सूरत में बुधवार को मात्र 5281 युवाओं को लगी कोरोना वैक्सीन

प्रतिकात्मक तस्वीर (Photo Courtesy: Pixabay)

सूरत में कोरोना वैक्सीन की कम आपूर्ति के कारण युवा वर्ग को एक दिन में मात्र ५ हजार वैक्सीन लगाई गई जबकी ४५ वर्ष से अधिक उम्र वाले लोगों के लिए टीकारण दो दिनों तक बंद रहा।

विभिन्न केटेगरी में आनेवाले 6583 लोगों का ही हुआ टीकाकरण
सूरत शहर में कोरोना टीकाकरण का अभियान जोरो पर चला मगर वैक्सीन की कम आपूर्ति के चलते पिछले दो दिनों से कम लोगो को टीका लगाया गया। 1 मई को सरकार ने 18 से 44 वर्ष आयुवाले युवाओं को भी कोरोना का टीका लगाना शुरू करने पर सूरत में युवा वर्ग में टीकाकरण को लेकर भारी उत्साह देखा गया था। पहले दिन सूरत शहर में 18 प्लस ग्रुप में 8749 युवाओं को टीका लगा था मगर वैक्सीन का स्टोक कम होने से एक सप्ताह तक 5 हजार युवाओं को ही टीका लगेगा। 
सरकार ने कोरोना वैक्सीन के तिसरे चरण में 18 से 44 वर्ष के आयुवालो को भी शामिल किया। इस युवा वर्ग में कोरोना वैक्सीन लगाने में काफी उत्साह देखा गया जिससे ऑनलाईन रजिस्ट्रेशन के लिए कोविन वेबसाईट क्रेश हो गई। इस वर्ग की संख्या के सामने वैक्सीन की आपूर्ति सिमित है। गुजरात में कोरोना संक्रमण से प्रभावित दस जिलों में युवाओं का टीकाकरण शुरू हुआ है। सूरत शहर में पहले दिन 8749 युवाओं को टीका लगा था, दुसरे दिन रविवार को मात्र 4511 तथा सोमवार तो तिसरे दिन 4609 युवाओं को ही कोरोना वैक्सीन लगी। मंगलवार को 10557 युवाओँ को वैक्सीन लगी थी। 
बुधवार को शहर के सभी जोन में कुल 6583 लोगों को कोरोना का टीका लगा जिसमें हेल्थकेयर वर्करो तथा फ्रन्ट लाईन वर्करो में 156 को प्रथम डोज, 21 को दुसरा डोज लगाया गया। 45 वर्ष से अधिक उम्र वाले 628 लोगों को प्रथम डोज तथा 497 लोगों को दुसरा डोज लगाया गया। 18 से 44 वर्ष की आयुवाले 5281 युवाओं को प्रथम डोज के साथ बुधवार को शहर में मात्र 6583 लोगों को कोरोना का टीका लगाया गया। 

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