<?xml version="1.0" encoding="utf-8"?>        <rss version="2.0"
            xmlns:content="http://purl.org/rss/1.0/modules/content/"
            xmlns:dc="http://purl.org/dc/elements/1.1/"
            xmlns:atom="http://www.w3.org/2005/Atom">
            <channel>
                <atom:link href="https://www.loktej.com/tag/5378/turkey" rel="self" type="application/rss+xml" />
                <generator>Loktej RSS Feed Generator</generator>
                <title>Turkey - Loktej</title>
                <link>https://www.loktej.com/tag/5378/rss</link>
                <description>Turkey RSS Feed</description>
                
                            <item>
                <title>पश्चिमी तुर्किये में 6.1 तीव्रता का भूकंप, इमारतें ढहीं</title>
                                    <description><![CDATA[<p>अंकारा, 28 अक्टूबर (एपी) पश्चिमी तुर्किये में सोमवार को 6.1 तीव्रता का भूकंप आने से कम से कम तीन इमारतें ढह गईं। अधिकारियों ने यह जानकारी दी।</p>
<p>अधिकारियों ने बताया कि जो इमारतें ढही हैं, वे पूर्व में आए एक भूकंप के कारण पहले ही क्षतिग्रस्त थीं।</p>
<p>आपदा एवं आपातकालीन प्रबंधन एजेंसी (एएफएडी) के अनुसार, स्थानीय समयानुसार रात 10 बजकर 48 मिनट पर आए 6.1 तीव्रता के इस भूकंप का केंद्र बालिकेसिर प्रांत के सिंदिरगी शहर में जमीन से 5.99 किलोमीटर की गहराई में था।</p>
<p>भूकंप के बाद आए कई झटके इस्तांबुल और आसपास के बर्सा, मनीसा और इजमिर प्रांतों</p>...]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.loktej.com/article/143752/6-1-magnitude-earthquake-collapses-buildings-in-western-turkey"><img src="https://www.loktej.com/media/400/2023-03/earthquake.jpg" alt=""></a><br /><p>अंकारा, 28 अक्टूबर (एपी) पश्चिमी तुर्किये में सोमवार को 6.1 तीव्रता का भूकंप आने से कम से कम तीन इमारतें ढह गईं। अधिकारियों ने यह जानकारी दी।</p>
<p>अधिकारियों ने बताया कि जो इमारतें ढही हैं, वे पूर्व में आए एक भूकंप के कारण पहले ही क्षतिग्रस्त थीं।</p>
<p>आपदा एवं आपातकालीन प्रबंधन एजेंसी (एएफएडी) के अनुसार, स्थानीय समयानुसार रात 10 बजकर 48 मिनट पर आए 6.1 तीव्रता के इस भूकंप का केंद्र बालिकेसिर प्रांत के सिंदिरगी शहर में जमीन से 5.99 किलोमीटर की गहराई में था।</p>
<p>भूकंप के बाद आए कई झटके इस्तांबुल और आसपास के बर्सा, मनीसा और इजमिर प्रांतों में महसूस किए गए।</p>
<p>देश के गृह मंत्री अली येरलिकाया ने बताया कि सिंदिरगी में कम से कम तीन खाली इमारतें और दो मंजिला एक दुकान ढह गई। ये इमारतें पहले आए भूकंप में क्षतिग्रस्त हो चुकी थीं।</p>
<p>बालिकेसिर के गवर्नर इस्माइल उस्ताओग्लू ने बताया कि भूकंप के कारण 22 लोग घायल हो गए।</p>
<p>सिंदिरगी के जिला प्रशासक डोगुकन कोयुनकू ने सरकारी अनादोलु एजेंसी से कहा, ‘‘किसी की मौत होने की फिलहाल कोई जानकारी नहीं मिली है लेकिन हम अपना आकलन जारी रखे हुए हैं।’’</p>
<p>अगस्त में सिंदिरगी में भी 6.1 तीव्रता का भूकंप आया था जिसमें एक व्यक्ति की मौत हो गई थी और दर्जनों अन्य लोग घायल हो गए थे। तब से बालिकेसिर के आसपास के क्षेत्र में कम तीव्रता वाले भूकंप आते रहे हैं।</p>
<p>तुर्किये में 2023 में आए 7.8 तीव्रता के भूकंप के कारण 53,000 लोगों की मौत हो गई थी और 11 दक्षिणी एवं दक्षिण-पूर्वी प्रांतों में लाखों इमारतें नष्ट या क्षतिग्रस्त हो गई थी। पड़ोसी देश सीरिया के उत्तरी हिस्सों में भी 6,000 लोग मारे गए थे।</p>]]></content:encoded>
                
                

