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                <title>Surat Diamond Burse (SDB) - Loktej</title>
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                <description>Surat Diamond Burse (SDB) RSS Feed</description>
                
                            <item>
                <title>सूरत डायमंड बुर्स को मिलेगी नई चमक? 23 जनवरी से सभी कार्यालयों में व्यापार शुरू करने का ऐलान</title>
                                    <description><![CDATA[<p>सूरत। गुजरात के गृह एवं उद्योग राज्य मंत्री हर्ष संघवी ने एक अहम घोषणा करते हुए बताया कि सूरत डायमंड बुर्स (एसडीबी) में 23 जनवरी 2026 से सभी हीरा व्यापारिक कार्यालयों की गतिविधियाँ शुरू हो जाएंगी।</p>
<p>यह निर्णय महिधरपुरा, वराछा और कतारगाम क्षेत्रों के हीरा व्यापारियों, दलालों और छोटे व्यापारियों के साथ हुई बैठक के बाद लिया गया। इस तारीख को महिधरपुरा हीरा बाजार के कार्यालयों को बंद कर, सभी व्यापारी डायमंड बुर्स परिसर में स्थानांतरित हो जाएंगे।</p>
<p>इस ऐतिहासिक बैठक में एसडीबी अध्यक्ष एवं राज्यसभा सांसद गोविंद ढोलकिया, उपाध्यक्ष लालजीभाई टी. पटेल, तथा अन्य प्रमुख उद्योगपति एवं हीरा व्यापार</p>...]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.loktej.com/article/142246/surat-diamond-bures-will-get-new-brightness-to-start-trade"><img src="https://www.loktej.com/media/400/2025-07/b30072025-01.jpg" alt=""></a><br /><p>सूरत। गुजरात के गृह एवं उद्योग राज्य मंत्री हर्ष संघवी ने एक अहम घोषणा करते हुए बताया कि सूरत डायमंड बुर्स (एसडीबी) में 23 जनवरी 2026 से सभी हीरा व्यापारिक कार्यालयों की गतिविधियाँ शुरू हो जाएंगी।</p>
<p>यह निर्णय महिधरपुरा, वराछा और कतारगाम क्षेत्रों के हीरा व्यापारियों, दलालों और छोटे व्यापारियों के साथ हुई बैठक के बाद लिया गया। इस तारीख को महिधरपुरा हीरा बाजार के कार्यालयों को बंद कर, सभी व्यापारी डायमंड बुर्स परिसर में स्थानांतरित हो जाएंगे।</p>
<p>इस ऐतिहासिक बैठक में एसडीबी अध्यक्ष एवं राज्यसभा सांसद गोविंद ढोलकिया, उपाध्यक्ष लालजीभाई टी. पटेल, तथा अन्य प्रमुख उद्योगपति एवं हीरा व्यापार से जुड़े सैकड़ों व्यापारी मौजूद रहे।</p>
<p>मंत्री संघवी ने कहा कि इस निर्णय से छोटे व्यापारियों और दलालों को सबसे अधिक लाभ होगा क्योंकि सभी क्रेता और विक्रेता एक ही छत के नीचे आ सकेंगे, जिससे पारदर्शिता, सुविधा और व्यापारिक गति में सुधार होगा।</p>
<p>संघवी ने यह भी घोषणा की कि एसडीबी में छोटे व्यापारियों को महज़ 15,000 रुपये में ऑफिस-सह-केबिन उपलब्ध कराया जाएगा। यह कदम उन व्यापारियों के लिए राहत साबित होगा जो अब तक अधिक लागत के कारण बर्स में स्थानांतरित नहीं हो पा रहे थे।</p>
<p>हालांकि अधिकांश व्यापारी एसडीबी में स्थानांतरित होने के लिए तैयार हैं, पालनपुर, डीसा और धनेरा के कुछ जैन व्यापारी, जिनका महिधरपुरा हीरा बाजार पर प्रभाव है, उत्साह नहीं दिखा रहे हैं। इस चुनौती को देखते हुए मंत्री हर्ष संघवी, अरविंद अजबानी और आशीष दोषी ने उन्हें समझाने का प्रयास शुरू किया है।</p>
<p> हर्ष संघवी ने कहा कि एसडीबी दुनिया भर के व्यापारियों के लिए प्रेरणा केंद्र बनेगा। हालांकि, इससे पहले भी वल्लभभाई लखानी जैसे प्रमुख उद्योगपति एसडीबी को गति देने में असफल रहे थे और अंततः इस्तीफा देकर मुंबई लौट गए थे। साथ ही, एसडीबी परिसर में बैंकों की शाखाएँ और अमूल व सुमुल जैसे प्रतिष्ठानों को बंद करना पड़ा था।</p>
<p>एसडीबी के धीमे विकास का एक बड़ा कारण सूरत हवाई अड्डे का सीमित बुनियादी ढाँचा भी है। अंतरराष्ट्रीय खरीदारों के लिए सीधे संपर्क और वाइड-बॉडी विमानों की लैंडिंग की सुविधा न होने से व्यापार प्रभावित हो रहा है। हालांकि केंद्र सरकार से आग्रह के बाद दुबई और बैंकॉक के लिए सीमित उड़ानें शुरू की गई हैं, लेकिन रनवे के निर्माण कार्य के कारण अब भी कई अंतरराष्ट्रीय संपर्क बाधित हैं।</p>
<p>इसी बीच, नवी मुंबई में 2,000 से अधिक इकाइयों वाले इंडिया ज्वैलरी पार्क का कार्य तेज़ी से चल रहा है। यह परियोजना अगर समय पर पूरी होती है, तो सूरत डायमंड बुर्स के लिए बड़ी चुनौती बन सकती है।</p>
<p>हीरा उद्योग की वैश्विक चमक को सूरत से जोड़ने के लिए डायमंड बुर्स को पूरी तरह सक्रिय करना जरूरी है। 23 जनवरी को व्यापारिक गतिविधियों की पूर्ण शुरुआत के बाद यह देखना महत्वपूर्ण होगा कि क्या यह प्रयास सूरत को हीरा कारोबार की वैश्विक राजधानी बनाने की दिशा में निर्णायक साबित हो पाएगा या नहीं।</p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>सूरत</category>
                                    

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                <pubDate>Wed, 30 Jul 2025 14:51:54 +0530</pubDate>
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                                    <dc:creator><![CDATA[Bhatu Patil]]></dc:creator>
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            <item>
                <title>सूरत : एसजीसीसीआई के प्रतिनिधि मंडल ने सूरत डायमंड बुर्स (एसडीबी) का दौरा किया</title>
                                    <description><![CDATA[<div class="response-container ng-tns-c301441729-33 ng-star-inserted response-container-has-multiple-responses">
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<p>दक्षिण गुजरात चैंबर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्री के उपाध्यक्ष निखिल मद्रासी के नेतृत्व में 50 से अधिक सदस्यों का एक प्रतिनिधिमंडल बुधवार को सरसाणा खजोद चौकड़ी के पास ड्रीम सिटी में स्थित सूरत डायमंड बुर्स (एसडीबी) का दौरा करने के लिए गया। प्रतिनिधिमंडल में चैंबर की औद्योगिक यात्रा समिति के अध्यक्ष अरविंद बाबावाला और चैंबर के अन्य सदस्य शामिल थे।</p>
<p>दौरे के दौरान, प्रतिनिधिमंडल को सूरत डायमंड बुर्स के विभिन्न कार्यालयों, व्यापारियों के लिए सुविधाओं, बैंकों, पार्किंग व्यवस्था और सुरक्षा व्यवस्था के बारे में विस्तृत जानकारी दी गई। प्रतिनिधिमंडल ने यह भी देखा कि कैसे कोई भी व्यक्ति प्रवेश द्वार</p></div></div></div></div></div>...]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.loktej.com/article/102762/surat-sgcci-delegation-visits-surat-diamond-bourse-sdb"><img src="https://www.loktej.com/media/400/2024-06/b27062024-01.jpg" alt=""></a><br /><div class="response-container ng-tns-c301441729-33 ng-star-inserted response-container-has-multiple-responses">
