मालेगांव ब्लास्ट : साध्वी प्रज्ञा को क्लीन चिट


नई दिल्‍ली। 2008 में मालेगांव में हुए बम धमाकों में आरोपी बनाई गई साध्‍वी प्रज्ञा को क्लीन चिट देने और मकोका केस हटाने की तैयारी की गई है। एनआईए ने मुंबई कोर्ट में शुक्रवार को पेश किए जाने वाले आरोप पत्र में साध्वी का आरोपी के तौर पर नाम न देने का निर्णय लिया है। इससे साध्वी के जेल से रिहा होने के रास्ते खुल जाएंगे।

एक अंग्रेजी समाचार पत्र में छपी खबर के अनुसार, आरोप पत्र में संभवतः महाराष्ट्र एटीएस के पूर्व प्रमुख हेमंत करकरे की जांच में खामियां बताई गई हैं। साथ ही यह भी कहा गया है कि दूसरे मुख्य आरोपी कर्नल प्रसाद पुरोहित के खिलाफ जो तथ्य पेश किए गए वे मनगढंत थे। इसके अलावा गवाहों के बयान दबाव में लिए गए थे।

संभवतः आरोप पत्र में बताया गया है कि पुरोहित की गिरफ्तारी के समय एटीएस ने देवलाली आर्मी कैंप में कर्नल के क्वार्टर में विस्फोटक रखा था। एक एनआईए अधिकारी ने बताया कि उनके पास इस बात के प्रमाण हैं कि एटीएस ने ही आरडीएक्स उनके क्‍वार्टर में रखा था।

एनआईए ने पुरोहित के खिलाफ मकोका (महाराष्ट्र संगठित अपराध नियंत्रण कानून) हटाने का फैसला किया है। अब उनके खिलाफ गैरकानूनी गतिविधियों के रोकथाम कानून के तहत मामला दर्ज किया जाएगा। आरोप पत्र मुंबई की यूपीपीए कोर्ट में पेश किया जाएगा।

ऐसा भी सुनने में आया है कि एनआईए ने कम से कम तीन और आरोपियों को क्लीन चिट दी है। गौरतलब है कि 29 सितंबर 2008 को हुए मालेगांव धमाके में 4 लोगों की मौत हो गई थी और 79 लोग घायल हो गए थे।