                <link>https://www.loktej.com/article/143752/6-1-magnitude-earthquake-collapses-buildings-in-western-turkey</link>
                <guid>https://www.loktej.com/article/143752/6-1-magnitude-earthquake-collapses-buildings-in-western-turkey</guid>
                <pubDate>Tue, 28 Oct 2025 15:23:26 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.loktej.com/media/2023-03/earthquake.jpg"                         length="46601"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Bhatu Patil]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>अंकारा : तुर्किये ने अंकारा में हुए हमले का लिया बदला</title>
                                    <description><![CDATA[<p>अंकारा, 24 अक्टूबर (हि.स.)। तुर्किये ने राजधानी अंकारा में घातक आतंकी हमले के बाद उत्तरी इराक और सीरिया में हवाई हमला कर आतंकवादी समूहों के ठिकानों को निशाना बनाया। तुर्किये के समाचार पत्र डेली सबाह की खबर में यह जानकारी दी गई।<br /><br />तुर्किये के रक्षा मंत्रालय ने कहा कि बुधवार को अंकारा में तुर्किये एयरोस्पेस इंडस्ट्रीज पर आतंकवादी हमले के कुछ समय बाद उत्तरी इराक और सीरिया के आतंकवादी समूह कुर्दिस्तान वर्कर्स पार्टी (पीकेके) और पीपुल्स डिफेंस यूनिट्स (वाईपीजी) के खिलाफ बड़ी हवाई कार्रवाई की गई। उल्लेखनीय है कि अंकारा में हुए आतंकी हमले में पांच लोगों की जान गई</p>...]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.loktej.com/article/105122/turkey-took-revenge-for-the-attack-in-ankara-with-air"><img src="https://www.loktej.com/media/400/2024-10/b24102024-03.jpg" alt=""></a><br /><p>अंकारा, 24 अक्टूबर (हि.स.)। तुर्किये ने राजधानी अंकारा में घातक आतंकी हमले के बाद उत्तरी इराक और सीरिया में हवाई हमला कर आतंकवादी समूहों के ठिकानों को निशाना बनाया। तुर्किये के समाचार पत्र डेली सबाह की खबर में यह जानकारी दी गई।<br /><br />तुर्किये के रक्षा मंत्रालय ने कहा कि बुधवार को अंकारा में तुर्किये एयरोस्पेस इंडस्ट्रीज पर आतंकवादी हमले के कुछ समय बाद उत्तरी इराक और सीरिया के आतंकवादी समूह कुर्दिस्तान वर्कर्स पार्टी (पीकेके) और पीपुल्स डिफेंस यूनिट्स (वाईपीजी) के खिलाफ बड़ी हवाई कार्रवाई की गई। उल्लेखनीय है कि अंकारा में हुए आतंकी हमले में पांच लोगों की जान गई और 22 अन्य लोग घायल हुए हैं। उल्लेखनीय है कि सशस्त्र आतंकवादी समूह कुर्दिस्तान वर्कर्स पार्टी मुख्य रूप से दक्षिण-पूर्वी तुर्किये और उत्तरी इराक के पहाड़ी कुर्द-बहुल क्षेत्रों में सक्रिय है। दूसरा आतंकवादी समूह पीपुल्स डिफेंस यूनिट्स (वाईपीजी) सीरिया में सक्रिय है। इसे पीपुल्स प्रोटेक्शन यूनिट्स के नाम से भी जाना जाता है।<br /><br />तुर्किये के रक्षा मंत्रालय ने एक बयान में कहा कि तुर्किये के जेट विमानों ने हवाई हमले में 32 लक्ष्यों को सफलतापूर्वक नष्ट कर दिया। एयर स्ट्राइक जारी रहेगी। सनद रहे आतंकवादियों ने बुधवार दोपहर राजधानी अंकारा में तुर्किये एयरोस्पेस इंडस्ट्रीज पर हमला कर दुनिया को दहला दिया। तुर्किये के आंतरिक मंत्री अली येरलिकाया ने कहा कि देश के सुरक्षा बलों ने दो आतंकवादियों (एक पुरुष और एक महिला) को मार गिराया। तुर्किये हमले में शामिल एक भी आतंकवादी को जिंदा नहीं छोड़ेगा। अंकारा के मुख्य लोक अभियोजक कार्यालय ने आतंकवादी हमले की जांच शुरू कर दी है।<br /><br />तुर्किये पर हुए आतंकवादी हमले की दुनिया के अनेक देशों ने कड़ी निंदा की है। रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन ने ब्रिक्स समूह शिखर सम्मेलन के मौके पर हुए इस हमले की निंदा की। हमले की निंदा करते हुए अमेरिका के विदेशमंत्री एंटनी ब्लिंकन ने कहा कि संयुक्त राज्य अमेरिका तुर्किये के साथ खड़ा है। व्हाइट हाउस के राष्ट्रीय सुरक्षा परिषद के प्रवक्ता जॉन किर्बी ने भी हमले की निंदा की। नाटो महासचिव मार्क रुटे ने कहा कि वह आतंकवाद के सभी रूपों की कड़ी निंदा करते हैं और घटनाक्रम पर करीब से नजर रख रहे हैं। नाटो अपने सहयोगी राष्ट्र तुर्किये के साथ खड़ा है।</p>
<p>यूरोपीय संघ के विदेश नीति प्रमुख जोसेप बोरेल ने कहा कि संघ इस कठिन समय में तुर्किये के साथ एकजुटता व्यक्त करता है। फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रॉन ने भी आतंकवादी हमले की कड़े शब्दों में निंदा की। इनके अलावा जर्मनी के चांसलर ओलाफ स्कोल्ज, नीदरलैंड के प्रधानमंत्री डिक शूफ, ऑस्ट्रिया के चांसलर कार्ल नेहमर, कोसोवो के राष्ट्रपति वजोसा उस्मानी, स्लोवेनिया के उपप्रधान मंत्री तंजा फाजोन और सर्बिया के राष्ट्रपति अलेक्जेंडर वुसिक ने हमले की निंदा करते हुए तुर्किये के साथ खड़े रहने की प्रतिबद्धता दोहराई।</p>]]></content:encoded>
                
                

