भारत-पाक का महामुकाबला आज


– रिकॉर्ड बरकरार रखना चाहिए टीम इंडिया
– सुपर संडे को फाइनल से पहले का फाइनल देखेंगे अरबों लोग
– धोनी ओर मिस्बाह की टीमें तैयार
एडिलेड । आईसीसी विश्वकप क्रिकेट का मुहामुकाबला रविवार को भारत और पाकिस्तान के बीच खेला जाएगा। सुपर संडे को होने वाला यह मैच बेहद रोमांचक होगा क्योंके दोनों ही टीमें जीत के लिए पूरी ताकत झोंक देंगी। अहम मैच होने के कारण इसे स्थानीय मीडिया ने सुपर संडे का नाम दिया है। इस मैच के दौरान स्टेडियम में भारी भीड़ रहेगी। वहीं टीवी पर इस मैच को एक अरब से ज्यादा लोग देखेंगे। दोनों ही टीमों और उनके प्रशंसकों को भरोसा है कि वह इसमें जीत दर्ज करेंगी। वहीं इतिहास पर नजर डालें तो भारत विश्व कप में पाक से कभी नहीं हारा। दोनो टीमें पांच बार आमने-सामने आई हैं जिससें हर बार भारतीय टीम ही जीती है। इस बार भी टीम इंडिया इस रिकार्ड को बरकरार रखना चाहेगी। विश्व कप के इस मुकाबले को लेकर दोनों देशों ने अपनी पूरी तैयारियां की हैं। सिडनी में १९९२ के विश्व कप में दोनों टीमों के बीच पहली बार भिड़ंत के बाद से भारत ने पाकिस्तान के खिलाफ ५० ओवर के विश्व कप में सभी पांच मैच जीते हैं।
महेंद्र िंसह धोनी की कप्तानी वाली भारतीय टीम अब सुपर संडे को अपना दबदबा बरकरार रखने के इरादे से उतरेगी। इस मैच के दौरान स्टेडियम के खचाखच भरा रहने की उम्मीद है और लगभग २०,००० भारतीय पहले ही विशेष रूप से इस मैच के लिए एडिलेड पहुंच चुके हैं। दोनों ही टीमें इस मैच को जीतकर टूर्नामेंट की सकारात्मक शुरुआत करने को लेकर बेताब हैं।
ऑस्ट्रेलिया में लचर प्रदर्शन के बाद भारतीय टीम पहले ही मैच में जीत दर्ज करना चाहेगी। विराट कोहली , शिखर धवन सहित सभी भारतीय बल्लेबाज अपनी लय में आना चाहेंगी। भारतीय गेंदबाज भी इस मैच में अपनी क्षमताएं साबित करना चाहेंगे।
पाकिस्तान के खिलाफ भारतीय टीम हमेशा अपना सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करती है फिर भले ही वह खराब दौर से ही क्यों नहीं गुजर रही हो। वर्ष १९९२ में ऑस्ट्रेलिया और १९९९ में इंग्लैंड में विश्व कप में अधिकांश समय खराब प्रदर्शन करने के बावजूद भारत पाकिस्तान को आसानी से हराने में सफल रहा था। ऐसे में उम्मीद है कि टीम इंडिया का पलड़ा भारी है।
मौजूदा टीम में कोहली, अिंजक्य रहाणे और कप्तान धोनी अपने अकेले दम पर मैच का रुख बदलने की क्षमता रखते हैं। धोनी आंकड़ों में अधिक विश्वास नहीं रखते लेकिन विश्व कप में पाकिस्तान के खिलाफ ५-० का रिकार्ड टीम को सकारात्मक ऊर्जा देगा।
दूसरी ओर मिसबाह उल हक की अगुवाई वाली पाकिस्तानी टीम भी काफी अच्छी लय में नहीं है जिससे भारत का पलड़ा कुछ भारी रह सकता है। मोहम्मद हफीज जैसे बल्लेबाज और जुनैद खान जैसे िंस्वग गेंदबाज को चोटों के कारण गंवाने जबकि सईद अजमल के बिना उतरने के कारण पाकिस्तान की ाqस्थति ठीक नहीं है। इसके अलावा टीम को न्यूजीलैंड के खिलाफ पिछली एकदिवसीय श्रृंखला में भी मेजबान टीम के हाथों ०-२ से शिकस्त झेलनी पड़ी थी। उससे भी टीम का मनोबल कमजोर है।
पाकिस्तान की टीम में हालांकि किसी भी टीम को हराने की क्षमता है। टीम के लिए अभ्यास मैचों में प्रदर्शन सकारात्मक रहा जहां उसने बांग्लादेश और इंग्लैंड के खिलाफ अपने दोनों मैच जीते। इससे पाक का मनोबल बढ़ा है और वह विश्व कप में हार का कलंक धोना चाहता है। इंग्लैंड के खिलाफ कप्तान मिसबाह ने ९१ रन की पारी खेली थी। दूसरी तरफ भारत को अभ्यास मैच में ऑस्ट्रेलिया के हाथों करारी शिकस्त झेलनी पड़ी जबकि उसने अफगानिस्तान को हराया।
fवश्व कप में भारत के खिलाफ पिछले पांचों मैच गंवाने के कारण हालांकि पाकिस्तान कुछ दबाव में होगा।