मोदी पहुंचे कठेरिया के घर, यूपी में होगें सीएम प्रोजेक्ट


लखनऊ । उत्तर प्रदेश में भाजपा की निगाहें मिशन-२०१७ पर टिकी हैं। हर समीकरण को ध्यान में रखकर रणनीति बना रहे है। पार्टी मानव संसाधन विकास राज्यमंत्री रामशंकर कठेरिया को दलित चेहरे के रूप में प्रोजेक्ट करना चाहती है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के शनिवार को उनके घर आने से इस तरह के संकेतों को बल भी मिला है। उन्होंने १७ मिनट में ही इशारों ही इशारों में नई पारी खुलकर खेलने के संकेत दिए है। जब पहली बार कठेरिया सांसद बने तो पार्टी ने उन्हें किसी पद की जिम्मेदारी नहीं, लेकिन दूसरी बार जब वे चुनाव जीतकर लोकसभा पहुंचे पार्टी नेतृत्व ने उन्हें हाथों हाथ लिया। इसके पीछे पार्टी की मंशा साफ थी कि प्रदेश में किसी दलित चेहरे को आगे किया जाए। उसमें भी यदि पाqश्चमी उत्तर प्रदेश से हो तो काफी अच्छा रहेगा। इसी सोच के चलते पार्टी ने उन्हें अनुभव हासिल करने के लिए मानव संसाधन मंत्री बनाने के साथ-साथ पंजाब और छत्तीसगढ़ के प्रभारी की भी जिम्मेदारी सौंपी।
अब प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जब सपा मुखिया मुलायम िंसह के पौत्र की लगुन में शामिल होने के लिए आगरा होते हुए सैफई जा रहे थे तो उन्होंने अचानक अपने कार्यक्रम में बदलाव कर दिया। उन्होंने कठेरिया की भतीजी की शादी से एक दिन पहले उन्हें आशीर्वाद देने के लिए कार्यक्रम फाइनल कर दिया। मोदी १७ मिनट तक कठेरिया के खंदारी ाqस्थत आवास पर रुके। सबके हालचाल लिए। बच्चों से खूब बातचीत की। उन्होंने कठेरिया से बातचीत के दौरान दिल्ली आने पर मिलने की भी बात कह डाली। इस बात को स्वयं कठेरिया ने स्वीकार भी किया। यानी संकेत साफ हैं कि मिशन २०१७ का यूपी में सीएम पद के चेहरा कठेरिया ही हो सकते हैं। राजनीतिक पंडितों का भी कहना है कि चार महीने पहले भी संघ के युवा संकल्प महाशिविर में संघ प्रमुख मोहन भागवत कठेरिया के घर गए थे तभी इस बात को तय माना जा रहा था कि उन्हें संघ का आशीर्वाद प्राप्त है। उसके बाद ही उन्हें वेंâद्र में मंत्री बनाया था।