पराजय के डर से िंहदुत्व और देशद्रोह के बीज बो रही भाजपा : पवार


मुंबई। जेएनयू विवाद पर राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (राकांपा) अध्यक्ष शरद पवार ने मोदी सरकार पर हमला करते हुए कहा कि भाजपा को पांच राज्यों में आगामी चुनावों में पराजय का आभास हो गया है। पवार ने मुंबई में पार्टी की राज्य इकाई के नेताओं की एक बैठक को संबोधित करते हुए कहा, कि भाजपा को पराजय का आभास हो गया है। इसी कारण वह चुनाव से पहले िंहदुत्व और देशद्रोह के बीज बो रही है। पवार ने कहा कि जेएनयू मुद्दा शुद्धरूप से एक राजनीति साजिश है और यह प्रचार किया जा रहा है कि सिर्पâ भाजपा राष्ट्रवादी है, जबकि बाकी सभी राष्ट्रविरोधी हैं। राकांपा नेता ने कहा, कि कोई भी व्यक्ति इस तरह के भारत विरोधी पोस्टर्स का समर्थन नहीं करता। पुलिस को इस जटिल मुद्दे की जांच करनी चाहिए। जेएनयू में मात्र दो प्रतिशत लोग नक्सलियों से सहानुभूति रखने वाले हैं। छात्रों के जिस पैनल ने जेएनयू छात्रसंघ चुनाव में एबीवीपी को परास्त किया, उसे आज राष्ट्रविरोधी बताया जा रहा है और उसके नेता जेल में हैं। उन्होंने कहा कि भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) और उससे निष्ठा रखने वालों को देशभक्त बताया जा रहा है, जबकि अन्य को राष्ट्रविरोधी कहा जा रहा है। पवार ने कहा कि इन सब के चलते भाजपा देश के पांच राज्यों में होने वाले चुनावों में पराजय का स्वाद चखेगी। पूर्व वेंâद्रीय मंत्री ने कहा कि िंहदुओं को मुसलमानों के खिलाफ और दलितों को गैरदलितों के खिलाफ खड़ा कर भाजपा सरकार किसानों के मुद्दों जैसे अन्य मुद्दों से ध्यान भटकाने की कोशिश कर रही है। राकांपा के प्रदेश अध्यक्ष सुनील तटकरे ने चेताया कि पार्टी को दबाने की कोशिश की जा रही है और उन्होंने कार्यकर्ताओं से आह्वान किया कि वे किसी भी चुनौती का सामना करने व सरकार का सामना करने के लिए तैयार रहे।