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                <title>Sudan - Loktej</title>
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                <description>Sudan RSS Feed</description>
                
                            <item>
                <title>सूडान में ढही सोने की खदान, 11 की मौत, 7 घायल</title>
                                    <description><![CDATA[<p>खार्तूम, 30 जून (वेब वार्ता)। उत्तर-पूर्वी सूडान में एक सोने की खदान ढहने से 11 लोगों की मौत हो गई और 7 लोग घायल हो गए। सरकारी खनिज संसाधन कंपनी ने यह जानकारी दी।</p>
<p>सिन्हुआ समाचार एजेंसी के अनुसार, रेड सी स्टेट में अत्बारा और हाया शहरों के बीच हौएद इलाके में स्थित केर्श अल-फील खदान में यह हादसा हुआ। कंपनी ने अपने बयान में बताया कि खदान ढहने से यह घटना हुई, लेकिन हादसे की तारीख का जिक्र नहीं किया गया।</p>
<p>कंपनी ने कहा कि सुरक्षा संबंधी चिंताओं के कारण खदान को पहले ही बंद करने का आदेश दिया</p>...]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.loktej.com/article/141629/gold-mine-11-killed-in-sudan-7-injured-7"><img src="https://www.loktej.com/media/400/2022-07/gold-ingots-treasure-bullion-gold-bars-wealth.jpg" alt=""></a><br /><p>खार्तूम, 30 जून (वेब वार्ता)। उत्तर-पूर्वी सूडान में एक सोने की खदान ढहने से 11 लोगों की मौत हो गई और 7 लोग घायल हो गए। सरकारी खनिज संसाधन कंपनी ने यह जानकारी दी।</p>
<p>सिन्हुआ समाचार एजेंसी के अनुसार, रेड सी स्टेट में अत्बारा और हाया शहरों के बीच हौएद इलाके में स्थित केर्श अल-फील खदान में यह हादसा हुआ। कंपनी ने अपने बयान में बताया कि खदान ढहने से यह घटना हुई, लेकिन हादसे की तारीख का जिक्र नहीं किया गया।</p>
<p>कंपनी ने कहा कि सुरक्षा संबंधी चिंताओं के कारण खदान को पहले ही बंद करने का आदेश दिया गया था। लेकिन, इसने खनन गतिविधियों की निगरानी जारी रखने और सुरक्षा मानकों को बेहतर करने का वादा किया, साथ ही खनिकों से सुरक्षा और पर्यावरण नियमों का पालन करने की अपील की।</p>
<p>सूडान में पारंपरिक खनन से सोने का एक बड़ा हिस्सा निकलता है, लेकिन खराब सुरक्षा मानकों और पुराने ढांचे के कारण क्षेत्र में अक्सर दुर्घटनाएं होती हैं।</p>
<p>कंपनी ने कहा कि उसने पहले ही खदान में काम रोक दिया था और इसके जोखिम के बारे में चेतावनी दी थी, क्योंकि यह जानलेवा खतरा पैदा कर सकता है।</p>
<p>आधिकारिक और एनजीओ के अनुसार, सोने का लगभग सारा व्यापार संयुक्त अरब अमीरात (यूएई) के माध्यम से होता है। यूएई पर रैपिड सपोर्ट फोर्सेज (आरएसएफ) को हथियार देने का आरोप है, लेकिन यूएई इससे इनकार करता है।</p>
<p>सूडान में युद्ध ने पहले ही कमजोर अर्थव्यवस्था को पूरी तरह से तोड़ दिया है। करीब 15 लाख छोटे-मोटे खनिक (आर्टिसनल माइनर्स) सूडान के लगभग 80 प्रतिशत सोने का उत्पादन करते हैं। आधिकारिक आंकड़ों के अनुसार, 2024 में सूडान में कुल 64 टन सोना उत्पादित हुआ।</p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>ज़रा हटके</category>
                                    