                <link>https://www.loktej.com/article/105122/turkey-took-revenge-for-the-attack-in-ankara-with-air</link>
                <guid>https://www.loktej.com/article/105122/turkey-took-revenge-for-the-attack-in-ankara-with-air</guid>
                <pubDate>Thu, 24 Oct 2024 15:10:36 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.loktej.com/media/2024-10/b24102024-03.jpg"                         length="45453"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Bhatu Patil]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>तुर्किये में एर्दोगन की सत्ता को करारा झटका, मेयर चुनाव में इस्तांबुल, अंकारा सहित पांच बड़े शहरों में विपक्षियों की जीत</title>
                                    <description><![CDATA[<p style="text-align:justify;">अंकारा, 1 अप्रैल (हि.स.)। दो दशक से ज्यादा समय से तुर्किये की सत्ता पर काबिज रेचेप तैयप एर्दोगन को करारा झटका लगा है। रविवार को देशभर में हुए मेयर चुनाव में उनकी पार्टी एकेपी को भारी हार का सामना करना पड़ा है। तुर्किये की मुख्य विपक्षी पार्टी ने राजधानी अंकारा, इस्तांबुल और इजमिर समेत पांच बड़े शहरों में जीत हासिल की है।<br /><br />तुर्किये के राष्ट्रपति के रूप में तीसरा कार्यकाल हासिल करने के एक साल के भीतर ही बड़े शहरों में मेयर चुनाव में हुई इस हार ने 70 वर्षीय एर्दोगन की हुकूमत को हिलाकर रख दिया है। उनकी पार्टी</p>...]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.loktej.com/article/100624/a-huge-blow-to-erdogans-power-in-turkey-opposition-wins"><img src="https://www.loktej.com/media/400/2024-04/d01042024-08.jpg" alt=""></a><br /><p style="text-align:justify;">अंकारा, 1 अप्रैल (हि.स.)। दो दशक से ज्यादा समय से तुर्किये की सत्ता पर काबिज रेचेप तैयप एर्दोगन को करारा झटका लगा है। रविवार को देशभर में हुए मेयर चुनाव में उनकी पार्टी एकेपी को भारी हार का सामना करना पड़ा है। तुर्किये की मुख्य विपक्षी पार्टी ने राजधानी अंकारा, इस्तांबुल और इजमिर समेत पांच बड़े शहरों में जीत हासिल की है।<br /><br />तुर्किये के राष्ट्रपति के रूप में तीसरा कार्यकाल हासिल करने के एक साल के भीतर ही बड़े शहरों में मेयर चुनाव में हुई इस हार ने 70 वर्षीय एर्दोगन की हुकूमत को हिलाकर रख दिया है। उनकी पार्टी की इस हार से राजनीतिक विश्लेषक भी हैरान हैं। राष्ट्रपति चुनाव में जीत के बाद एर्दोगन शहरों के राजनीतिक नेतृत्व पर अपने वर्चस्व को लेकर निश्चिंत थे लेकिन स्थानीय निकाय चुनाव में उनकी पार्टी के उम्मीदवारों की हार ने उन्हें आईना दिखा दिया है।<br /><br />खास बात यह है कि इंस्ताबुल में एर्दोगन ने खुद प्रचार किया था लेकिन यहां सेक्युलर विपक्षी दल सीएचपी के एकरम इमामोगोलु चुनाव जीत गए। चुनाव प्रचार के दौरान एर्दोगन ने इंस्ताबुल में नए युग की शुरुआत का वादा किया था लेकिन एक करोड़ साठ लाख आबादी वाले इस शहर ने विरोधी दल में विश्वास जताया। इसी तरह राजधानी अंकारा में एर्दोगन की पार्टी को शर्मनाक स्थिति का सामना करना पड़ा है। विपक्षी मेयर मंसूर यावस अपने प्रतिद्वंद्वी से इतने आगे निकल गए कि उन्होंने आधे से अधिक वोटों की गिनती से पहले ही अपनी जीत की घोषणा कर दी।<br /><br />स्थानीय चुनावों में खराब प्रदर्शन को स्वीकार करते हुए एर्दोगन ने कहा कि वैसा नहीं हुआ जैसा उन्हें उम्मीद थी। तुर्किये टेलीविजन पर आधी रात में दिए अपने संबोधन में एर्दोगन ने हार स्वीकार करते हुए कहा कि उनकी सरकार लोगों की इच्छा का सम्मान करेगी। हम लोगों की इच्छा का सम्मान करेंगे और अपनी गलतियों का आकलन करेंगे।<br /><br />एर्दोगन ने राजनीतिक करियर की शुरुआत इस्तांबुल से ही की थी। साल 1994 में तुर्की के पूर्व प्रधानमंत्री नेजमेट्टिन एरबाकां की वेलफेयर पार्टी के उम्मीदवार के तौर पर एर्दोगन इस्तांबुल के मेयर चुने गए और 1998 तक इस पद पर रहे। इसके बाद 2003 में प्रधानमंत्री बनकर इस पद पर तीन कार्यकाल बिताने के बाद 2014 में देश के राष्ट्रपति बने।<br /><br />ताजा हार इसका संकेत है कि एर्दोगन की राजनीतिक पकड़ कमजोर होने लगी है। वह कई मौकों पर कह चुके हैं कि जो भी इस्तांबुल जीतता है, वही तुर्किये जीतता है।</p>]]></content:encoded>
                
                