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<p>दक्षिण गुजरात चैंबर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्री के उपाध्यक्ष निखिल मद्रासी के नेतृत्व में 50 से अधिक सदस्यों का एक प्रतिनिधिमंडल बुधवार को सरसाणा खजोद चौकड़ी के पास ड्रीम सिटी में स्थित सूरत डायमंड बुर्स (एसडीबी) का दौरा करने के लिए गया। प्रतिनिधिमंडल में चैंबर की औद्योगिक यात्रा समिति के अध्यक्ष अरविंद बाबावाला और चैंबर के अन्य सदस्य शामिल थे।</p>
<p>दौरे के दौरान, प्रतिनिधिमंडल को सूरत डायमंड बुर्स के विभिन्न कार्यालयों, व्यापारियों के लिए सुविधाओं, बैंकों, पार्किंग व्यवस्था और सुरक्षा व्यवस्था के बारे में विस्तृत जानकारी दी गई। प्रतिनिधिमंडल ने यह भी देखा कि कैसे कोई भी व्यक्ति प्रवेश द्वार से अपने कार्यालय तक केवल छह मिनट में पहुंच सकता है।</p>
<p>सूरत डायमंड बुर्स भारत का दूसरा सबसे बड़ा हीरा व्यापार केंद्र है और यह 3.54 एकड़ में फैला हुआ है। इसका कुल क्षेत्रफल 67 लाख वर्ग फीट है। इस बाजार में कुल 4500 राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय हीरा व्यापारियों के कार्यालय हैं।</p>
<p>सूरत डायमंड बुर्स के उपाध्यक्ष अशेष दोशी ने दक्षिण गुजरात चैंबर ऑफ कॉमर्स के प्रतिनिधिमंडल को बताया कि 7 जुलाई 2024 तक, दुनिया के सबसे बड़े वाणिज्यिक परिसर में 100 से अधिक कार्यालयों का संचालन शुरू हो जाएगा।</p>
<p><strong>हीरा उद्योग को बढ़ावा देने के लिए अत्याधुनिक बुनियादी ढांचा</strong></p>
<p>सूरत डायमंड बुर्स हीरा उत्पादन और व्यापार से जुड़े संगठनों को अत्याधुनिक बुनियादी ढांचा प्रदान करता है। यह रत्न और आभूषण उद्योग को सुविधाजनक बनाने और भारत को एक अंतरराष्ट्रीय व्यापार केंद्र के रूप में स्थापित करने के लिए बनाया गया है।</p>
<p>बुर्स में हीरे की कटाई, पॉलिशिंग और प्रसंस्करण सहित रत्न और आभूषण से संबंधित व्यापार, वाणिज्य और उद्योग को बढ़ावा देने के लिए विशेष सुविधाएं प्रदान की गई हैं। इससे भारत से हीरे, रत्न और आभूषणों के निर्यात और व्यापार को बढ़ावा मिलेगा।</p>
<p>सूरत डायमंड बुर्स भारत को दुनिया में एक आधुनिक और परिष्कृत हीरा, रत्न और आभूषण बाजार के रूप में विकसित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा।</p>
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                                            <category>कारोबार</category>
                                    

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                <pubDate>Thu, 27 Jun 2024 17:42:05 +0530</pubDate>
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                                    <dc:creator><![CDATA[Bhatu Patil]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>मुंबई एयरपोर्ट पर स्ट्रोंग रुम बनवा रहा सूरत डायमंड बुर्स</title>
                                    <description><![CDATA[<p>सूरत के खजोद स्थित सूरत डायमंड बुर्स में संपूर्ण रुप से कामकाजी व्यवस्था कायम करने के उद्देश्य से मुंबई एयरपोर्ट पर  सूरत डायमंड बुर्स द्वारा 10x20 साइज का स्ट्रॉंग रूम बनाने की कवायद शुरु कर दी गई है। विदेश से आने वाले डायमंड के पार्सलों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए एयरपोर्ट पर बीकेसी के स्ट्रॉंग रूम के बगल में इस स्ट्रॉंग रूम का कामकाज शुरु किया गया है और लगभग पखवाड़े के भीतर यह काम पूरा हो जायेगा।</p>
<p>रिपोर्ट के अनुसार सूरत के खजोद में लगभग 3400 करोड़ रुपये की लागत पर तैयार किये गये दुनिया के सबसे</p>...]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.loktej.com/article/101445/surat-diamond-burse-is-building-a-strong-room-at-mumbai"><img src="https://www.loktej.com/media/400/2024-05/03052024-gs1.jpg" alt=""></a><br /><p>सूरत के खजोद स्थित सूरत डायमंड बुर्स में संपूर्ण रुप से कामकाजी व्यवस्था कायम करने के उद्देश्य से मुंबई एयरपोर्ट पर  सूरत डायमंड बुर्स द्वारा 10x20 साइज का स्ट्रॉंग रूम बनाने की कवायद शुरु कर दी गई है। विदेश से आने वाले डायमंड के पार्सलों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए एयरपोर्ट पर बीकेसी के स्ट्रॉंग रूम के बगल में इस स्ट्रॉंग रूम का कामकाज शुरु किया गया है और लगभग पखवाड़े के भीतर यह काम पूरा हो जायेगा।</p>
<p>रिपोर्ट के अनुसार सूरत के खजोद में लगभग 3400 करोड़ रुपये की लागत पर तैयार किये गये दुनिया के सबसे बड़े ऑफिस बिल्डिंग समान सूरत डायमंड बुर्स में कामकाज बढ़ाने के लिये नई कार्यसमिति द्वारा भरसक प्रयास किये जा रहे हैं। सूरत और मुंबई के डायमंड के उद्यमियों के साथ सिलसिलेवार बैठकों के पश्चात् निर्णय हुआ है कि जुलाई तक बुर्स स्थित कार्यालयों में कामकाज की गति बढ़ाई जायेगी। इस सिलसिले में मुंबई इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर स्ट्रॉंग रूम बनाने की कवायद की गई है। बुर्स कमिटी के अग्रणियों के अनुसार कस्टम विभाग की इस संबंध में मंजूरी मिली गई है। अधिकांश इंटरनेशल फ्लाईट्स मुंबई एयरपोर्ट पर आती हैं और विदेश से आने वाले डायमंड के पार्सल रिसिव करने के लिये कुरियर कंपनी का स्टाफ वहां 24 घंटे कार्यरत नहीं रहता है। ऐसे में डायमंड के पार्सलों के इंश्योरंस से लेकर उसकी सुरक्षा के लिये एयरपोर्ट पर ये व्यवस्था की गई है। </p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>सूरत</category>
                                            <category>कारोबार</category>
                                    

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                <pubDate>Fri, 03 May 2024 12:49:41 +0530</pubDate>
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                                    <dc:creator><![CDATA[Loktej]]></dc:creator>
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            <item>
