मुलायम सिंह यादव ने जताया अफसोस


समाजवादी पार्टी सुप्रीमो मुलायम सिंह यादव ने कारसेवकों पर गोली चलाए जाने की घटना पर 25 साल बाद अफसोस जताया है। रविवार को कर्पूरी ठाकुर की पुण्‍यतिथि पर लखनऊ में आयोजित एक कार्यक्रम के दौरान पार्टी कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए मुलायम सिंह यादव ने यह बात कही। कारसेवकों पर गोली चलाए जाने की घटना 1990 में हुई थीं और उस वक्‍त मुलायम उत्‍तर प्रदेश के मुख्‍यमंत्री थे। कारसेवकों पर गोली चलाने का ऑर्डर देने के बाद मुलायम सिंह यादव को लोग ‘मुल्‍ला मुलायम’ भी कहने लगे थे।

मुलायम ने कहा, ‘1991 में अयोध्या में गोली चलने के कारण मैंने नैतिकता के नाते मुख्यमंत्री पद से इस्तीफा दे दिया था।’ हालांकि, सपा सुप्रीमो ने यह भी कहा कि धार्मिक स्‍थल को बचाने के लिए गोली चलवाना जरूरी था। अफसोस है कि इसमें लोगों की जान गई।’ सपा सुप्रीमो ने कहा, ‘उस समय विपक्ष के नेता अटल बिहारी वाजपेयी ने संसद में यह मुद्दा उठाया था, जिसके बाद जवाब में मैंने कहा था कि गोली चलवाना आवश्‍यक था।’ सपा सुप्रीमो मुलायम सिंह यादव ने कहा कि युवाओं को बिहार के पूर्व मुख्यमंत्री कर्पूरी ठाकुर से सीखना चाहिए कि बाधाएं कितनी भी आएं, वे बड़े नेता बन सकते हैं। उन्होंने कहा, ‘कर्पूरी ठाकुर के बारे में नौजवान जान जाएं तो कितनी भी बाधाएं क्यों न हों, वे बड़े नेता बन सकते हैं। उनमें बहुत सादगी थी। वे गांव में सबसे गरीब आदमी के घर खाना खाते थे, उसी के यहां रुकते थे।