नीतीश समर्थक विधायकों ने राजभवन में किया मार्च


० सरकार बनाने का दावा पेश
पटना। जदयू के राष्ट्रीय अध्यक्ष शरद यादव और राजद सुप्रीमो लालू प्रसाद यादव के साथ नीतीश कुमार ने राज्यपाल केसरी नाथ त्रिपाठी से मुलाकात की। इस दौरान उन्होंने १३० विधायकों का समर्थन बताते हुए नई सरकार का गठन करने का दावा पेश किया है। वार्ता समाप्त होने के बाद तीनों नेता मीडिया से मुखातिब हुए। शरद यादव ने कहा कि कांग्रेस, सीपीआई और एक निर्दलीय विधायक का समर्थन उनके साथ है। कुल १३० विधायकों का उन्हें समर्थन हासिल है। नीतीश को विधायक दल का नेता चुन लिया गया है। इसलिए बिहार के हित में बिना समय गंवाए नीतीश कुमार को मुख्यमंत्री का शपथ ग्रहण कराया जाएगा, ताकि सदन की कार्यवाही व्यवाqस्थत हो सके। वहीं नीतीश ने कहा कि उन्हें पूर्ण बहुमत हासिल है। राज्यपाल ने नेताओं को जीतन राम मांझी से वार्ता के बाद पैâसला सुनने की बात कही।
जदयू के महासचिव केसी त्यागी का कहना है कि अगर राज्यपाल ने रिस्पॉन्स अच्छा नहीं दिया तो मंगलवार को दिल्ली जाएंगे। जदयू ने इसके लिए १४० एयर टिकट बुक कर लिए हैं। इधर, दिल्ली से लौटने के बाद दोपहर करीब एक बजे मुख्यमंत्री जीतन राम मांझी ने राजभवन में राज्यपाल केसरी नाथ त्रिपाठी से मुलाकात की। हालांकि प्रदेश के राजनीतिक हालात पर वार्ता नहीं हुई। सामान्य बातचीत करने के बाद मांझी सीएम हाउस लौट गए। राज्यपाल ने दोपहर ३.०० बजे उन्हें दोबारा बुलाया।
० हाईकोर्ट जाएंगे मांझी समर्थक
जीतन राम मांझी को पार्टी से निकाले जाने के बाद मांझी समर्थक विरोध पर उतर आए हैं। अब वे हाई कोर्ट में मांझी के निष्कासन के खिलाफ याचिका दायर करेंगे। विधायक सुमित िंसह और विनय बिहारी उनके स्वागत के लिए पटना एयरपोर्ट पर पहुंच चुके हैं।
० नीतीश को मिली मान्यता
वहीं इससे पहले बिहार विधानसभा के स्पीकर ने नीतीश को मांझी की जगह विधायक दल का नेता घोषित कर दिया है। बिहार विधानसभा सचिवालय ने भी नीतीश कुमार को जेडीयू विधायक दल के नेता की मान्यता दी है।