                <title>सूरत : डायमंड बूर्स विवाद में हाईकोर्ट ने दिया स्टे, निर्माण समिति के अध्यक्ष बोले- '‌किसी का एक भी रूपया न गलत तरीके से काटेंगे और न देंगे!'</title>
                                    <description><![CDATA[<p>सूरत में बनी दुनिया की सबसे बड़ी बिजनेस बिल्डिंग सूरत डायमंड बुर्स का प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी रविवार 17 दिसंबर को इसका औपचारिक उद्घाटन करने जा रहे हैं। इससे पहले, डायमंड बुर्स का निर्माण करने वाली पीएसपी कंपनी ने 538 करोड के बकाए को लेकर सूरत डायमंड बुर्स कमेटी के खिलाफ सेशन कोर्ट में मुकदमा दायर किया था। जिस पर शनिवार 16 दिसंबर को सुनवाई होनी थी, लेकिन उससे पहले ही मामले में नया मोड़ आ गया है। बुर्स कमेटी ने हाईकोर्ट से स्टे प्राप्त कर लिया है।</p>
<p>सूरत डायमंड बुर्स कमेटी पीएसपी कंपनी द्वारा सूरत डायमंड बुर्स के खिलाफ दायर</p>...]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.loktej.com/article/97900/high-court-gave-stay-in-surat-diamond-burse-dispute-chairman"><img src="https://www.loktej.com/media/400/2023-12/b13122023-6.jpg" alt=""></a><br /><p>सूरत में बनी दुनिया की सबसे बड़ी बिजनेस बिल्डिंग सूरत डायमंड बुर्स का प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी रविवार 17 दिसंबर को इसका औपचारिक उद्घाटन करने जा रहे हैं। इससे पहले, डायमंड बुर्स का निर्माण करने वाली पीएसपी कंपनी ने 538 करोड के बकाए को लेकर सूरत डायमंड बुर्स कमेटी के खिलाफ सेशन कोर्ट में मुकदमा दायर किया था। जिस पर शनिवार 16 दिसंबर को सुनवाई होनी थी, लेकिन उससे पहले ही मामले में नया मोड़ आ गया है। बुर्स कमेटी ने हाईकोर्ट से स्टे प्राप्त कर लिया है।</p>
<p>सूरत डायमंड बुर्स कमेटी पीएसपी कंपनी द्वारा सूरत डायमंड बुर्स के खिलाफ दायर मुकदमे में गुजरात उच्च न्यायालय से स्थगन आदेश लेकर आई है। फिलहाल इस मामले में रोक ही काफी है। स्टे मिलने के बाद सूरत डायमंड बुर्स कंस्ट्रक्शन कमेटी के चेयरमैन लालजी पटेल ने सोशल मीडिया पर एक वीडियो स्टेटमेंट पोस्ट किया है।</p>
<p>उन्होंने अपने बयान में कहा है कि कुछ समय पहले पीएसपी कंपनी ने एसडीबी के खिलाफ मुकदमा दायर किया था। लेकिन हमें भरोसा था कि अदालत हमारा पक्ष सुनेगी और हमें न्याय देगी। आज हाईकोर्ट ने स्टे दे दिया है। अगली तारीख 27 दिसंबर तक रोक रहेगी। फिर हमें अपने सबूत पेश करने होंगे। न तो सूरत डायमंड बुर्स कमेटी को और न ही हीरा व्यापारियों को चिंता करने की जरूरत है। हम किसी का एक भी रुपया गलत तरीके से नहीं काटेंगे या देंगे। बुर्स के 4200 से अधिक हीरा डीलर हम पर भरोसा करते हैं। कोई चिंता का विषय नहीं।</p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>सूरत</category>
                                            <category>कारोबार</category>
                                    

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                <pubDate>Wed, 13 Dec 2023 20:09:04 +0530</pubDate>
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                                    <dc:creator><![CDATA[Bhatu Patil]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>सूरत : डायमंड बुर्स का उद्घाटन, 17 को आऐंगे देश विदेश से 2 हजार मेहमान, सभी 5-सितारा होटल पैक</title>
                                    <description><![CDATA[<p>प्रधानमंत्री मोदी 17 तारीख को दुनिया की सबसे बड़ी ऑफिस बिल्डिंग डायमंड बुर्स का उद्घाटन करेंगे। मोदी ने 4 महीने पहले ही तारीख की घोषणा कर दी थी, जिसे लेकर बुर्स कमेटी ने कार्यक्रम की तैयारी भी शुरू कर दी थी। दुबई, हांगकांग समेत विदेशों में 2 हजार से ज्यादा लोगों को आमंत्रित किया गया है। बुर्स कमेटी ने बाहर से आने वाले मेहमानों के लिए शहर में 5 सितारा सहित होटल बुक किए हैं। शहर में तीन फाइव स्टार होटल हैं, जिनके सभी कमरे बुक हो चुके हैं। अवध यूटोपिया क्लब में भी कुछ कमरे बुक हैं। इतने बड़े</p>...]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.loktej.com/article/97898/surat-diamond-burse-will-be-inaugurated-on-17th-2-thousand"><img src="https://www.loktej.com/media/400/2023-07/sdb.jpg" alt=""></a><br /><p>प्रधानमंत्री मोदी 17 तारीख को दुनिया की सबसे बड़ी ऑफिस बिल्डिंग डायमंड बुर्स का उद्घाटन करेंगे। मोदी ने 4 महीने पहले ही तारीख की घोषणा कर दी थी, जिसे लेकर बुर्स कमेटी ने कार्यक्रम की तैयारी भी शुरू कर दी थी। दुबई, हांगकांग समेत विदेशों में 2 हजार से ज्यादा लोगों को आमंत्रित किया गया है। बुर्स कमेटी ने बाहर से आने वाले मेहमानों के लिए शहर में 5 सितारा सहित होटल बुक किए हैं। शहर में तीन फाइव स्टार होटल हैं, जिनके सभी कमरे बुक हो चुके हैं। अवध यूटोपिया क्लब में भी कुछ कमरे बुक हैं। इतने बड़े आयोजन के कारण शहर के 5 सितारा होटलों में कमरे कम पड़ गए हैं।</p>
<p>सूरत से दुनिया के लगभग सभी देशों में हीरों का व्यापार होता है, जिसके लिए सूरत डायमंड बुर्स कमेटी ने विदेशों में रहने वाले हीरा व्यापारियों को सूरत डायमंड बुर्स के उद्घाटन समारोह के लिए सूरत आने की व्यवस्था की है। समिति के सदस्यों के अनुसार सूरत डायमंड बुर्स समिति द्वारा हीरा व्यापारियों, हीरा खरीदारों और हीरा व्यापारियों से जुड़े 2,000 से अधिक लोगों को इस कार्यक्रम में शामिल होने के लिए आमंत्रित किया गया है, जिनके लिए होटलों में रुकने की सुविधा उपलब्ध कराया जाएगा।</p>
<p><strong>थ्री स्टार, फाइव स्टार, अवध यूटोपिया में रुमों का बुकिंग</strong></p>
<p>शहर में कुल तीन पांच सितारा होटल हैं। इस कार्यक्रम में विदेश से और सूरत बाहर के शहरों से मेहमानों को आमंत्रित किया है। सूरत आने वाले मेहमानों के लिए थ्री, फाइव स्टार होटलों में कमरे बुक किए गए हैं। साथ ही अवध यूटोपिया क्लब में भी कमरे बुक हो गए हैं, जिसके चलते सूरत के पांच सितारा होटलों के सभी कमरे फिलहाल हाउसफुल हैं।</p>
<p><strong>अकेले मुंबई से 3 हजार व्यापारी आएंगे</strong></p>
<p>सूरत डायमंड बुर्स के उद्घाटन में न केवल सूरत बल्कि मुंबई समेत कई शहरों से हीरा व्यापारी शामिल होंगे। साथ ही भारत के विभिन्न शहरों में आभूषणों का कारोबार करने वाले व्यापारी, दिल्ली, जयपुर के हीरा व्यापारी भी इस कार्यक्रम में भाग लेंगे। इस आयोजन में मुंबई के लगभग 3 हजार से ज्यादा हीरा व्यापारी हिस्सा लेंगे। सूत्रों ने यह भी जानकारी दी है कि कुछ हीरा कारोबारी चैडर्ट फ्लाइट से सूरत आएंगे।</p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>सूरत</category>
