भारत रुस से खरीदेगा 42 लड़ाकू विमान


नई दिल्ली। भारत और रुस के बीच होने वाले नए रक्षा और रणनीतिक साझेदारी से दोनों देशों के बीच एक नया अध्याय शुरु होने जा रहा है। रुस और भारत के बीच सुपर सुखोई लड़ाकू विमानों की आपूर्ति को लेकर दोनों देशों के बीच समझौते हुए है। रक्षा सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार, भारत रुस से 42 नए लड़ाकू विमान खरीद सकता है। चीन और पाकिस्तान की चुनौतियों को देखते हुए भारत 42 फाइटर प्लेन रुस से खरीद सकता है। हाल ही में सरकार ने फ्रांस से 7.8 बिलियन डॉलर्स की लागत से 36 राफेल लड़ाकू विमान खरीदे थे, लेकिन दुश्मनों की रणनीति को देखे तो ये संख्या कम ही है। भारत ने कोई रिस्क न लेते हुए अमेरिकी एफ-18 और एफ-16 लड़ाकू विमानों के बाद दूसरी पंक्ति के तेजस विमानों को अपने बेडे़ में शामिल किया है। हांलाकि ये सभी चौथी पीढ़ी के जहाज माने जाते है। इसलिए चीन और पाक से निपटने के लिए भारत को सुखोई टी-50 शामिल करने की आवश्यकता है।