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                <pubDate>Mon, 30 Jun 2025 15:31:52 +0530</pubDate>
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                                    <dc:creator><![CDATA[Bhatu Patil]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>सूडान में विमान हादसा, चार सैनिकों समेत नौ की मौत</title>
                                    <description><![CDATA[<p>काहिरा, 24 जुलाई (हि.स.)। अफ्रीकी देश सूडान के पोर्ट सूडान एयरपोर्ट पर रविवार देररात टेकऑफ करते समय एक यात्री विमान दुर्घटनाग्रस्त हो गया। इस हादसे में चार सैनिकों समेत नौ लोगों की मौत हो गई। इस दुर्घटना में एक बच्ची घायल हुई है। उसका अस्पताल में इलाज चल रहा है।<br /><br />सूडान की सेना ने कहा है कि यह हादसा विमान में तकनीकी खराबी आने के कारण हुआ। उड़ान के समय इस विमान में तकनीकी खराबी आ गई। इसके बाद उसे उतारने का फैसला किया गया।<br /><br />उल्लेखनीय है कि 15 अप्रैल को सशस्त्र बलों और प्रतिद्वंद्वी अर्धसैनिक रैपिड सपोर्ट फोर्सेज (आरएसएफ)</p>...]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.loktej.com/article/94079/plane-crash-in-sudan-kills-nine-including-four-soldiers"><img src="https://www.loktej.com/media/400/2023-07/d24072023-07.jpg" alt=""></a><br /><p>काहिरा, 24 जुलाई (हि.स.)। अफ्रीकी देश सूडान के पोर्ट सूडान एयरपोर्ट पर रविवार देररात टेकऑफ करते समय एक यात्री विमान दुर्घटनाग्रस्त हो गया। इस हादसे में चार सैनिकों समेत नौ लोगों की मौत हो गई। इस दुर्घटना में एक बच्ची घायल हुई है। उसका अस्पताल में इलाज चल रहा है।<br /><br />सूडान की सेना ने कहा है कि यह हादसा विमान में तकनीकी खराबी आने के कारण हुआ। उड़ान के समय इस विमान में तकनीकी खराबी आ गई। इसके बाद उसे उतारने का फैसला किया गया।<br /><br />उल्लेखनीय है कि 15 अप्रैल को सशस्त्र बलों और प्रतिद्वंद्वी अर्धसैनिक रैपिड सपोर्ट फोर्सेज (आरएसएफ) के बीच लड़ाई शुरू होने के बाद से पोर्ट सूडान प्रवासियों, राजनयिक मिशन के सदस्यों और उत्तरी अफ्रीकी देश से भाग रहे सूडान के नागरिकों के लिए प्रमुख निकासी बिंदु बन गया है।<br /><br />यह लड़ाई रविवार को 100वें दिन में प्रवेश कर गई। स्वास्थ्य मंत्रालय ने कहा कि हिंसा में कम से कम 1,136 लोग मारे गए हैं। अनुमान है 30 लाख से अधिक लोग विस्थापित हुए हैं। इनमें से सात लाख लोग पड़ोसी देश मिस्र, चाड और दक्षिण सूडान पहुंचे हैं।</p>]]></content:encoded>
                
                