                <link>https://www.loktej.com/article/100624/a-huge-blow-to-erdogans-power-in-turkey-opposition-wins</link>
                <guid>https://www.loktej.com/article/100624/a-huge-blow-to-erdogans-power-in-turkey-opposition-wins</guid>
                <pubDate>Mon, 01 Apr 2024 20:26:35 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.loktej.com/media/2024-04/d01042024-08.jpg"                         length="43405"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Dharmendra Mishra]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>अंकारा में आत्मघाती हमले के बाद तुर्किये ने बरसाए बम, कुर्द लड़ाकों के 20 ठिकानें तबाह</title>
                                    <description><![CDATA[<p style="text-align:justify;">अंकारा/ बगदाद, 02 अक्टूबर (हि.स.)। तुर्किये की राजधानी अंकारा पर हुए आत्मघाती हमले के बाद जवाबी हमला करते हुए तुर्किये ने इराक पर बम बरसाए हैं। इराक स्थित कुर्द लड़ाकों के बीस ठिकानों पर हुई इस बमबारी में कई कुर्द लड़ाके मारे गए हैं।<br /><br />तुर्किये की राजधानी अंकारा में हुए आत्मघाती हमले की जिम्मेदारी कुर्द विद्रोहियों ने ली थी। इसके बाद तुर्किये की वायु सेना ने कुर्द विद्राहियों के उत्तरी इराक स्थित 20 ठिकानों को तबाह कर दिया। इनमें कई गुफाएं, बंकर, शेल्टर होम और गोदाम शामिल हैं। ये सभी ठिकाने कुर्द विद्रोही संगठन कुर्दिस्तान वर्कर्स पार्टी के बताए जा</p>...]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.loktej.com/article/96027/after-the-suicide-attack-in-ankara-turkey-rained-bombs-destroying"><img src="https://www.loktej.com/media/400/2023-10/d02102023-08.jpg" alt=""></a><br /><p style="text-align:justify;">अंकारा/ बगदाद, 02 अक्टूबर (हि.स.)। तुर्किये की राजधानी अंकारा पर हुए आत्मघाती हमले के बाद जवाबी हमला करते हुए तुर्किये ने इराक पर बम बरसाए हैं। इराक स्थित कुर्द लड़ाकों के बीस ठिकानों पर हुई इस बमबारी में कई कुर्द लड़ाके मारे गए हैं।<br /><br />तुर्किये की राजधानी अंकारा में हुए आत्मघाती हमले की जिम्मेदारी कुर्द विद्रोहियों ने ली थी। इसके बाद तुर्किये की वायु सेना ने कुर्द विद्राहियों के उत्तरी इराक स्थित 20 ठिकानों को तबाह कर दिया। इनमें कई गुफाएं, बंकर, शेल्टर होम और गोदाम शामिल हैं। ये सभी ठिकाने कुर्द विद्रोही संगठन कुर्दिस्तान वर्कर्स पार्टी के बताए जा रहे हैं। तुर्किये के गृह मंत्री अली यारलीकाया ने वायु सेना की कार्रवाई की पुष्टि करते हुए कहा है कि सभी आतंकियों के मारे जाने तक लड़ाई जारी रहेगी। उन्होंने दावा किया है कि तुर्किये की वायु सेना की बमबारी में कई कुर्द लड़ाके मारे गए हैं।<br /><br />तुर्किये के गृह मंत्री अली यारलीकाया ने बताया कि रविवार को अंकारा स्थित गृह मंत्रालय की इमारत के बाहर एक आत्मघाती हमलावर ने खुद को उड़ा लिया, इस आत्मघाती हमले में दो पुलिसकर्मी घायल हो गए। दो आत्मघाती हमलावर एक गाड़ी में बैठकर आए थे। एक आतंकी ने मंत्रालय की इमारत के बाहर विस्फोट में खुद को उड़ा लिया, वहीं दूसरा आतंकी पुलिसकर्मियों की कार्रवाई में मारा गया। विस्फोट में दो पुलिसकर्मी घायल हुए हैं, जिनका इलाज चल रहा है। इस हमले की जिम्मेदारी कुर्द लड़ाकों ने ली थी। इसके जवाब में तुर्किये की वायु सेना ने ताबड़तोड़ हवाई हमला कर बीस कुर्द ठिकानों पर बम बरसाए। इस बमबारी में ये ठिकाने तबाह हुए, साथ ही कई कुर्द लड़ाके मारे भी गए।</p>]]></content:encoded>
                
                

                <link>https://www.loktej.com/article/96027/after-the-suicide-attack-in-ankara-turkey-rained-bombs-destroying</link>
                <guid>https://www.loktej.com/article/96027/after-the-suicide-attack-in-ankara-turkey-rained-bombs-destroying</guid>
                <pubDate>Mon, 02 Oct 2023 19:31:24 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.loktej.com/media/2023-10/d02102023-08.jpg"                         length="30115"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Dharmendra Mishra]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>तुर्की : डिज़्नीलैंड ली तरह दिखाई देता है पूरा गांव, फिर भी नहीं  कोई रहने वाला</title>
                                    <description><![CDATA[<p>हाल ही में आये भूकंप के कारण भयंकर तबाही झेल रहे तुर्की में इस भूकंप के कारण शहर का एक बड़ा हिस्सा तबाह हो गया है और वीरान नजर आने लगा है। जो बचे हुए शहर है वो भूकंप के कारण नहीं बल्कि आर्थिक तंगी के कारण नष्ट हो जा रहे हैं। तुर्की के उत्तर-पश्चिमी क्षेत्र में एक छोटा सा शहर है। इस शहर का नाम मुदुर्नू है। इसमें एक घोस्ट टाउन है जो डिज्नी महल जैसा दिखता है।</p>
<p><strong>आर्थिक तंगी के कारण सुनसान पड़ा हैं ये शहर</strong></p>
<p>आपको बता दें कि तुर्की के भूतों के शहर में 500 से</p>...]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<br /><p>हाल ही में आये भूकंप के कारण भयंकर तबाही झेल रहे तुर्की में इस भूकंप के कारण शहर का एक बड़ा हिस्सा तबाह हो गया है और वीरान नजर आने लगा है। जो बचे हुए शहर है वो भूकंप के कारण नहीं बल्कि आर्थिक तंगी के कारण नष्ट हो जा रहे हैं। तुर्की के उत्तर-पश्चिमी क्षेत्र में एक छोटा सा शहर है। इस शहर का नाम मुदुर्नू है। इसमें एक घोस्ट टाउन है जो डिज्नी महल जैसा दिखता है।</p>
<p><strong>आर्थिक तंगी के कारण सुनसान पड़ा हैं ये शहर</strong></p>
<p>आपको बता दें कि तुर्की के भूतों के शहर में 500 से ज्यादा खाली घर हैं। ये सभी घर एक जैसे दिखते हैं। मुदुर्नु कस्बे के सभी घरों का डिज़ाइन एक जैसा है। सभी घरों को नीले-ग्रे रंग की पट्टियों से रंगा गया ।आजकल देश की खराब आर्थिक स्थिति के कारण वे खाली पड़े हैं। इस मुदर्नू शहर में विला का निर्माण वर्ष 2014 में शुरू किया गया था। उस वक्त 20 करोड़ डॉलर का प्रोजेक्ट पास हुआ था। तुर्की के बिजनेसमैन येरडेलन ब्रदर्स और बुलेंट यिलमाज ने डिज्नी पैलेस जैसा घर बनाने की जिम्मेदारी ली थी। तब मूल योजना में 700 भवनों को शामिल किया गया था। बिल्डर को उम्मीद थी कि डिज़्नी के घर जैसे दिखने के कारण विदेशी खरीदार यहां घर खरीद लेंगे।</p>
<p><strong>इतने के बिके एक घर</strong></p>
<p>जानकारी के मुताबिक ये यहां एक-एक घर 3 करोड़ से 4 करोड़ रुपए में बिके। शहर के निवासियों ने बगीचों और झीलों के साथ 250 एकड़ की जगह पर एक शॉपिंग मॉल बनाने की योजना बनाई थी लेकिन फिलहाल यहाँ रहने वालों का नामोनिशान नहीं है।</p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>ज़रा हटके</category>
                                    

