों की पारी खेली। धवन के साथ ही युवा बल्लेबाज अिंजक्य रहाणे ने भी ७९ रनों की तूफानी पारी खेली इसमें उन्होंने सात चौके व तीन छक्के लगाये। वहीं उप कप्तान विराट कोहली ने भी अच्छा प्रदर्शन किया पर वह अधशतक नहीं बना पाये। विराट ४६ रन के स्कोर पर वैâच आउट हो गये।
रोहित शुन्य के स्कोर पर ही पेवेलियन लौट गये। रोहित के आउट होने के बाद विराट मैदान पर आये और उन्होंने धवन के साथ मिलकर टीम को मुश्किल हालातों से निकाला। इन दोनों की शानदार साझेदारी से टीम एक सम्मानजनक स्कोर तक पहुंच गई। विराट बहुत अच्छी तरह से बल्लेबाजी कर रहे थे, पर वह ४६ रन के निजी स्कोर पर अपना वैâच दे बैठे और आउट होकर पवेलियन लौटे। इसके बाद धवन और रहाणे ने मेलबर्न के मैदान पर जमकर आतिशबाजी की।
० लगे सचिन-सचिन के नारे
इस मैच को देखने पहुंचे महान बल्लेबाज सचिन तेंदुलकर सबके आकर्षण का केन्द्र बने हैं। सचिन भारतीय टीम के प्रत्येक शॉट पर ताली बजाकर टीम का हौसला बढ़ा थे। प्रशंसकों ने सचिन-सचिन के नारे भी लगाए। इस मैच में भारी तादाद में मौजूद प्रशंसकों ने टीम इंडिया का हौंसला बढ़ाया।