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                <pubDate>Mon, 24 Jul 2023 17:16:45 +0530</pubDate>
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                                    <dc:creator><![CDATA[Dharmendra Mishra]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>ऑपरेशन कावेरी: सूडान से निकाला गया भारतीयों का 10वां जत्था, दूतावास कर्मियों के परिजन पहुंचे जेद्दाह</title>
                                    <description><![CDATA[<p style="text-align:justify;">खार्तूम जेद्दाह/, 28 अप्रैल (हि.स.)। हिंसक संघर्ष से प्रभावित सूडान में फंसे भारतीयों को निकालने के लिए चलाए जा रहे अभियान, ऑपरेशन कावेरी में तेजी लाई गयी है। सूडान से भारतीयों का दसवां जत्था निकाला गया है। वहीं, सूडान स्थित भारतीय दूतावास कर्मचारियों के परिजन भी सूडान से निकल कर जेद्दाह पहुंच चुके हैं।<br /><br />भारत सरकार ने सूडान में फंसे भारतीयों को निकालने के लिए ऑपरेशन कावेरी शुरू किया है। इस बीच सूडान की सेना और अर्धसैनिक बल रैपिड सपोर्ट फोर्सेस के बीच संघर्ष विराम 72 घंटे के लिए और बढ़ जाने का लाभ भी ऑपरेशन कावेरी से जुड़े अधिकारी</p>...]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.loktej.com/article/91672/operation-kaveri-10th-batch-of-indians-evacuated-from-sudan-relatives"><img src="https://www.loktej.com/media/400/2023-04/d28042023-02.jpg" alt=""></a><br /><p style="text-align:justify;">खार्तूम जेद्दाह/, 28 अप्रैल (हि.स.)। हिंसक संघर्ष से प्रभावित सूडान में फंसे भारतीयों को निकालने के लिए चलाए जा रहे अभियान, ऑपरेशन कावेरी में तेजी लाई गयी है। सूडान से भारतीयों का दसवां जत्था निकाला गया है। वहीं, सूडान स्थित भारतीय दूतावास कर्मचारियों के परिजन भी सूडान से निकल कर जेद्दाह पहुंच चुके हैं।<br /><br />भारत सरकार ने सूडान में फंसे भारतीयों को निकालने के लिए ऑपरेशन कावेरी शुरू किया है। इस बीच सूडान की सेना और अर्धसैनिक बल रैपिड सपोर्ट फोर्सेस के बीच संघर्ष विराम 72 घंटे के लिए और बढ़ जाने का लाभ भी ऑपरेशन कावेरी से जुड़े अधिकारी लेना चाहते हैं। इस कारण सूडान से भारतीयों को निकालने में तेजी लाई जा रही है। इस अभियान के तहत जल व वायुमार्ग से सूडान में फंसे भारतीयों को निकाला जा रहा है। भारतीय वायुसेना के सी-130जे विमान ने सूडान से जेद्दाह के लिए उड़ान भरी। इस विमान से 135 भारतीयों का दसवां जत्था सूडान से निकाला गया है।<br /><br />उधर, जेद्दाह में भारत सरकार के केंद्रीय मंत्री वी मुरलीधरन स्वयं मौजूद रहकर ऑपरेशन कावेरी पर नजर रख रहे हैं। इससे पहले उन्होंने ट्वीट कर सूडान से आए आठवें जत्थे का जेद्दाह में स्वागत करने की जानकारी दी थी। इस जत्थे में सूडान स्थित भारतीय दूतावास के कर्मचारियों के परिजन भी शामिल थे, जिन्होंने संकटग्रस्त सूडान से निकलने के बाद राहत की सांस ली।<br /><br />सूडान में करीब तीन हजार भारतीय रह रहे थे। जिस रफ्तार से भारतीय टीम वहां से लोगों को निकाल रही है, इससे माना जा रहा है कि जल्द ही भारत का ऑपरेशन कावेरी सफलतापूर्वक पूरा हो जाएगा।<br /><br /><br /></p>]]></content:encoded>
                
                

                <link>https://www.loktej.com/article/91672/operation-kaveri-10th-batch-of-indians-evacuated-from-sudan-relatives</link>