                <link>https://www.loktej.com/article/90639/the-whole-village-looks-like-turkeys-disneyland-yet-no-one</link>
                <guid>https://www.loktej.com/article/90639/the-whole-village-looks-like-turkeys-disneyland-yet-no-one</guid>
                <pubDate>Wed, 22 Mar 2023 20:32:39 +0530</pubDate>
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Premkumar Nishad]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>तुर्की-सीरिया भूकंप : भारत के ‘जूली और रोमियो’ बचा रहे हैं मलबे में फंसे लोगों की जान</title>
                                    <description><![CDATA[<p>तुर्की और सीरिया इस समय भयंकर भूकंप के असर से दहला हुआ हैं। इस विनाशकारी भूकंप में 34000 से अधिक लोगों की मौत हो गई है। भूकंप की तीव्रता के कारण बड़े शहरों और छोटे शहरों की बहुमंजिला इमारतें ढह गई हैं। इन बिल्डिंग के मलबे के नीचे फंसे लोगों को निकालने के लिए ऑपरेशन चलाया गया था, हालांकि रेस्क्यू ऑपरेशन के बाद अगर कोई जिंदा बचा है तो भारत के जूली और रोमियो उसे बचाने की पूरी कोशिश कर रहे हैं।</p>
<p><strong>खराब राजनीतिक संबंधों के बावजूद भारत ने भेजी मानवीय सहायता</strong></p>
<p>आपको बता दें कि भारत ने तुर्की से</p>...]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<br /><p>तुर्की और सीरिया इस समय भयंकर भूकंप के असर से दहला हुआ हैं। इस विनाशकारी भूकंप में 34000 से अधिक लोगों की मौत हो गई है। भूकंप की तीव्रता के कारण बड़े शहरों और छोटे शहरों की बहुमंजिला इमारतें ढह गई हैं। इन बिल्डिंग के मलबे के नीचे फंसे लोगों को निकालने के लिए ऑपरेशन चलाया गया था, हालांकि रेस्क्यू ऑपरेशन के बाद अगर कोई जिंदा बचा है तो भारत के जूली और रोमियो उसे बचाने की पूरी कोशिश कर रहे हैं।</p>
<p><strong>खराब राजनीतिक संबंधों के बावजूद भारत ने भेजी मानवीय सहायता</strong></p>
<p>आपको बता दें कि भारत ने तुर्की से खराब राजनीतिक संबंधों के बावजूद मानवीय सहायता भेजी है। भारत ने NDRF की एक टीम के साथ दो खोजी कुत्तों को भेजा है। इनमें से एक का नाम जूली और दूसरे का रोमियो है। रेस्क्यू ऑपरेशन में कुत्ते काफी मददगार साबित हुए हैं। जूली और रोमियो गुफा के करीब जाते हैं और सूंघकर देखते हैं कि वहां फंसे हुए लोग हैं या नहीं! और अगर है तो क्या वोजिंदा हैं? इसके बाद रेस्क्यू टीम मलबे से जिंदगी और मौत के बीच फंसे भूकंप पीड़ितों को बाहर निकालती है। </p>
<p><strong>जूली और रोमियो ने बचाई कई जाने</strong></p>
<p>मिली जानकारी के मुताबिक तुर्की के नूर्दगी में मलबे के नीचे रेस्क्यू ऑपरेशन चल रहा था। ऐसे समय में एनडीआरएफ की टीम की लैब्राडोर जूली ने मलबे में किसी के दबे होने का संकेत दिया। रेस्क्यू टीम ने जब मलबा हटाने की कोशिश की तो एक 6 साल की बच्ची जिंदा मिली।जूली के अलावा रोमिया ने भी घटनास्थल का मुआयना किया और उसने यह भी इशारा किया कि कोई जिंदा फंसा हुआ है, और रेस्क्यू ऑपरेशन तेज कर दिया गया।</p>
<p><strong>सूंघने की असाधारण क्षमता के मालिक है ये दोनों कुत्ते</strong></p>
<p>जूली और रोमियो में जिंदा इंसान को सूंघने की असाधारण क्षमता है। इस काम के लिए खास ट्रेनिंग भी दी जाती है। ऐसे में इसी क्षमता का फायदा उठाते हुए मलबे में फंसे जिंदा लोगों को बचाया जा रहा हैं। राहत और बचाव दल सबसे पहले जूली को मलबे वाली जगह पर भेजता है। जूली द्वारा कोई संकेत मिलने के बाद रोमियो को उसकी राय देने के लिए भेजती है। रोमियो के द्वारा पुष्ठी किये जाने के बाद और कोई पुष्टि नहीं होती और बचाव कार्य शुरू कर दिया जाता है। </p>]]></content:encoded>
                