                                            <category>कारोबार</category>
                                    

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                <pubDate>Wed, 13 Dec 2023 19:38:54 +0530</pubDate>
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                                    <dc:creator><![CDATA[Bhatu Patil]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>विश्व के प्रोसेस्ड डायमंड्स में गुजरात की हिस्सेदारी 72 फीसदी, देश के कुल डायमंड एक्सपोर्ट्स में 80 फीसदी हिस्सेदारी</title>
                                    <description><![CDATA[<p>गांधीनगर, 11 दिसंबर (हि.स.)। राज्य के गांधीनगर में 10 से 12 जनवरी 2024 में आयोजित हो रहे 10वें वाइब्रेंट गुजरात ग्लोबल समिट की पूर्वार्ध के रूप में, राज्य सरकार 12 दिसंबर को सूरत में जेम्स एंड ज्वैलरी सेक्टर पर एक सेमिनार आयोजित करेगी, जिसका उद्देश्य इस जेम्स एंड ज्वैलरी सेक्टर के लिए रणनीति, दृष्टि और कार्य योजना से जुड़े महत्वपूर्ण पहलुओं और प्रौद्योगिकी की भूमिका, और उद्योग के विकास में गुजरात के योगदान पर चर्चा करना है।<br /><br />गुजरात में 450 से अधिक ऑर्गनाइज़्ड ज्वैलरी मैन्युफैक्चर्स, इम्पोर्टर्स और एक्सपोर्टर्स हैं। गुजरात के सूरत, अहमदाबाद और राजकोट प्रमुख डायमंड क्लस्टर के रूप</p>...]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.loktej.com/article/97843/gujarats-share-in-the-worlds-processed-diamonds-is-72-percent"><img src="https://www.loktej.com/media/400/2023-12/surat-diamond-burse-sdb.jpg" alt=""></a><br /><p>गांधीनगर, 11 दिसंबर (हि.स.)। राज्य के गांधीनगर में 10 से 12 जनवरी 2024 में आयोजित हो रहे 10वें वाइब्रेंट गुजरात ग्लोबल समिट की पूर्वार्ध के रूप में, राज्य सरकार 12 दिसंबर को सूरत में जेम्स एंड ज्वैलरी सेक्टर पर एक सेमिनार आयोजित करेगी, जिसका उद्देश्य इस जेम्स एंड ज्वैलरी सेक्टर के लिए रणनीति, दृष्टि और कार्य योजना से जुड़े महत्वपूर्ण पहलुओं और प्रौद्योगिकी की भूमिका, और उद्योग के विकास में गुजरात के योगदान पर चर्चा करना है।<br /><br />गुजरात में 450 से अधिक ऑर्गनाइज़्ड ज्वैलरी मैन्युफैक्चर्स, इम्पोर्टर्स और एक्सपोर्टर्स हैं। गुजरात के सूरत, अहमदाबाद और राजकोट प्रमुख डायमंड क्लस्टर के रूप में उभरे हैं। इतना ही नहीं, सूरत डायमंड प्रोडक्शन में ग्लोबल पॉवर हाउस के रूप में उभरा है। आज दुनिया के 10 में से 8 हीरे गुजरात में प्रोसेस्ड होते हैं, जिससे भारत के कुल हीरा निर्यात में राज्य का योगदान 80 फीसदी हो जाता है।<br /><br />अनुमान है कि गुजरात के 90 फीसदी हीरे सूरत और उसके आसपास प्रोसेस्ड होते हैं, जिससे 9 लाख से अधिक लोगों को रोजगार मिलता है, जिससे इसे 'हीरे से जगमगाता रेशमी शहर' ('सिल्क सिटी स्पार्कलिंग वीथ डायमंड्स') भी कहा जाता है। हीरा उद्योग की बढ़ती मांगों को पूरा करने के लिए, गुजरात सरकार ने सूरत डायमंड बोर्स (एसडीबी) को आवासित करते हुए डायमंड रिसर्च एंड मर्केंटाइल (ड्रीम) सिटी की स्थापना की। एसडीबी, भारत का दूसरा हीरा व्यापार केंद्र बनने के लिए तैयार है, जो आकार में अमेरिका के पेंटागन से भी बड़ा है, जो 1,50,000 व्यक्तियों को प्रत्यक्ष रोजगार प्रदान करता है।<br /><br />डायमंड प्रोडक्शन और मैन्युफैक्चरिंग में विशेषज्ञता वाला भारतीय हीरा संस्थान (आईडीआई) शिक्षा और कौशल विकास के प्रति सूरत की प्रतिबद्धता को दिखाता है। 32,000 से अधिक छात्रों को प्रशिक्षण देने के इतिहास के साथ, आईडीआई वैश्विक गुणवत्ता मानकों को बनाए रखने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है। हीरा उद्योग की बदलती गतिशीलता को पहचानते हुए, गुजरात सरकार लैब-ग्रोन डायमंड (एलजीडी) क्षेत्र को सक्रिय रूप से बढ़ावा दे रही है। जैसे-जैसे नेचुरल डायमंड्स की ग्लोबल सप्लाई घटेगी वैसे-वैसे लैब-ग्रोन डायमंड्स इस अंतर को पूरा करेंगे। गुजरात एलजीडी क्षेत्र के विकास को बढ़ावा देने के लिए रीसर्च एंड डवलपमेन्ट सहयोग और स्किल डवलपमेन्ट सहित विभिन्न पहल का नेतृत्व कर रहा है। जेम्स एंड ज्वैलरी सेक्टर का भविष्य बड़े खुदरा विक्रेताओं/ब्रांडों द्वारा संचालित होने की उम्मीद है, क्योंकि इस्टैब्लिश्ड प्लेयर्स मार्केट को गाइड करते है। सोने के आयात प्रतिबंधों में ढील और सोने की कीमतों के स्थिर होने से ज्वैलर्स के लिए वॉल्यूम ग्रोथ बढ़ने की उम्मीद है। इसके अतिरिक्त, 5जी टेक्नोलॉजीस से लेकर मेडिकल प्रोसीजर्स तक लैब-ग्रोन डायमंड्स का भविष्य काफी उज्ज्वल दिखाई दे रहा है।<br /><br /><strong>देश की अर्थव्यवस्था में महत्वपूर्ण स्थान</strong><br /><br />जेम्स एंड ज्वैलरी सेक्टर देश की अर्थव्यवस्था में महत्वपूर्ण स्थान रखता है, जो सकल घरेलू उत्पाद (जीडीपी) में 7 फीसदी का योगदान देता है। साथ ही देश के कुल व्यापारिक निर्यात का 15 फीसदी योगदान देता है। देश में डायमंड इंडस्ट्री 4.5 मिलियन से अधिक श्रमिकों को रोजगार देता है, जिससे यह रोजगार का महत्वपूर्ण स्रोत बन जाता है। इसकी क्षमता को पहचानते हुए केन्द्र सरकार ने इसे निर्यात प्रोत्साहन के लिए एक प्रमुख क्षेत्र के रूप में नामित किया है।<br /><br />भारत ने डायमंड प्रोडक्शन के लिए ग्लोबल सेंटर के रूप में अपनी एक नई पहचान बनाई है। भारत वर्तमान में दुनिया के 75% पॉलिश किए गए हीरों का निर्यात करता है, जिसका वित्तीय वर्ष 2022-23 में कुल निर्यात मूल्य 37.73 बिलियन अमेरिकी डॉलर तक पहुंच गया है। संयुक्त अरब अमीरात के साथ हाल ही में हुए मुक्त व्यापार समझौते (एफटीए) से निर्यात को और बढ़ावा मिलने की उम्मीद है, जिसका लक्ष्य 52 अरब अमेरिकी डॉलर का महत्वाकांक्षी लक्ष्य है। भारत के ज्वैलरी लैंडस्केप में गुजरात एक महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है, जो विश्व के प्रोसेस्ड डायमंड्स की 72 फीसदी हिस्सेदारी रखता है।</p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>गुजरात</category>
                                            <category>सूरत</category>
                                    

