तंजानिया मूल की लड़की से बदतमीजी मामले में 5 गिरफ्तार


बेंगलुरु। एक कार द्वारा एक महिला को कुचलने के बाद गलतफहमी में भीड़ ने तंजानिया की एक महिला की पिटाई और उसके बाद उसके कपड़े फाड़ने की घटना प्रकाश में आने के बाद बेंगलुरु पुलिस हरकत में आई और मामले में क्रिमिनल केस द़र्ज कर पांच आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। दरअसल, यह घटना रविवार की है जब कुछ लोग एक विदेशी छात्र की कार के नीचे आने से एक महिला की मौत को लेकर नारा़ज थे।
वहीं तंजानिया के उच्चायुक्त जॉन किजाजी ने कहा कि हम भारत सरकार से यह मांग करते हैं कि इस घटना के दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाये। उन्होंने इस संबंध में एक पत्र भारत सरकार को लिखा है। उन्होंने यह भी जानकारी दी कि भारत सरकार से उन्हें कड़ी कार्रवाई का आश्वासन मिला है। सरकार ने कहा है कि वह राज्य सरकार से संपर्वâ में है और दोषियों को बख्शा नहीं जायेगा।
इस घटना पर विदेश मंत्री सुषमा स्वराज ने कहा, हम शर्मनाक घटना से बहुत दुखी हैं। उन्होंने कर्नाटक के मुख्यमंत्री सिद्धरमैया से बात करके उनसे दोषियों को कड़ी सजा सुनिाqश्चत करने का अनुरोध किया। अप्रâीकन स्टूडेंट्स यूनियन के अनुसार, रविवार की रात दुर्घटनास्थल पर पहुंचने पर भीड़ ने कार रोकी और अपने तीन दोस्तों के साथ गाड़ी में बैठी २१ वर्षीय तंजानियाई महिला को कार से बाहर निकाला गया। यूनियन के विधि सलाहकार बोस्को कावीसी ने कहा कि भीड़ ने लड़की के कपड़े फाड़ दिए। इस मामले में तंजानिया की एंबेसी ने भारत सरकार से कार्रवाई करने की बात कही है।
बेंगलुरु के पुलिस कमिश्नर एनएस मेघारिख के अनुसार यह रोडरेज का मामला है जिसमें भीड़ ने गलत लोगों को निशाना बनाया। इस मामले में तंजानिया की छात्रा की शिकायत पर पुलिस ने आईपीसी की धारा ३२३, ३२४, ५०६, ५०९ के साथ-साथ ३५४ यानी महिलाओं के साथ शारीरिक तौर पर छेड़खानी का मामला दर्ज किया है।