                

                <link>https://www.loktej.com/article/89721/turkey-syria-earthquake-indias-julie-and-romeo-saving-lives-of-people</link>
                <guid>https://www.loktej.com/article/89721/turkey-syria-earthquake-indias-julie-and-romeo-saving-lives-of-people</guid>
                <pubDate>Tue, 14 Feb 2023 16:08:54 +0530</pubDate>
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Premkumar Nishad]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>विश्व : तुर्की में एक प्राचीन किले की खुदाई के दौरान मिला मंदिर</title>
                                    <description><![CDATA[<p>तुर्की में पुरातत्वविदों को एक प्राचीन किले की खुदाई के दौरान एक मंदिर मिला है। जिस प्राचीन किले में यह मंदिर मिला है वह पूर्वी तुर्की के वान जिले में स्थित है। इस मंदिर का संबंध राजा मिनुआ से बताया जाता है। हालांकि, यह राजा मिनुआ से जुड़ा पहला मंदिर नहीं है जो पुरातत्वविदों को मिला है। इससे पहले भी एक मंदिर मिल चुका है।</p>
<p>पुरातत्ववेत्ता या पुरातत्व विभाग जिस मंदिर या प्राचीन दुर्ग की खुदाई कर रहे हैं, इसका आधुनिक तुर्की नाम 'कोरजुत' है, जिसका निर्माण ईसा पूर्व आठवीं शताब्दी में हुआ था। इस किले का निर्माण राजा मिनुआ</p>...]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.loktej.com/article/88336/a-temple-found-during-the-excavation-of-an-ancient-fort"><img src="https://www.loktej.com/media/400/2022-12/jpg_20221226_151057_0000.jpg" alt=""></a><br /><p>तुर्की में पुरातत्वविदों को एक प्राचीन किले की खुदाई के दौरान एक मंदिर मिला है। जिस प्राचीन किले में यह मंदिर मिला है वह पूर्वी तुर्की के वान जिले में स्थित है। इस मंदिर का संबंध राजा मिनुआ से बताया जाता है। हालांकि, यह राजा मिनुआ से जुड़ा पहला मंदिर नहीं है जो पुरातत्वविदों को मिला है। इससे पहले भी एक मंदिर मिल चुका है।</p>
<p>पुरातत्ववेत्ता या पुरातत्व विभाग जिस मंदिर या प्राचीन दुर्ग की खुदाई कर रहे हैं, इसका आधुनिक तुर्की नाम 'कोरजुत' है, जिसका निर्माण ईसा पूर्व आठवीं शताब्दी में हुआ था। इस किले का निर्माण राजा मिनुआ ने करवाया था। वैन संग्रहालय द्वारा किले में खुदाई के दौरान कुछ महत्वपूर्ण खोजें पहले ही की जा चुकी हैं। तुर्की के संस्कृति और पर्यटन मंत्रालय की अनुमति के बाद किले में खुदाई का काम शुरू किया गया था जो अभी भी जारी है।</p>
<p>तुर्की सरकार भी इस पुरातात्विक उत्खनन को वित्तपोषित कर रही है। किले में खुदाई का नेतृत्व वान उजुनकु यिल विश्वविद्यालय में पुरातत्व विभाग के एक प्रोफेसर सबहट्टिन एर्दोआन कर रहे हैं।</p>
<p><strong>कॉर्बेलिंग तकनीक से बनाया गया है ये मंदिर</strong></p>
<p>खास बात यह है कि किले के अंदर मिले इस मंदिर को कोरबेलिंग तकनीक से बनाया गया है। जिसमें मिट्टी के बर्तनों के टुकड़े और धातु की कलाकृतियाँ भी मिली हैं। तुर्की के राष्ट्रपति रेसेप तईप एर्दोगन ने इस संबंध में कहा कि टीम ने किले के अवशेषों वाले पूरे क्षेत्र से कुछ महत्वपूर्ण वस्तुओं की खोज की है, जो क्षेत्र के इतिहास से जुड़ी हैं। अर्दोआन ने बताया कि कुछ समय पहले पहला मंदिर मिला था और अब टीम को राजा मिनुआ का दूसरा मंदिर भी मिल गया है।</p>
<p><strong>ठंड के कारण रुकी किले में खुदाई का काम</strong></p>
<p>आपको बता दें कि फिलहाल ठंड के मौसम के चलते उन्होंने साइट पर खुदाई का काम रोक दिया है। ठंड कम होने पर काम फिर से शुरू कर दिया जाएगा। एर्दोगन ने कहा कि खुदाई के दौरान हमें एक और मंदिर का पता चला, जो हमें लगता है कि राजा मिनुआ ने बनवाया था। हमें मंदिर के पास एक मकबरा भी मिला है। इस क्षेत्र में बड़ी संख्या में प्राचीन काल के जलयान भी मिले हैं। पाए गए बर्तन मध्य युग के हैं। साथ ही किले के बाहर एक कब्रिस्तान भी मिला है। जिनकी बैठक काफी अहम मानी जा रही है।</p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>फिचर</category>
                                    