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                <pubDate>Mon, 11 Dec 2023 19:11:35 +0530</pubDate>
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                                    <dc:creator><![CDATA[Loktej]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>सूरत : डायमंड बुर्स खुलने से पहले ज्वैलर्स की मांगों को प्रधानमंत्री तक पहुंचाने के लिए कलेक्टर को ज्ञापन दिया</title>
                                    <description><![CDATA[<p>सूरत डायमंड बुर्स खुलने से पहले ज्वैलर्स की मांगें पूरी करने को लेकर डायमंड वर्कर्स यूनियन की ओर से प्रधानमंत्री तक भेजने के लिए कलेक्टर को याचिका दी गई है। ज्वेलर्स की मांगें नहीं माने जाने पर तीव्र आंदोलन की भी इजाजत मांगी गई है। </p>
<p>ज्वैलर्स से संबंधित योजनाओं की घोषणा करने और ज्वैलर्स को रत्नदीप कौशल योजना देने और आत्महत्या करने वाले ज्वैलर्स के परिवारों को राहत पैकेज देने और बेरोजगार ज्वैलर्स के लिए वित्तीय पैकेज देने की मांग की गई है। ये मांग काफी समय से चल रही है। हालाँकि, इसका उचित समाधान नहीं किया गया है।</p>
<p>डायमंड</p>...]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.loktej.com/article/97840/memorandum-given-to-the-collector-to-convey-the-demands-of"><img src="https://www.loktej.com/media/400/2023-12/b11122023-01.jpg" alt=""></a><br /><p>सूरत डायमंड बुर्स खुलने से पहले ज्वैलर्स की मांगें पूरी करने को लेकर डायमंड वर्कर्स यूनियन की ओर से प्रधानमंत्री तक भेजने के लिए कलेक्टर को याचिका दी गई है। ज्वेलर्स की मांगें नहीं माने जाने पर तीव्र आंदोलन की भी इजाजत मांगी गई है। </p>
<p>ज्वैलर्स से संबंधित योजनाओं की घोषणा करने और ज्वैलर्स को रत्नदीप कौशल योजना देने और आत्महत्या करने वाले ज्वैलर्स के परिवारों को राहत पैकेज देने और बेरोजगार ज्वैलर्स के लिए वित्तीय पैकेज देने की मांग की गई है। ये मांग काफी समय से चल रही है। हालाँकि, इसका उचित समाधान नहीं किया गया है।</p>
<p>डायमंड वर्कर्स यूनियन के उपाध्यक्ष भावेश टांक ने कहा कि दिवाली के बाद भी कई फैक्ट्रियां नहीं खुली हैं। जिसके कारण रत्नकलाकार काफी नाराज हो रहे हैं। डायमंड बुर्स के मूल में हीरा कारीगर, रत्नकलाकार डायमंड वर्कर हैं जो आज परेशान है। प्रधानमंत्री 17 दिसंबर को सूरत डायमंड बुर्स के उध्घाटन के लिए आने वाले हैं। उस समय हमने उनसे ज्वैलर्स की बकाया मांगों का आवेदन पत्र कलेक्टर को देने और उसे प्रधानमंत्री तक पहुंचाने की मांग की थी।</p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>सूरत</category>
                                            <category>कारोबार</category>
                                    

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                <pubDate>Mon, 11 Dec 2023 18:35:55 +0530</pubDate>
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                                    <dc:creator><![CDATA[Bhatu Patil]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>सूरत :  आवारा कुत्तों का आतंक जारी है, सड़क पर खेल रहे 8 साल के बच्चे पर कुत्तों ने हमला कर दिया</title>
                                    <description><![CDATA[<p>शहर के विभिन्न क्षेत्रों में आए दिन एक के बाद एक कुत्तों के आतंक की घटनाएं सामने आ रही हैं क्योंकि सूरत नगर निगम के कुत्तों पर कार्रवाई के तमाम दावों की पोल खुल गई है। मंगलवार को पांडेसरा इलाके में एक आवारा कुत्ते ने घर के पास सड़क पर खेल रहे 8 साल के बच्चे पर हमला कर दिया। इसलिए बच्चे को इलाज के लिए नजदीकी केंद्र में स्थानांतरित कर दिया गया।</p>
<p>शहर में आवारा कुत्तों का आतंक बरकरार है। पांडेसरा इलाके के नागसेननगर में एक बच्चा अपनी गली में खेल रहा था। 8 साल का बच्चा घर के</p>...]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.loktej.com/article/97484/surat-terror-of-stray-dogs-continues-8-year-old-child"><img src="https://www.loktej.com/media/400/2023-11/‍b28112023-04.jpg" alt=""></a><br /><p>शहर के विभिन्न क्षेत्रों में आए दिन एक के बाद एक कुत्तों के आतंक की घटनाएं सामने आ रही हैं क्योंकि सूरत नगर निगम के कुत्तों पर कार्रवाई के तमाम दावों की पोल खुल गई है। मंगलवार को पांडेसरा इलाके में एक आवारा कुत्ते ने घर के पास सड़क पर खेल रहे 8 साल के बच्चे पर हमला कर दिया। इसलिए बच्चे को इलाज के लिए नजदीकी केंद्र में स्थानांतरित कर दिया गया।</p>
<p>शहर में आवारा कुत्तों का आतंक बरकरार है। पांडेसरा इलाके के नागसेननगर में एक बच्चा अपनी गली में खेल रहा था। 8 साल का बच्चा घर के पास खेल रहा था तभी आवारा कुत्तों ने बच्चे को पकड़ लिया। कुत्तों ने बच्चे की पीठ पर नोच लिया। तो घबराए परिजन बच्चे को इलाज के लिए नजदीकी केंद्र में ले गए।</p>
<p>घायल बच्चे की मां रत्नाबेन ने बताया कि बच्चे सड़क पर खेल रहे थे, इसी बीच एक आवारा कुत्ता आ गया और बच्चे को काट लिया। इसलिए हमें तुरंत यहां के नजदीकी केंद्र में ले जाया गया।' डॉक्टरों ने बच्चे का इलाज शुरू कर दिया है।</p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>सूरत</category>
                                    

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                <pubDate>Tue, 28 Nov 2023 19:59:33 +0530</pubDate>
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                                    <dc:creator><![CDATA[Bhatu Patil]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>सूरत : 'डायमंड सिटी' में बना कस्टम हाउस, हीरे सूरत में बनते थे और कारोबार मुंबई में, अब सब कुछ यहीं होगा</title>
                                    <description><![CDATA[<p>सूरत का हीरा उद्योग दुनिया भर में फैला हुआ है। केंद्र सरकार को मिलने वाली विदेशी मुद्रा में भी हीरा उद्योग का बड़ा योगदान है। हीरा उद्योग भारतसे विदेशों में निर्यात करने वाला प्रमुख उद्योग है। सूरत का हीरा उद्योग भारत के निर्माण के सपने को साकार करने में बहुत बड़ा योगदान दे रहा है। आज, जब सूरत शहर के भीतर डायमंड बुर्स शुरू हुआ है, तो सूरत शहर का हीरा उद्योग वैश्विक मंच पर चमक गया है।</p>