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                <pubDate>Fri, 28 Apr 2023 18:19:50 +0530</pubDate>
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                                    <dc:creator><![CDATA[Dharmendra Mishra]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>सूडान में आपरेशन कावेरी शुरू, 278 भारतीयों का पहला जत्था जेद्दा के लिए रवाना</title>
                                    <description><![CDATA[आईएनएस सुमेधा के बाद नौसेना का दूसरा पोत तेग भी पहुंच गया सूडान के तट]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.loktej.com/article/91608/operation-kaveri-begins-in-sudan-first-batch-of-278-indians"><img src="https://www.loktej.com/media/400/2023-04/d26042023-03.jpg" alt=""></a><br /><p>खार्तुम/नई दिल्ली, 26 अप्रैल (हि. स.)। सूडान में हिंसा के बीच ऑपरेशन कावेरी के तहत 278 भारतीय नागरिकों का पहला जत्था आईएनएस सुमेधा से जेद्दा के लिए रवाना हो गया है। इसके साथ ही सूडान में 72 घंटे के युद्ध विराम के दौरान वहां फंसे भारतीय नागरिकों को आवश्यक राहत सामग्री भी पहुंचाई गई।<br /><br />आधिकारिक जानकारी के अनुसार ऑपरेशन कावेरी के तहत तीन हजार भारतीय नागरिकों को निकालने के लिए ऑपरेशन कावेरी शुरू किया है। नौ सेना का दूसरा जहाज आईएनएस तेग भी सूडान के तट पर पहुंच गया है। भारत ने सूडान में फंसे भारतीयों को को निकालने व राहत सामाग्री पहुंचाने के लिए सऊदी अरब के शहर जेद्दा में नियंत्रण कक्ष स्थापित किया है। इस बीच विदेश राज्यमंत्री वी मुरलीधरन भारतीयों को निकालने के मिशन की निगरानी के लिए जेद्दा पहुंच चुके हैं।<br /><br />विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता अरिंदम बागची ने एक ट्वीट में बताया कि ऑपरेशन कावेरी के तहत सूडान में फंसे 278 भारतीयों का पहला जत्था आईएनएस सुमेधा से जेद्दा के लिए रवाना हो गया। जेद्दा से भारतीय नागरिकों को भारतीय वायु सेना के विमानों से देश लाया जाएगा।<br /><br />एक अन्य ट्वीट में बागची ने कहा कि भारतीयों को निकालने के लिए दूसरा आईएनएस तेग भी सूडान के तट पर पहुंच चुका है। उन्होंने कहा कि ऑपरेशन कावेरी के तहत और भारतीय नागरिकों को निकालने के लिए अधिकारियों के साथ आईएनएस तेग जरूरी राहत सामाग्री के साथ सूडान तट के दूतावास कैंप कार्यालय पर पहुंच गया है। सूडान में पिछले 12 दिनों से सेना और पैरामिलिट्री समूह के बीच भयंकर युद्ध में अबतक चार सौ लोगों की मौत हो चुकी है। सूडान से भारतीयों को निकालने के लिए भारत के प्रयास से सेना और पैरामिलिट्री रैपिड सपोर्ट फोर्स (आरएसएफ) के बीच 72 घंटे के युद्ध विराम पर सहमति बनी है।<br /><br />विदेश राज्यमंत्री मुरलीधरन ने कहा कि भारतीयों को निकालने के लिए सूडान और जेद्दा में जरूरी तैयारी की गई है। जेद्दा पहुंचने पर उन्होंने यहां स्थापित नियंत्रण कक्ष का दौरा किया।<br /><br />उल्लेखनीय है कि भारत ने हिंसाग्रस्त सूडान से अपने नागरिकों को निकालने के लिए सोमवार को ऑपरेशन कावेरी शुरू किया। विदेश मंत्री एस जयशंकर ने सोमवार को कहा था कि सूडान में फंसे हमारे नागरिकों को वापस लाने के लिए ऑपरेशन कावेरी शुरू हो गया है। भारतीय जहाज और विमान भारतीयों को स्वदेश लाने के लिए तैयार हैं।</p>]]></content:encoded>
                
