भारतीय राजनीति में मोदी, मुलायम और लालू


नई दिल्ली । भारतीय राजनीति में एक नया सूरज उगता दिखा। और ये सूरज उगा सपा प्रमुख मुलायम सिंह यादव के गृहनगर सैफई में। यहां मुलायम के पोते तेजप्रताप सिंह के तिलक समारोह में जो नजारा दिखा वो अनोखा था। राजनीति के धुर विरोधी एक साथ नजर आए। पीएम नरेंद्र मोदी, आरजेडी सुप्रीमो लालू प्रसाद यादव और मुलायम एक साथ खड़े होकर मुस्कुरा रहे थे।
शायद ही इससे पहले किसी ने भी इन तीन धुरंधरों को एक साथ इस अंदाज में देखा हो। लालू की बेटी की शादी मुलायम के पोते से हो रही है और इसी के लिए यहां खास तिलक समारोह है। तिलक के लिए मोदी को खास न्योता था। जैसे ही मोदी पहुंचे मुलायम ने गर्मजोशी से उनका स्वागत किया। दोनों ने हाथ मिलाए और मुस्कुराहट का आदान प्रदान हुआ। फिर मुलायम ने शॉल देकर मोदी का सम्मान किया। इस बीच उधर से लालू यादव भी आए। मोदी और लालू की नजरें मिलीं फिर हाथ मिले। एक दूसरे को देखा और चेहरे पर मुस्कुराहट आ गई। ये मुलाकात गर्मजोशी भरी नजर आ रही थी। मोदी बीच में थे और लालू-मुलायम अगल बगल। फोटो पर फोटो लिए जा रहे थे और तीनों के चेहरों पर मुस्कुराहट थी। काफी देर तक तीनों साथ रहे और माहौल खुशनुमा नजर आया। ऐसा दुर्लभ नजारा भारतीय राजनीति में शायद ही कभी दिखाई पड़ा हो जब राजनीतिक दुश्मन एक साथ एक मंच पर मुस्कुरा रहे हों। राजनीतिक विचारधारा की बात करें तो भारतीय जनता पार्टी और समाजवादी पार्टी-राष्ट्रीय जनता दल में जमीन आसमान का अंतर है। दोनों पार्टियां एक दूसरे की धुर विरोधी हैं और एक दूसरे को घेरने का कोई मौका नहीं छोड़ते। कभी कभी शब्दों की मर्यादा को भी लांघ जाते हैं। लेकिन सैफई का नजारा बता रहा था कि दुश्मनी सिर्फ राजनीतिक जीवन में होती है, निजी जीवन में नहीं।