<p>आमतौर पर दुनिया के किसी भी उद्योग में एक तरह की परंपरा होती है कि जहां भी विनिर्माण होता है, वहीं से</p>...]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.loktej.com/article/97359/custom-house-built-in-surat-diamond-city-diamonds-used-to"><img src="https://www.loktej.com/media/400/2023-11/b23112023-04.jpg" alt=""></a><br /><p>सूरत का हीरा उद्योग दुनिया भर में फैला हुआ है। केंद्र सरकार को मिलने वाली विदेशी मुद्रा में भी हीरा उद्योग का बड़ा योगदान है। हीरा उद्योग भारतसे विदेशों में निर्यात करने वाला प्रमुख उद्योग है। सूरत का हीरा उद्योग भारत के निर्माण के सपने को साकार करने में बहुत बड़ा योगदान दे रहा है। आज, जब सूरत शहर के भीतर डायमंड बुर्स शुरू हुआ है, तो सूरत शहर का हीरा उद्योग वैश्विक मंच पर चमक गया है।</p>
<p>आमतौर पर दुनिया के किसी भी उद्योग में एक तरह की परंपरा होती है कि जहां भी विनिर्माण होता है, वहीं से सीधा व्यापार भी किया जाता है। विश्व में कोई भी ऐसा बड़ा उद्योग नहीं है जिसका निर्माण एक स्थान से होता हो और व्यापार दूसरे स्थान से होता हो। अगर इंडस्ट्री इस तरह से चल रही है तो इसका सीधा असर इंडस्ट्री की रफ्तार पर पड़ता है। हीरा उद्योग एक असाधारण उद्योग है जिसका विनिर्माण सूरत में होता है और व्यापार मुंबई से होता है। जिसके चलते पिछले चार दशकों के सफर पर नजर डालें तो सूरत के मुकाबले मुंबई का विकास काफी तेजी से हुआ है।</p>
<p>अब तक, मुंबई हीरे के व्यापार का केंद्र होने के कारण वहां भारी मात्रा में राजस्व उत्पन्न होता था। जिसका सीधा नुकसान गुजरात और सूरत के हीरा उद्योग को हो रहा था। हालाँकि, अब हीरा उद्योग से जुड़े प्रमुख व्यवसायियों ने अपना दृष्टिकोण बदल दिया है और एक ऐसी प्रणाली स्थापित की गई है जहाँ विनिर्माण होता है वहीं से व्यापार होता है। डायमंड बुर्स के बनने के बाद अब ट्रेडिंग के लिए जो सपना देखा गया था, वह भी खत्म होने जा रहा है।</p>
<p>चूँकि हीरे की कटाई, पॉलिशिंग का काम सूरत शहर के भीतर ही किया जाता था, लेकिन व्यापार केवल मुंबई से किया जाता था। इसके लिए कई कारण जिम्मेदार थे, लेकिन कस्टम क्लीयरेंस को मुख्य कारण माना गया। इस संबंध में बार-बार अवगत कराने के बावजूद केंद्र सरकार द्वारा इस मुद्दे को गंभीरता से नहीं लिया गया। परिणामस्वरूप, सीमा शुल्क निकासी की कमी के कारण, हीरा उद्योग से जुड़े अधिकांश व्यापारियों ने मुंबई से व्यापार करना उचित समझा। क्योंकि, सूरत में कस्टम क्लियरिंग सिस्टम ठीक न होने के कारण इंडस्ट्री के लिए कई बाधाएं पैदा हो रही थीं। हीरा उद्योग में जो भी अड़चनें थीं, वे अब दूर हो रही हैं। धीरे-धीरे सूरत शहर में हीरा उद्योग की स्थिति पहले से बेहतर होती जा रही है। हीरा उद्योग के नेता न केवल विनिर्माण, बल्कि व्यापार में भी जो भी बाधाएँ थीं, उन्हें हल करने के लिए केंद्र सरकार के साथ काम करने में भी सफल रहे हैं।</p>
<p><strong>व्यापार सीमा शुल्क निकासी के साथ होगा: दिनेश नावडिया</strong></p>
<p>इस बारे में डायमंड बुर्स कमेटी के सदस्य दिनेश नावडिया ने कहा कि डायमंड बुर्स के निर्माण के बाद अब सूरत के हीरा उद्योग के लिए दुनिया से जुड़ने का सबसे बड़ा अवसर उपलब्ध हो गया है। ऐसा बिजनेस हब दुनिया में किसी और जगह नहीं बनाया गया है। दुनिया के हीरा उद्योग और देश की सबसे बड़ी हीरा खदान से जुड़े कारोबारियों की नजर अब सीधे सूरत पर है। कच्चे हीरे के आने के बाद कई चुनौतियाँ सामने आईं। सीमा शुल्क निकासी के लिए बार-बार आवेदन किया गया लेकिन अनसुलझे मुद्दों के कारण व्यापार नहीं हो सका।</p>
<p>सूरत में सीमा शुल्क निकासी की भी व्यवस्था की गई है। यहां कस्टम हाउस बनने से आयात-निर्यात बहुत आसान हो जाएगा। गुजरात सरकार को भी बड़ा फायदा होने वाला है, जो भी कंपनी यहां से आयात-निर्यात करेगी उसकी फाइल भी यहीं तैयार होगी। कस्टम हाउस से गुजरात सरकार को भारी राजस्व मिलने वाला है।</p>
<p><strong>विनिर्माण स्रोत से सीधे व्यापार करना हुआ आसान: मनीष जिवानी</strong></p>
<p>इस मामले में कारोबारी मनीष जिवानी ने कहा कि हम सालों से मुंबई में हीरे का कारोबार कर रहे हैं। अब डायमंड बुर्स की स्थापना के साथ हम मुंबई से सूरत स्थानांतरित हो गए हैं। हम अपना स्टाफ भी यहीं शिफ्ट करेंगे।' सबसे महत्वपूर्ण बात यह है कि सूरत मुंबई की तुलना में आवश्यक वस्तुओं पर 50 से 70 प्रतिशत तक कम खर्च होता है।</p>
<p><strong>लाइफस्टाइल के मामले में सूरत मुंबई से काफी सस्ता: रमेश भालानी</strong></p>
<p>मुंबई के एक व्यवसायी रमेश भालानी ने कहा कि सूरत का हीरा उद्योग उस दुनिया में एक असाधारण उद्योग था जहां विनिर्माण सूरत में किया जाता था और व्यापार मुंबई से किया जाता था। ऐसी स्थिति दुनिया के किसी भी उद्योग में देखने को नहीं मिलती। डायमंड बुर्स के दुनिया का सबसे बड़ा ऑफिस हब बनने के साथ, हमें उम्मीद है कि यहां से दुनिया भर में व्यापार करना बहुत आसान हो जाएगा। सूरत मुंबई से कम महंगा है। हमारी कंपनी के स्टाफ मेंबर्स भी सूरत में ही शिफ्ट हो जाएंगे।' सूरत में लागत मुंबई की तुलना में बहुत कम होगी। इससे हमें बहुत फायदा होगा। साथ ही सूरत में मैन्युफैक्चरिंग होने से व्यापार में आसानी होगी और सूरत शहर दुनिया से सीधे जुड़ जाएगा।</p>
<p> </p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>सूरत</category>
                                            <category>कारोबार</category>
                                    

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                <pubDate>Thu, 23 Nov 2023 20:03:26 +0530</pubDate>
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                                    <dc:creator><![CDATA[Bhatu Patil]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>सूरत : डायमंड बुर्स की आधिकारिक शुरुआत,  विदेशी खरीदारों ने पहले दिन की खरीदारी</title>
