हिन्दू महासभा ने नाथूराम गोडसे का जन्म दिन मनाया, पुलिस ने 6 को गिरफ्तार किया


शहर के लिंबायत क्षेत्र में हिन्दू महासभा द्वारा गांधीजी के हत्यारे नाथूराम गोडसे जन्म दिन मनाए जाने पर स्थानीय लोगों में आक्रोश व्याप्त है।
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सूरत । शहर के लिंबायत क्षेत्र में हिन्दू महासभा द्वारा गांधीजी के हत्यारे नाथूराम गोडसे जन्म दिन मनाए जाने पर स्थानीय लोगों में आक्रोश व्याप्त है। लिंबायत क्षेत्र में पंचमुखी हनुमानजी के मंदिर में नाथूराम गोडसे की तस्वीर रखी गई और 109 दीप जलाकर गोडसे का जन्म दिन मनाया। बाद में मंदिर में भजन-कीर्तन कर लड्डू का प्रसाद वितरित किया गया। इस घटना को लेकर स्थानीय लोगों में जबर्दस्त आक्रोश है। हिन्दू महासभा के हिरेश मुशरा ने कहा कि गांधीजी की अंहिसावादी नीति का गोडसे विरोध करते थे। अहिंसावादी नीतियों के चलते हिन्दुओं के खिलाफ अत्याचार रोकने के मकसद से गोडसे ने गांधीजी की हत्या की थी।

सूरत की घटना को लेकर उप मुख्यमंत्री नितिन पटेल ने कहा कि भाजपा गांधीजी की आलोचन किसी सूरत में बर्दाश्त नहीं करेगी। सूरत में जो घटना हुई है, इसकी भाजपा कड़ी निंदा करती है। भाजपा और उसके नेताओं की विचारधारा स्पष्ट है कि वह गांधीजी पर सवाल उठाना और उनकी निंदा को कतई बर्दाश्त नहीं करेगी। गांधीजी ने ऐसा संदेश दिया था जिसे हजारों साल तक स्वीकार किया जाएगा। गांधीजी के विचार नई पीढ़ी तक पहुंचे ऐसा हमारा प्रयास रहेगा।

गुजरात कांग्रेस ने भी सूरत घटना पर कड़ी प्रतिक्रिया व्यक्त की है। गुजरात प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष अमित चावड़ा ने ट्वीट किया है। जिसमें कहा कि “गांधी के गुजरात में भाजपा शासकों ने गांधीजी के हत्यारे गोडसे समर्थकों को इतना बढ़ावा दिया कि खुलेआम जन्मदिन मनाने की हिम्मत की है। फिर भी राज्य के मुख्यमंत्री और मोदीजी चूप क्यों हैं? गोडसे के समर्थक लोग गुजरात के लिए कलंक है, गुजरात में रहने का कोई अधिकार नहीं है।”