                <link>https://www.loktej.com/article/88336/a-temple-found-during-the-excavation-of-an-ancient-fort</link>
                <guid>https://www.loktej.com/article/88336/a-temple-found-during-the-excavation-of-an-ancient-fort</guid>
                <pubDate>Mon, 26 Dec 2022 18:10:16 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.loktej.com/media/2022-12/jpg_20221226_151057_0000.jpg"                         length="40639"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Premkumar Nishad]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>तुर्की : दो अलग-अलग सड़क हादसों में 32 लोगों की मौत, 52 से ज्यादा लोग घायल</title>
                                    <description><![CDATA[अधिकारियों ने दोनों हादसों की जांच शुरू कर दी, दोनों हादसों के बीच संबंध की कोई रिपोर्ट नहीं मिली]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.loktej.com/article/84634/turkey-32-killed-more-than-52-injured-in-two-separate-road-accidents"><img src="https://www.loktej.com/media/400/2022-08/7459_news9.jpg" alt=""></a><br /><div>तुर्की इस समय दुनिया भर में अपने सड़क दुर्घटनाओं के लिए कुख्यात हो चला है। एक बार फिर तुर्की में शनिवार को दो अलग-अलग सड़क हादसों में कम से कम 35 लोगों की मौत होग गयी, जिसके बाद अधिकारियों ने दोनों हादसों की जांच शुरू कर दी है। तुर्की में दो भीषण सड़क हादसों में 32 लोगों की मौत हो गई जबकि 52 से ज्यादा लोग घायल बताए जा रहे हैं। इसमें से पहला हादसा गाजियांटेप में यात्रियों से भरी बस हादसे का शिकार हो गई, जिसमें 16 लोगों की मौत हो गई। वहीं दूसरा हादसा मार्डिन शहर में हुआ जहां एक बेकाबू ट्रक ने लोगों रौंद दिया।</div><div><br /></div><div><span style="color:rgb(69,90,100);font-size:24px;">दुर्घटनाग्रस्त यात्रियों की मदद कर रहे थे पत्रकार</span><br /></div><div><span style="font-size:1rem;"><br /></span></div><div><span style="font-size:1rem;">बताया जा रहा है कि ट्रक का ब्रेक फेल होने की वजह से ये हादसा हुआ।  गृह मंत्री सुलेमान सोयुलू ने बताया कि इस घटना में तीन दमकलकर्मी, दो चिकित्साकर्मी और दो पत्रकार समेत 15 लोगों की मौत हो गई। इस बारे में स्थानीय समाचार ‘इल्हास’ समाचार एजेंसी ने कहा कि दुर्घटना में शामिल लोगों की मदद करने के लिए गए उसके दो पत्रकार भी इस हादसे में मारे गए हैं। टेलीविजन फुटेज में हादसे के बाद एक एंबुलेंस का पीछे का हिस्सा गंभीर रूप से क्षतिग्रस्त दिखा।</span><span style="font-size:1rem;white-space:pre;">	</span><br /></div><div>वहीं दूसरा हादसा मार्डिन से 250 किमी (150 मील) दूर हुआ जहाँ एक ट्रक का ब्रेक फेल हो जाने से उसने दो वाहनों को टक्कर मार दी। इस बीच, घटनास्थल पर पहुंची आपात टीम और उपस्थित भीड़ को एक अन्य ट्रक ने टक्कर मार दी। दोनों हादसों के बीच संबंध की कोई रिपोर्ट नहीं मिली है। तुर्की के स्वास्थ्य मंत्री फहार्टिन कोका ने कहा कि दूसरी दुर्घटना में उनतीस लोग घायल हो गए, जिनमें से आठ की हालत गंभीर है। सोयुलू ने बताया कि डेरिक में हुए हादसे में 20 लोगों की मौत हो गई और 26 अन्य घायल हो गए।</div><div><span style="font-size:1rem;">मामले में दो चालकों को हिरासत में लिया गया है और जांच शुरू कर दी गई है। तुर्की की डीएचए समाचार एजेंसी की तस्वीरों में दिखाया गया है कि हादसे में एक एम्बुलेंस का पिछला भाग बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया है और उसके चारों ओर मलबा बिखरा हुआ है। सड़क सुरक्षा के मामले में तुर्की का रिकॉर्ड खराब रहा है। सरकार के मुताबिक, पिछले साल सड़क हादसों में 5,362 लोगों की मौत हुई थी।</span><br /></div>                                                                            ]]></content:encoded>
                
                

                <link>https://www.loktej.com/article/84634/turkey-32-killed-more-than-52-injured-in-two-separate-road-accidents</link>
                <guid>https://www.loktej.com/article/84634/turkey-32-killed-more-than-52-injured-in-two-separate-road-accidents</guid>
                <pubDate>Mon, 22 Aug 2022 15:30:30 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.loktej.com/media/2022-08/7459_news9.jpg"                         length="88493"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Loktej]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>सोशल मीडिया : बच्ची को सांप ने काटा, बच्ची ने भी लिया बदला, दांत से काटकर दो टुकड़े किये</title>
                                    <description><![CDATA[गनीमत रही कि सांप के काटने से बच्ची प्रभावित नहीं हुई, कम विषैला सांप होने से बच्ची बची]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.loktej.com/article/79794/social-media-the-girl-was-bitten-by-a-snake-the-girl-also-took-revenge-cut-her-teeth-into-two-pieces"><img src="https://www.loktej.com/media/400/2022-08/2106_king-cobra-cobra-snake-reptile-animal-wild.jpg" alt=""></a><br /><div>अगर किसी को सांप काट ले तो अच्छे अच्छे की हालत ख़राब हो जाती है। पर बच्चों की बात अलग है। अबोध बालक कुछ भी कर सकते है। एक बच्ची ने तो सांप को ऐसा काटा कि उसके दो टुकड़े हो गये। यह घटना तुर्की के एक गांव की है। 2 साल की बच्ची बाहर खेल रही थी तभी एक बड़ा काला सांप आया और उसके मुंह और होठों पर डस लिया। इससे लड़की को इतना गुस्सा आया कि उसने सांप को पकड़कर अपने मुंह में डाल लिया और अपने दांतों से उसके दो टुकड़े कर दिए।</div><div>इसके कारण सांप तुरंत मर गया लेकिन लड़की का मुंह खून से भर गया। सांप जहरीला होने के कारण उसके शरीर में भी जहर फैल गया। बताया जा रहा है कि इस दौरान बच्ची चीख भी रही थी। शोर सुनकर परिजन मौके पर पहुंचे। जब वह वहां पहुंचे तो उन्होंने यह नजारा देखा तो उनके होश उड़ गए।</div><div>पड़ोसियों ने देखा कि सांप ने लड़की के चेहरे और होठों पर काट लिया और लड़की को सांप से अलग कर दिया। परिवार के सदस्यों को बुलाया गया और तुरंत अस्पताल ले जाया गया। गनीमत रही कि सांप के काटने से बच्ची प्रभावित नहीं हुई। 24 घंटे तक अस्पताल की निगरानी में रखने के बाद बच्ची की हालत खतरे से बाहर है। कहा जा रहा है कि सांप अपेक्षाकृत कम विषैला था, नहीं तो बच्चे को ज्यादा तकलीफ हो सकती थी।</div><div>इस घटना की तस्वीर भी वायरल हुई जिसके बाद यूजर्स ने बच्चे की हिम्मत की तारीफ की। हालांकि, ऐसा करना खतरनाक साबित हो सकता है।</div>                                                                            ]]></content:encoded>
                
