जिस दिन कांग्रेस को तोड़ना होगा तोड़ दूंगा : रामदेव


हरिद्वार। राजनीतिक संकट के लिए भाजपा अध्यक्ष अमित शाह के साथ-साथ योगगुरु बाबा रामदेव को कांग्रेस ने जिम्मेदार ठहराया है। वहीं योगगुरु ने इन आरोपों को खारिज किया और कांग्रेस पर पलटवार कर दिया।
उत्तराखंड के प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष किशोर उपाध्याय ने गुरुवार को दावा किया कि बाबा रामेदव ने अमित शाह के साथ मिलकर कांग्रेस विधायकों को मुख्यमंत्री हरीश रावत के खिलाफ भड़काकर बगावत कराई।
राज्य सरकार के खिलाफ बगावत करवाने और उसे गिराने का प्रयास करने में बाबा रामदेव ने एक भाजपा एजेंट के तौर पर काम किया। उन्होंने यह भी राज्य विधानसभा में १८ मार्च को सामने आयी इस बगावत से पहले बाबा रामदेव बागी विधायकों के संपर्वâ में थे।
खुलकर करते हैं: रामदेव
रामदेव ने इन आरोपों को खारिज करते हुए कहा सपने में भी मैंने किसी कांग्रेस विधायक या पार्टी कार्यकर्ता से कोई बात नहीं की है। हम जो भी करते हैं, खुल कर करते हैं।
तोड़ना होगा तो तोड़ दूंगा
रामदेव ने कहा, ‘मुझे जिस दिन कांग्रेस को तोड़ना होगा, सामने आकर तोड़ दूंगा। पर्दे के पीछे में कुछ नहीं करता। उन्होंने कहा, `इस मामले में हमारी कोई भूमिका नहीं है। राजनीतिक घटनाओं के लिये राजनीतिक दलों को जिम्मेदार ठहराया जाना चाहिए।’
रामदेव ने बदला लिया: कांग्रेस
रामदेव के इस बयान पर प्रदेश कांग्रेस प्रवक्ता मथुरादत्त जोशी ने कहा कि योगगुरु चाहे जो भी स्पष्टीकरण दें, वह उत्तराखंड में राजनीतिक संकट में अपनी भूमिका के आरोप से बच नहीं सकते। जोशी ने कहा, `योगगुरु का उत्तराखंड में करीब २००० करोड़ रुपये का कारोबारी साम्राज्य है और उनके ट्रस्ट के खिलाफ कई मामलों में उत्तरा खंड में जांच चल रही है। उन्हें राज्य सरकार से कई बदले लेने हैं।