विश्वकप- एक टाई मैच तो…टीम इंडिया बनेगी वल्र्ड चैंपियन!


नईदिल्ली। टीम इंडिया ने वल्र्ड कप में अब तक जैसा प्रदर्शन किया, उससे प्रशंसकों के अंदर लगातार दूसरी बार विश्व चैंपियन बनने की उम्मीदें जगी हैं। वैसे नॉकआउट स्टेज में टीम का प्रदर्शन पूरी तरह से बल्लेबाजी, गेंदबाजी और क्षेत्ररक्षण पर निर्भर करेगा, पर धोनी को गुडलक की जरूरत भी पड़ेगी। वैसे तो टीम के साथ पूरे देश की दुआएं, लेकिन एक गुडलक ऐसा है जो टीम को पक्का चैंपियन बना देगी। ये गुडलक है एक टाई मैच। धोनी की कप्तानी में भारतीय क्रिकेट टीम ने अब तक दो विश्वकप जीते, एक टी-२० और दूसरा वनडे का। इन दोनों ही टूर्नामेंट में भारत ने लीग स्टेज में १ टाई मैच खेला।
– पाकिस्तान से मैच टाई
ग्रुप स्टेज में भारत की भिड़ंत अपने चिर प्रतिद्वंद्वी पाकिस्तान से हुई। मैच में भारत ने पहले बल्लेबाजी करते हुए ९ विकेट पर १४१ रन बनाए। इसके जवाब में पाकिस्तानी टीम निर्धारित २० ओवर में ७ विकेट पर १४१ रन ही बना सकी। मैच का पैâसला बॉल आउट के आधार पर हुआ, जिसमें भारत की जीत हुई।
– इंग्लैंड से मुकाबला बराबरी पर छूटा
इस टूर्नामेंट में धोनी के धुरंधरों की भिड़ंत इंग्लैंड के साथ लीग स्टेज में हुई। बेंगलुरु के एम. चिन्नास्वामी स्टेडियम में खेले इस मुकाबले में कुल ६७६ रन बने पर कोई भी टीम विनर नहीं रही। दरअसल, भारत ने पहले बल्लेबाजी करते हुए निर्धारित ५० ओवर में ३३८ रन बनाए। इसके जवाब में इंग्लैंड की टीम निर्धारित ओवरों में ८ विकेट पर ३३८ रन ही बना सकी। ऐसा नहीं है कि धोनी के लिए टाई मैच का गुडलक सिर्पâ वल्र्ड कप जैसे टूर्नामेंट तक सीमित रहा है। कुछ ऐसा ही आईपीएल २०१० में भी हुआ था, जब धोनी की टीम चेन्नई सुपर िंकग्स प्रेंâचाइजी टी-२० टूर्नामेंट इंडियन प्रीमियर लीग की चैंपियन बनी।
– िंकग्स इलेवन पंजाब के साथ मैच टाई
टूर्नामेंट के इस सीजन के १६वें मुकाबले में चेन्नई की भिड़ंत पंजाब से हुई। पंजाब ने पहले बल्लेबाजी करते हुए ८ विकेट पर १३६ रन बनाए। लक्ष्य आसान था पर धोनी की टीम निर्धारित ओवरों में ७ विकेट खोकर इतने ही रन बना सकी। मैच का नतीजा वन ओवर एलिमिनेटर से हुआ, जिसमें पंजाब की जीत हुई है।
– विक्टोरिया के खिलाफ मुकाबला टाई
आपको जानकर यह हैरानी होगी कि टाई मैच के इस गुडलक ने धोनी का साथ टी २० चैंपियंस लीग में भी दिया। धोनी के नेतृत्व में चेन्नई टीम ने २०१० में पहली बार चैंपियंस लीग खिताब अपने नाम किया। इस टूर्नामेंट के १३वें मुकाबले में धोनी के धुरंधर ऑस्ट्रेलिया की विक्टोरिया टीम से सामना करना पड़ा। चेन्नई ने निर्धारित २० ओवरों में ६ विकेट पर १६२ रन बनाए और विपक्षी टीम को इतने ही रनों पर ढेर कर दिया।