                                    <description><![CDATA[<p>दुनिया की सबसे बड़ी ऑफिस बिल्डिंग सूरत डायमंड बुर्स (एसडीबी) आज से आधिकारिक तौर पर कारोबार के लिए खुल गया।  एसडीबी के भीतर लगभग 135 कार्यालय हीरा व्यापारियों द्वारा संचालित किए गए थे। शास्त्रोक्त विधि के अनुसार मंगलवार सुबह-सुबह हीरा व्यापारी अपने कर्मचारियों के साथ कार्यालय में प्रवेश कर गए और पूजा-अर्चना के साथ व्यापार-व्यवसाय शुरू किया। 135 व्यापारियों में से 26 हीरा व्यापारियों ने मुंबई से अपना कार्यालय बंद कर दिया है और स्थायी रूप से सूरत स्थायी हो गए हैं। विदेश से कई खरीदार आज सूरत डायमंड बुर्स में आए। सूरत डायमंड बुर्स के अंदर कार्यालय खुलने से</p>...]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.loktej.com/article/97305/surat-diamond-bourse-officially-opens-with-foreign-buyers-buying-on"><img src="https://www.loktej.com/media/400/2023-11/‍b21112023-04.jpg" alt=""></a><br /><p>दुनिया की सबसे बड़ी ऑफिस बिल्डिंग सूरत डायमंड बुर्स (एसडीबी) आज से आधिकारिक तौर पर कारोबार के लिए खुल गया।  एसडीबी के भीतर लगभग 135 कार्यालय हीरा व्यापारियों द्वारा संचालित किए गए थे। शास्त्रोक्त विधि के अनुसार मंगलवार सुबह-सुबह हीरा व्यापारी अपने कर्मचारियों के साथ कार्यालय में प्रवेश कर गए और पूजा-अर्चना के साथ व्यापार-व्यवसाय शुरू किया। 135 व्यापारियों में से 26 हीरा व्यापारियों ने मुंबई से अपना कार्यालय बंद कर दिया है और स्थायी रूप से सूरत स्थायी हो गए हैं। विदेश से कई खरीदार आज सूरत डायमंड बुर्स में आए। सूरत डायमंड बुर्स के अंदर कार्यालय खुलने से सूरत के हीरा उद्योग को भी काफी गति मिलेगी।</p>
<p>आज से शुरू हुए हीरा बाजार में कारोबार करने वाले 135 व्यापारियों में से 26 हीरा व्यापारी स्थायी रूप से मुंबई से सूरत चले गए हैं। मुंबई के व्यापारियों ने मुंबई कार्यालय बंद कर दिया है और आज से अपने सभी कर्मचारियों के साथ सूरत डायमंड बुर्स में काम करना शुरू कर दिया है। व्यापारियों का मानना ​​है कि अब तक सूरत से कटे, पॉलिश और कच्चे हीरों का माल मुंबई लाया जाता था। तब इसका व्यापार मुंबई से होता था, लेकिन अब सूरत में सभी प्लेटफार्म उपलब्ध होने से व्यापार को काफी बढ़ावा मिलेगा।</p>
<p>सूरत की मशहूर किरण जेम्स ग्लोबल कंपनी के मालिक दिनेश लाखानी ने आज अपने ऑफिस में कारोबार की शुरुआत की। डायमंड बुर्स के 15वीं मंजिल पर स्थित ऑफिस में अपने स्टाफ के साथ विघ्नहर्ता की पूजा की और श्रीगणेश की विधिवत पूजा की। इस अवसर पर डायमंड बुर्स के अध्यक्ष वल्लभ लाखानी और समिति सदस्य दिनेश नावडिया भी उपस्थित थे। सभी महानुभावों ने कहा कि आज से सूरत डायमंड बुर्स में 135 कार्यालयों में कारोबार शुरू हो गया है, जिसमें से 26 कार्यालय मुंबई डायमंड बुर्स के व्यापारियों के हैं।</p>
<p><strong>17 दिसंबर को पीएम उद्घाटन करेंगे </strong></p>
<p>डायमंड बुर्स के अध्यक्ष वल्लभ लाखानी ने कहा कि सूरत डायमंड बुर्स में अपना कारोबार शुरू करने वाले व्यापारियों ने खुशी व्यक्त की है। अन्य व्यवसायियों की ओर से भी उनके कार्यालय में फर्नीचर बनाने की मांग आ रही है। सूरत को हाल तक डायमंड सिटी के नाम से जाना जाता था, अब इसे सूरत डायमंड बुर्स के नाम से पहचान मिल रही है। पिछले सात वर्षों की मेहनत अब साकार हो रही है। धीरे-धीरे डायमंड बुर्स में अन्य कार्यालय भी फलफूलेंगे, जहां उम्मीद है कि अगले एक साल में 4 हजार कार्यालय चालू हो जाएंगे। इतना ही नहीं, 17 दिसंबर को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी डायमंड बुर्स का उद्घाटन करने वाले हैं।</p>
<p><br /><strong>बुर्स की आज एक अलग पहचान है: दिनेश नावडिया</strong></p>
<p>सूरत डायमंड बुर्स समिति के मीडिया संयोजक दिनेश नावडिया ने कहा कि छह साल के भीतर सूरत डायमंड चालू होने जा रहा है। देश के प्रधानमंत्री के ट्वीट के बाद कि सूरत डायमंड बुर्स दुनिया की सबसे बड़ी व्यापारिक इमारत है, आज सूरत डायमंड बुर्स को एक अलग पहचान मिल गई है। आज यहां 135 व्यापारी अपना कारोबार संचालित किया हैं। सबसे बड़ी खुशी की बात यह है कि करीब 26 व्यापारियों ने अपना पूरा कारोबार महाराष्ट्र मुंबई से बंद कर आज से सूरत डायमंड बुर्स में शुरू कर दिया है।</p>
<p><strong>पहले दिन देश विदेश से कई व्यापारी मौजूद रहे</strong></p>
<p>सबसे बड़ी बात यह है कि आज से शुरू हुए डायमंड एक्सचेंज के श्रीगणेश में विदेशी खरीदार आ गए हैं और खरीदारी शुरू कर दी है। धीरे-धीरे, सूरत डायमंड बुर्स अंतरराष्ट्रीय बाजार में एक नाम बन रहा है। एक नया माहौल बन रहा है, मुझे विश्वास है कि अब तक सूरत शहर डायमंड सिटी के नाम से जाना जाता था और आने वाले दिनों में सूरत शहर डायमंड बर्से सिटी के रूप में पहचान बनाएगा। पहले दिन जब डायमंड बुर्स में व्यापारियों द्वारा कार्यालय खोला गया, तो विदेश से कई व्यापारी उपस्थित थे, जिसमें किरण जेम्स के साथ व्यापार करने वाले तुर्की के एक इलोरियन हीरा व्यापारी विशेष रूप से सूरत डायमंड बुर्स के उद्घाटन में पहुंचे। पहले ही दिन उन्होंने खरीदारी की और बिजनेस शुरू कर दिया।</p>
<p><strong>मैं पहली बार सूरत आया हूं: इलोरोज़िया</strong></p>
<p>तुर्की के हीरा व्यापारी इलोरोज़िया ने कहा, मैं पहली बार सूरत आया हूं। मैं पिछले कुछ समय से किरण जेम्स के डीलर से हीरे खरीद रहा था। अब तक मैं सिर्फ मुंबई से ही हीरे खरीदता था, लेकिन अब सूरत डायमंड बुर्स देखने के बाद मुझे विश्वास है कि यह बहुत आसान तरीका है। यह उस स्थान पर उपलब्ध हीरे खरीदने का एक बहुत आसान तरीका होगा जहां विनिर्माण इकाई स्थित है। यहां हमारा पहले दिन का अनुभव अद्भुत एवं अलौकिक था। आने वाले दिनों में सूरत डायमंड बुर्स में व्यापार करना खुशी की बात होगी।</p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>सूरत</category>
                                            <category>कारोबार</category>
                                    

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                <pubDate>Tue, 21 Nov 2023 20:09:58 +0530</pubDate>
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                                    <dc:creator><![CDATA[Bhatu Patil]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>सूरत : एसडीबी (सूरत डायमंड बुर्स)  के 135 कार्यालयों में  21 नवंबर मंगलवार से एक साथ हीरे का कारोबार शुरू </title>
                                    <description><![CDATA[<p>सूरत ड्रीम सिटी में साकार हुआ सूरत डायमंड बुर्स प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का एक ड्रीम प्रोजेक्ट है। दुनिया भर के हीरा व्यापारियों की नजरें सूरत डायमंड बुर्स पर हैं। फिर अब सूरत डायमंड बुर्स अलग-अलग तरीकों से कारोबार शुरू करने जा रहा है। शानदार ढंग से डिजाइन किया गया प्रतिष्ठित सूरत डायमंड बुर्स में 21 नवंबर से 135 हीरा डीलरों द्वारा एकसाथ हीरे के व्यापार का श्री गणेश किया जायेगा।</p>