                

                <link>https://www.loktej.com/article/91608/operation-kaveri-begins-in-sudan-first-batch-of-278-indians</link>
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                <pubDate>Wed, 26 Apr 2023 16:11:40 +0530</pubDate>
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                                    <dc:creator><![CDATA[Dharmendra Mishra]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>सूडान में फंसे राजनयिकों, नागरिकों की निकासी के लिए प्रयासरत हैं कई देश</title>
                                    <description><![CDATA[<p style="text-align:justify;">खार्तूम, 24 अप्रैल (हि.स.)। अफ्रीकी देश सूडान में जारी संघर्ष के बीच रविवार को अमेरिका द्वारा अमेरिकी दूतावास के अधिकारियों को सुरक्षित निकालने के बाद कई अन्य देशों की सरकारें भी अपने राजनयिक कर्मचारियों तथा राजधानी में फंसे नागरिकों को निकालने के लिए प्रयासरत हैं। वहीं संघर्ष में 264 नागरिकों सहित 400 से अधिक लोग मारे गए हैं और 3,500 से अधिक लोग घायल हुए हैं।<br /><br />ईद-उल-फितर पर तीन दिन के युद्ध विराम की घोषणा के बावजूद बावजूद हिंसा हुई। वहीं रविवार को सूडान की राजधानी खार्तूम से नील नदी के पास स्थित शहर ओमडुरमैन में फिर से लड़ाई शुरू</p>...]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.loktej.com/article/91551/many-countries-are-trying-to-evacuate-diplomats-and-citizens-trapped"><img src="https://www.loktej.com/media/400/2023-04/k24042023-09.jpg" alt=""></a><br /><p style="text-align:justify;">खार्तूम, 24 अप्रैल (हि.स.)। अफ्रीकी देश सूडान में जारी संघर्ष के बीच रविवार को अमेरिका द्वारा अमेरिकी दूतावास के अधिकारियों को सुरक्षित निकालने के बाद कई अन्य देशों की सरकारें भी अपने राजनयिक कर्मचारियों तथा राजधानी में फंसे नागरिकों को निकालने के लिए प्रयासरत हैं। वहीं संघर्ष में 264 नागरिकों सहित 400 से अधिक लोग मारे गए हैं और 3,500 से अधिक लोग घायल हुए हैं।<br /><br />ईद-उल-फितर पर तीन दिन के युद्ध विराम की घोषणा के बावजूद बावजूद हिंसा हुई। वहीं रविवार को सूडान की राजधानी खार्तूम से नील नदी के पास स्थित शहर ओमडुरमैन में फिर से लड़ाई शुरू हो गई है।<br /><br />ओमडुरमैन में एक इमारत में रहने वाले अमीन अल-तैयद ने कहा कि हमने ऐसा संघर्ष विराम नहीं देखा है। उन्होंने कहा कि भारी गोलीबारी हुई है और शहर विस्फोटों से दहल उठा है। खार्तूम स्थित हवाई अड्डे के ऊपर घना काला धुआं छा गया। सूडानी सैन्य बलों से लड़ाई के बीच अर्धसैनिक बल ने दावा किया कि खार्तूम के उत्तर में काफौरी में सेना ने हवाई हमले किए। फिलहाल सेना ने इस पर कोई टिप्पणी नहीं की है।<br /><br />एक सप्ताह के खूनी संघर्ष के बाद बचाव अभियान में अवरोध के बावजूद अमेरिकी विशेष सैन्य बलों ने रविवार तड़के खार्तूम से अमेरिकी दूतावास के 70 कर्मचारियों को इथियोपिया में एक अज्ञात स्थान पर पहुंचाया। हालांकि अमेरिकी अधिकारियों ने कहा कि सरकार द्वारा नागरिकों की समन्वित सामूहिक निकासी को अंजाम देना अब भी बहुत खतरनाक है। अन्य देश भी अपने नागरिकों और राजनयिकों को निकालने के लिए जद्दोजहद कर रहे हैं।<br /><br />फ्रांस और नीदरलैंड ने रविवार को कहा कि वे सहयोगी देशों के कुछ नागरिकों के साथ-साथ दूतावास के कर्मचारियों और नागरिकों के लिए निकासी अभियान शुरू कर रहे हैं। फ्रांस के विदेश मंत्रालय की प्रवक्ता ऐनी-क्लेयर लिजेंड्रे ने कहा कि फ्रांस यूरोपीय भागीदारों की मदद से अभियान चला रहा है। सूडान के सैन्य बलों और शक्तिशाली अर्धसैनिक बल रैपिड सपोर्ट फोर्स के बीच संघर्ष में देश के मुख्य अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे को निशाना बनाया गया। परिचालन ठप होने के साथ कई विमान क्षतिग्रस्त हो गए और एक रनवे नष्ट हो चुका है। देश के अन्य हवाई अड्डों से भी परिचालन ठप है।<br /><br />संघर्ष के कारण जमीनी मार्ग से निकासी भी खतरनाक है। खार्तूम, लाल सागर पोर्ट सूडान से लगभग 840 किलोमीटर दूर है। हालांकि तमाम खतरों के बीच कुछ देश निकासी अभियान संचालित कर रहे हैं। सऊदी अरब ने  कहा कि देश ने 157 लोगों को सफलतापूर्वक निकाला, जिनमें 91 सऊदी नागरिक और अन्य देशों के नागरिक शामिल हैं।</p>
<p style="text-align:justify;">सऊदी अरब ने खार्तूम से पोर्ट सूडान तक कार और बस से यात्रा कर रहे सऊदी और अन्य विदेशी नागरिकों के एक बड़े काफिले की फुटेज जारी की। इन लोगों को नौसेना के जहाज से लाल सागर के पार जेद्दा के सऊदी बंदरगाह तक पहुंचाया गया। जनरल अब्देल-फतह बुरहान के नेतृत्व में सूडान की सेना और जनरल मोहम्मद हमदान डागलो के नेतृत्व में रैपिड सपोर्ट फोर्स के बीच सत्ता संघर्ष ने लोकतांत्रिक परिवर्तन के लिए सूडान की उम्मीदों को करारा झटका दिया है। <br /><br />मिस्र के विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता अहमद अबू जैद ने विवरण दिए बिना कहा कि रविवार को सूडान में मिस्र के एक राजनयिक गोली लगने से घायल हो गए। हताहतों की संख्या पर नजर रखने वाले सूडान डॉक्टर्स सिंडिकेट अनुसार लड़ाई के बीच कई घायल फंसे हुए हैं। संगठन ने कहा कि हताहतों की संख्या कहीं अधिक हो सकती है।</p>]]></content:encoded>
                
                

