गंदगी देख डीएम ने मंगाया पानी, कपड़ा और जुट गए सफाई में


अकोला के डीएम आस्तिक कुमार पांडे सफाई के मामले में हमेशा से जागरुक रहे हैं। अकोला में नदी सफाई अभियान में भी उनका उल्लेखनीय योगदान रहा है। (Image credit : Akola.gov.in)

शर्मिंदा कर्मचारी बोले- साहब, अब दफ्तर रखेंगे साफ-सुथरा

अकोला । कुछ कर्मठ आईएएस जब लीक से हटकर काम करते हैं तो सुर्खियों में आते हैं। ऐसा ही एक मामला सामने आया है महाराष्ट्र मे. जहां के अकोला जिले के कलेक्टर आस्तिक कुमार पांडेय ने कुछ ऐसा काम किया कि सोशल मीडिया पर सराहना हो रही है।

आस्तिक उत्तर प्रदेश के गोंडा के रहने वाले हैं। वह 2011 बैच के महाराष्ट्र काडर के आइएएस अफसर हैं। उनकी पत्नी मोक्षदा पाटिल भी महाराष्ट्र कैडर की आईपीएस अधिकारी हैं।

दरअसल अकोला कलेक्टर पांडेय लोक निर्माण विभाग के दफ्तर का निरीक्षण करने निकले थे। दीवारों और कोनों में गंदगी देखकर वह खुद को सफाई के लिए आगे आने से नहीं रोक सके। कलेक्टर ने देखा कि पीडब्ल्यूडी दफ्तर की दीवारें पान और गुटखा की पीक से रंगीं हैं। उन्होंने तत्काल एक बाल्टी पानी और एक कपड़ा मंगवाया और फिर जुट गए सफाई करने में।

खुद कलेक्टर को सफाई करते देख कर्मचारी शर्मिंदा हो गए और उन्होंने आश्वासन दिया कि अब कोई शिकायत नहीं मिलेगी। वे खुद दफ्तर को साफ-सुथरा रखेंगे। कर्मचारियों से आश्वासन मिलने के बाद ही सफाई का काम छोड़ा। एक अधिकारी ने बताया कि पांडे ने अन्य विभागों का भी निरीक्षण किया। उन्होंने एक कोने में गोबर देखा तो एक झाड़ू लेकर खुद उसे साफ किया।