<p><strong>26 हीरा व्यापारी स्थायी रूप से मुंबई से सूरत शिफ्ट हो जाएंगे</strong></p>
<p>135 व्यापारियों में से 26 हीरा व्यापारी स्थायी रूप से मुंबई से सूरत शिफ्ट हो जाएंगे। ये व्यापारी</p>...]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.loktej.com/article/97282/diamond-trading-begins-simultaneously-in-135-offices-of-surat-sdb"><img src="https://www.loktej.com/media/400/2023-07/sdb.jpg" alt=""></a><br /><p>सूरत ड्रीम सिटी में साकार हुआ सूरत डायमंड बुर्स प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का एक ड्रीम प्रोजेक्ट है। दुनिया भर के हीरा व्यापारियों की नजरें सूरत डायमंड बुर्स पर हैं। फिर अब सूरत डायमंड बुर्स अलग-अलग तरीकों से कारोबार शुरू करने जा रहा है। शानदार ढंग से डिजाइन किया गया प्रतिष्ठित सूरत डायमंड बुर्स में 21 नवंबर से 135 हीरा डीलरों द्वारा एकसाथ हीरे के व्यापार का श्री गणेश किया जायेगा।</p>
<p><strong>26 हीरा व्यापारी स्थायी रूप से मुंबई से सूरत शिफ्ट हो जाएंगे</strong></p>
<p>135 व्यापारियों में से 26 हीरा व्यापारी स्थायी रूप से मुंबई से सूरत शिफ्ट हो जाएंगे। ये व्यापारी मुंबई में अपने दफ्तर हमेशा के लिए बंद कर रहे हैं। वह अब अपना कारोबार सूरत से संचालित करेंगे।</p>
<p><strong>बुर्स में एसबीआई बैंक की एक शाखा का उद्घाटन किया गया</strong></p>
<p>सूरत डायमंड बुर्स में ट्रेडिंग शुरू होने से पहले 20 नवंबर को एसबीआई द्वारा एक बैंक का उद्घाटन किया गया था। इस बैंक के खुलने से व्यापारी अपना वित्तीय लेनदेन आसानी से कर सकेंगे।</p>
<p>सूरत डायमंड बुर्स के चेयरमैन वल्लभ लाखानी, अध्यक्ष नागजी साकरिया और मीडिया कमेटी के संयोजक दिनेश नावडिया ने कहा, 'सूरत डायमंड बुर्स शुरू होने जा रहा है, हीरे समेत अन्य व्यापार से जुड़े लोग भी सूरत डायमंड बुर्स शुरू होने का बेसब्री से इंतजार कर रहे हैं। अब लोगों की उत्सुकता का अंत आयेगा।</p>
<p><strong>प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी 17 दिसंबर को स्टॉक एक्सचेंज का औपचारिक उद्घाटन करेंगे</strong></p>
<p>सूरत डायमंड बुर्स में मंगलवार, 21 नवंबर को औपचारिक रूप से कारोबार के लिए खुलेगा। इसके बाद 17 दिसंबर को देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी डायमंड बुर्स का उद्घाटन करेंगे। दशहरे के दिन 983 कार्यालयों में कुंभघड़ा लगाया गया। इसके बाद पिछले 20 दिनों से हर दिन 20 से 25 दफ्तरों में कुंभघड़े लगाए जा रहे हैं।</p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>सूरत</category>
                                            <category>कारोबार</category>
                                    

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                <pubDate>Mon, 20 Nov 2023 19:18:46 +0530</pubDate>
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                                    <dc:creator><![CDATA[Bhatu Patil]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>सूरत : सामूहिक आत्महत्या मामले में पुलिस को मिले दूसरे सुसाइड नोट में बड़ा खुलासा</title>
                                    <description><![CDATA[<p>सूरत के पालनपुर जकातनाका इलाके में 28 अक्टूबर को हुए सामूहिक आत्महत्या मामले में पुलिस जांच के दौरान मिले दूसरे सुसाइड नोट से बड़ा खुलासा हुआ है। मृतक मनीष सोलंकी के पार्टनर के खिलाफ उकसाने का मामला दर्ज कर गिरफ्तार कर लिया गया है। हालांकि, थाने ले जाते वक्त आरोपी की तबीयत बिगड़ गई। जिसके चलते पुलिस ने तुरंत पुलिस वैन से इलाज के लिए सिविल अस्पताल पहुंचाया है। पुलिस जांच के मुताबिक आरोपी इंद्रपाल पुनाराम शर्मा मृतक मनीष सोलंकी के साथ पार्टनरशिप में निधि प्लाइवुड के नाम से कारोबार कर रहा था।</p>
<p>पुलिस जांच में पता चला कि आरोपी</p>...]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.loktej.com/article/97074/big-revelation-in-second-suicide-note-found-by-police-in"><img src="https://www.loktej.com/media/400/2023-11/‍b09112023-02.jpg" alt=""></a><br /><p>सूरत के पालनपुर जकातनाका इलाके में 28 अक्टूबर को हुए सामूहिक आत्महत्या मामले में पुलिस जांच के दौरान मिले दूसरे सुसाइड नोट से बड़ा खुलासा हुआ है। मृतक मनीष सोलंकी के पार्टनर के खिलाफ उकसाने का मामला दर्ज कर गिरफ्तार कर लिया गया है। हालांकि, थाने ले जाते वक्त आरोपी की तबीयत बिगड़ गई। जिसके चलते पुलिस ने तुरंत पुलिस वैन से इलाज के लिए सिविल अस्पताल पहुंचाया है। पुलिस जांच के मुताबिक आरोपी इंद्रपाल पुनाराम शर्मा मृतक मनीष सोलंकी के साथ पार्टनरशिप में निधि प्लाइवुड के नाम से कारोबार कर रहा था।</p>
<p>पुलिस जांच में पता चला कि आरोपी इंद्रपाल दिवाली पर पैसे देने के लिए सभी बिल एक साथ देता था और पैसे मांगता था। वह लोन पास कराने और पैसे देने का दबाव बनाता था। ये पूरी जानकारी पुलिस को मिले दूसरे सुसाइड नोट में है। मृतक मनीष सोलंकी की बेटी घनश्याम परमार की शिकायत के आधार पर पुलिस ने उकसाने का मामला दर्ज कर आरोपी इंद्रपाल को गिरफ्तार कर लिया है।</p>
<p>गौरतलब है कि सूरत के पालनपुर जकातनाका इलाके में सिद्धेश्वर कॉम्प्लेक्स की सी-2 बिल्डिंग के ग्राउंड प्लस साइड के एक फ्लैट में रहने वाले मनीष कनुभाई सोलंकी प्लाईवुड से फर्नीचर बनाने के कारोबार से जुड़े थे। मनीषभाई अपनी पत्नी, तीन बच्चों और माता-पिता के साथ एक संयुक्त परिवार में रहते थे। घर में परिवार के सभी सदस्य मृत पाए गए और बिल्डिंग के लोगों ने पुलिस को सूचना दी। इससे पहले मिले सुसाइड नोट में मनीषभाई ने इस बात का भी जिक्र किया है कि मैंने जीते जी किसी को परेशान नहीं किया और मरने के बाद भी मैं किसी को परेशान नहीं करना चाहता।</p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>सूरत</category>
                                    

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                <pubDate>Thu, 09 Nov 2023 19:21:01 +0530</pubDate>
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