बाबरी मस्जिद विध्वंस मामला : आडवाणी, उमा समेत 20 लोगों को नोटिस


नईदिल्ली। सुप्रीम कोर्ट ने मंगलवार को बाबरी माqस्जद विध्वंस मामले में भाजपा के वरिष्ठ नेता लालकृष्ण आडवाणी, वेंâद्रीय मंत्री उमा भारती और सीबीआई समेत २० लोगों को नोटिस जारी किया है। सुप्रीम कोर्ट ने ये नोटिस इस मामले में लाल कृष्ण आडवाणी समेत संघ से जुड़े कुछ नेताओं को इलाहाबाद हाईकोर्ट के जरिए बरी किये जाने को लेकर दिए है। सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि मामले की सुनवाई अपील दायर करने में सीबीआई की तरफ से हुई देरी के साथ ही मेरिट के आधार पर भी की जाएगी। सुप्रीम कोर्ट में यह याचिका हाजी मेहबूब अहमद की तरफ से दायर की है।
सुप्रीम कोर्ट ने मंगलवार को भाजपा के वरिष्ठ नेता लालकृष्ण आडवाणी, उमा भारती, वीएचपी संरक्षक अशोक िंसहल समेत बीजेपी और संघ परिवार के कई बड़े नेताओं को बाबरी माqस्जद विध्वंस से जुड़े आपराधिक मुकदमें में बरी किये जाने के इलाहाबाद हाईकोर्ट के पैâसले के खिलाफ सीबीआई की अपील पर सुनवाई करते हुए सीrबीआई से भी ४ हफ्तों में जवाब मांगा है। ये अपील यूपीए के शासनकाल में दायर हुई थी। उल्लेखनीय है कि ६ दिसंबर १९९२ को अयोध्या में विवादित ढांचा गिराया था। विवादित ढांचा गिराने के आरोप में आडवाणी, उमा भारती, अशोक सिँघल को २००४ में आपराधिक साजिश के केस से इलाहाबाद हाईकोर्ट ने बरी किया था। सीबीआई ने एक साल बाद बरी करने के आदेश को चुनौती दी थी। शिवसेना के बाल ठाकरे का नाम भी इस मामले में शामिल था लेकिन उनका निधन हो चुका है इसलिए अब सूची में उनका नाम नहीं है।