कोयला घोटाला : सुप्रीम कोर्ट गए मनमोहन


नईदिल्ली। पूर्व प्रधानमंत्री मनमोहन िंसह ने कोल ब्लॉक आवंटन घोटाला मामले में समन जारी किए जाने के निचली अदालत के पैâसले को सुप्रीम कोर्ट में चुनौती दी। अदालत ने मामले में पूर्व प्रधानमंत्री को आरोपी के तौर पर ८ अप्रैल को कोर्ट में पेश होने के लिए समन जारी किया है।
गौरतलब है कि िंहडाल्को को कोयला ब्लाक आवंटन में हुई गड़बड़ी के मामले में पूर्व प्रधानमंत्री को आरोपी बनाते हुए सीबीआई की विशेष अदालत ने समन जारी किया है। मनमोहन िंसह के साथ-साथ आदित्य बिड़ला ग्रुप के मालिक कुमारमंगलम बिड़ला और पूर्व कोयला सचिव पीसी परख को भी अदालत ने आरोपी बनाया है। सीबीआइ पहले इन सबको क्लीनचिट दे चुकी है। लेकिन अदालत ने जांच एजेंसी की क्लोजर रिपोर्ट को सिरे से खारिज कर दिया। अदालत ने मनमोहन िंसह, कुमारमंगलम बिड़ला समेत सभी आरोपियों को पेश होने का आदेश देते हुए कहा कि उसके सामने मौजूद दस्तावेजों में िंहडाल्को को कोयला ब्लाक आवंटन में आपराधिक साजिश साफ दिखती है। अदालत के अनुसार शुरू में यह साजिश िंहडाल्को, कुमारमंगलम बिड़ला, शुभेंदु अमिताभ ने रची थी, जिसे तत्कालीन कोयला मंत्री मनमोहन िंसह और कोयला सचिव पीसी परख ने अंतिम परिणति तक पहुंचाया। आवंटन में दोनों ने अहम भूमिका निभाई थी। संप्रग सरकार ने पहले िंहडाल्को को आवंटन से इन्कार कर दिया था। लेकिन कुमारमंगलम बिड़ला के दो पत्रों के बाद आवंटित किया।