                                                            <category>ज़रा हटके</category>
                                    

                <link>https://www.loktej.com/article/79794/social-media-the-girl-was-bitten-by-a-snake-the-girl-also-took-revenge-cut-her-teeth-into-two-pieces</link>
                <guid>https://www.loktej.com/article/79794/social-media-the-girl-was-bitten-by-a-snake-the-girl-also-took-revenge-cut-her-teeth-into-two-pieces</guid>
                <pubDate>Mon, 15 Aug 2022 22:59:02 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.loktej.com/media/2022-08/2106_king-cobra-cobra-snake-reptile-animal-wild.jpg"                         length="138331"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Loktej]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>इस मुस्लिम देश ने बदला अपना नाम</title>
                                    <description><![CDATA[तुर्किये शब्द तुर्की राष्ट्र की संस्कृति, सभ्यता और मूल्यों को बेहतरीन तरीके से दर्शाता है, अब सभी तरह के व्यापार, राजनयिक कार्यों के लिए तुर्की की जगह तुर्किये का इस्तेमाल किया जाएगा]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.loktej.com/article/84441/this-muslim-country-changed-its-name"><img src="https://www.loktej.com/media/400/2022-02/4023_1.jpg" alt=""></a><br /><div>भारत में जहां शहरों और रेलवे स्टेशनों के नाम बदलने की परंपरा चल रही है, वहीं एक मुस्लिम बहुल देश ने अपने देश का ही नाम बदल दिया है। अपने देश का नाम बदलने वाले देश का नाम तुर्की है और अब इसे तुर्किये के नाम से जाना जाएगा। इसका मतलब है कि अब तुर्की के बजाय सभी प्रकार के व्यापार, अंतर्राष्ट्रीय संगठनों और राजनयिक उद्देश्यों के लिए तुर्कीये नाम का उपयोग किया जाएगा।</div><div>जानकारी के अनुसार इस महीने की शुरुआत में, राष्ट्रपति रेसेप तईप एर्दोगन ने एक बयान जारी कर कहा कि उन्होंने देश के अंतरराष्ट्रीय स्तर पर मान्यता प्राप्त नाम को तुर्की से तुर्किये में बदल दिया है। उन्होंने यह भी कहा कि यह ‘तुर्किये’ शब्द तुर्की राष्ट्र की संस्कृति, सभ्यता और मूल्यों को दर्शाता है। सवाल यह है कि एर्दोगन को देश का नाम बदलने की जरूरत क्यों पड़ी?</div><div>बता दें कि नीदरलैंड ने हाल ही में दुनिया में अपनी छवि खराब करने के लिए हॉलैंड का नाम हटा दिया है। मैसेडोनिया ने पहले ग्रीस के साथ एक राजनीतिक विवाद के कारण अपना नाम बदलकर उत्तरी मैसेडोनिया कर लिया था। 1935 में ईरान ने अपना नाम फारस से बदल लिया। फारस शब्द का प्रयोग पश्चिमी देशों में किया जाता था। फारसी में ईरान का मतलब फारसी होता है। उस समय यह सोचा गया था कि इसे स्थानीय रूप से इस्तेमाल किए जाने वाले नाम से बुलाया जाना चाहिए, न कि बाहरी लोगों को ज्ञात नाम से।</div><div>टर्किश भाषा में तुर्की को तुर्किये कहा जाता है। 1923 में पश्चिमी देशों के कब्जे से आजाद होने के बाद तुर्की को तुर्किये नाम से ही जाना गया। सदियों से यूरोपीय लोग इस देश को पहले ओटोमन स्टेट और फिर तुर्किये नाम से संबोधित किया लेकिन जो नाम सबसे अधिक चर्चा में रहा वह लैटिन में तुर्किया था। बाद में यह तुर्की में बदल गया और इसी को आधिकारिक नाम बना दिया गया। </div>]]></content:encoded>
                
                

                <link>https://www.loktej.com/article/84441/this-muslim-country-changed-its-name</link>
                <guid>https://www.loktej.com/article/84441/this-muslim-country-changed-its-name</guid>
                <pubDate>Tue, 15 Feb 2022 21:05:01 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.loktej.com/media/2022-02/4023_1.jpg"                         length="24039"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Loktej]]></dc:creator>
                            </item>

            </channel>
        </rss>
        