हरियाणा में नमाज़ पढ़कर लौट रहे युवक को कुछ शराबियों ने रोका और फिर…


(Photo Credit : indianexpress.com)

रमज़ान में देर रात तक मस्जिदों में तराबीह (विशेष नमाज़) पढ़ी जाती है। बिहार के बेगुसराय का रहने वाला बरकत आलम भी रविवार रात गुरुग्राम के सदर बाजार स्थित जामा मस्जिद से नमाज़ पढ़ कर घर लौट रहा था। बरकत ने आरोप लगाया कि इस दौरान एक बाइक पर सवार चार युवकों और वहां से गुज़र रहे 2 अन्य युवकों ने उसे रोका।

बरकत आलम ने बताया, उन लोगों ने उसके सिर पर पहनी टोपी पर कमेंट करना शुरू कर दिया। साथ ही कहा कि इस क्षेत्र में टोपी पहन कर आना मना है। जब बरकत ने इसका विरोध किया, तो उन लोगों ने बरकत के साथ मारपीट की और उसे जय श्रीराम का नारा लगाने के लिए कहा। सड़क के बीच में इस घटना को देखकर, अन्य लोग भी वहां इकट्ठा हुए। उन्होने आरोपी को रोकने की कोशिश भी की।

भीड़ बढ़ती देख आरोपी वहां से भाग गए। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस ने इलाके में लगे सीसीटीवी कैमरों का इस्तेमाल कर आरोपियों की पहचान की। पीड़ित के बयान पर देर रात शहर पुलिस ने अज्ञात लोगों के खिलाफ मामला दर्ज किया।

लोगों से बातचीत के आधार पर, पुलिस ने कहा कि आरोपी नशे में था। पीड़िता के इलाज के बाद उसे घर भेज दिया गया है। जिस समय यह घटना घटी, बाजार पूरी तरह से बंद था। घटना स्थल के पास ही एक शराब का अड्डा भी है। पीड़ित का कहना है कि वह यहां सिलाई का काम सीखता है।

हरियाणा में ऐसी घटना पहली बार नहीं हुई है। 20 अप्रैल, 2018 को वज़ीराबाद में नमाज़ पढ़ने के लिए विवाद हुआ था। खांसा में एक मुस्लिम युवक की दाढ़ी काट दी गई थी। उसी वर्ष, होली के अवसर पर, कुछ लोगों ने एक मुस्लिम परिवार के घर पर हमला किया था।