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                <pubDate>Mon, 24 Apr 2023 19:06:05 +0530</pubDate>
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                                    <dc:creator><![CDATA[Dharmendra Mishra]]></dc:creator>
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                <title>सूडान में हिंसा भड़की: राष्ट्रपति भवन पर कब्जा, हवाई जहाज जलाए गए</title>
                                    <description><![CDATA[<p>खार्तूम, 15 अप्रैल (हि.स.)। सूडान में सत्ता पर काबिज सेना और अर्धसैनिक बलों के बीच जारी घमासान भीषण हिंसा में तब्दील हो गया है। अर्धसैनिक बलों ने एक ओर जहां राष्ट्रपति भवन पर कब्जे का दावा किया है, दूसरी ओर वहीं आगजनी की चपेट में हवाई अड्डा भी आ गया है। कई हवाई जहाज जला दिये गए हैं।<br /><br />सूडान में 2021 में सेना द्वारा तख्तापलट किए जाने के बाद से वहां के अर्धसैनिक बल रैपिड सपोर्ट फोर्स (आरएसएफ) और सेना के बीच घमासान जारी है। अब यह भीषण हिंसा में बदल गया है। सूडान की राजधानी में सेना मुख्यालय के</p>...]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.loktej.com/article/91304/violence-erupts-in-sudan-rashtrapati-bhavan-captured-airplanes-burnt"><img src="https://www.loktej.com/media/400/2023-04/k15042023-16.jpg" alt=""></a><br /><p>खार्तूम, 15 अप्रैल (हि.स.)। सूडान में सत्ता पर काबिज सेना और अर्धसैनिक बलों के बीच जारी घमासान भीषण हिंसा में तब्दील हो गया है। अर्धसैनिक बलों ने एक ओर जहां राष्ट्रपति भवन पर कब्जे का दावा किया है, दूसरी ओर वहीं आगजनी की चपेट में हवाई अड्डा भी आ गया है। कई हवाई जहाज जला दिये गए हैं।<br /><br />सूडान में 2021 में सेना द्वारा तख्तापलट किए जाने के बाद से वहां के अर्धसैनिक बल रैपिड सपोर्ट फोर्स (आरएसएफ) और सेना के बीच घमासान जारी है। अब यह भीषण हिंसा में बदल गया है। सूडान की राजधानी में सेना मुख्यालय के पास गोलीबारी व धमाकों की आवाजें सुनी गयी हैं। आरएसएफ ने हवाई अड्डा अपने नियंत्रण में लेने की बात कही है। हवाई अड्डे पर कब्जे के दौरान कई हवाई जहाज जला दिए गए। सेना ने कहा है कि आरएसएफ लड़ाके सैन्य मुख्यालय पर कब्जा करने की कोशिश कर रहे हैं। सेना के प्रवक्ता ब्रिगेडियर जनरल नबील अब्दल्लाह ने कहा कि रैपिड सपोर्ट फोर्सेज के लड़ाकों ने खार्तूम और सूडान के आसपास अन्य जगहों पर सेना के कई शिविरों पर हमला किया। झड़पें जारी हैं और सेना देश की सुरक्षा के लिए अपना कर्तव्य निभा रही है।<br /><br />इस बीच उत्तरी शहर मेरोव से भी गोलीबारी की जानकारी सामने आई है। टेलीविजन चैनलों पर सैन्य शिविर से उठते धुएं की तस्वीरें प्रसारित होती देखी गयी हैं। आरएसएफ ने राजधानी खार्तूम में राष्ट्रपति भवन को पूरी तरह से नियंत्रित करने का दावा किया है। सेना व आरएसफ के बीच का घमासान डेढ़ वर्ष से अधिक समय से जारी है। सेना ने अक्टूबर 2021 में तख्तापलट किया था। तबसे वह संप्रभुता परिषद के जरिए देश को चला रही है। सेना का नेतृत्व जनरल अब्देल फतह अल-बुरहान कर रहे हैं, जो संप्रभु परिषद के प्रमुख हैं। आरएसएफ की कमान परिषद के उपाध्यक्ष जनरल मोहम्मद हमदान डागालो के पास है। सूडान की सेना का मानना है कि आरएसएफ, अर्द्धसैनिक बल के तहत आती है और उसे सेना में शामिल नहीं किया जाना चाहिए। ताजा झड़पों की वजह भी यही है।</p>]]></content:encoded>
                
                

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                <pubDate>Sat, 15 Apr 2023 19:26:44 +0530</pubDate>
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