कोरोना की तीसरी लहर से बचने के लिए जरुर करें ये काम, बता रहें हैं डॉ. समीर गामी

मास्क, सोशल डिस्टेंसिंग और वैक्सीन ही सबसे बड़ा हथियार

वर्तमान में पूरा देश कोरोना की दूसरी लहर के आतंक से प्रभावित है। संक्रमित मामलों की संख्या दिन बा दिन बढ़ती जा रही है। कोरोना के रोजाना बढ़ते मरीजों के चलते अस्पतालों में ऑक्सीजन से लेकर दवाईंयों तक की भारी कमी हो गई है। अस्पतालों में नए मरीजों को बेड नहीं मिल पा रहा है। ऐसे में अब एक और खौफनाक जानकारी सामने आई हैं जिसमें दावा किया जा रहा हैं कि हाल ही में इस वायरस का एक नया वैरिएंट सामने आया हैं जो जल्द ही देश में कोरोना की तीसरी लहर लाने के लिए उत्तरदाई होगा। विशेषज्ञों का कहना हैं कि जल्द ही देश को कोरोना की तीसरी लहर का सामना करना पड़ेगा जो दूसरी लहर से कई गुना खतरनाक साबित होगी।
इस बारे में सूरत के चेस्ट एंड स्लीप स्पेशलिस्ट डॉ समीर गामी ने लोगों से को आगाह करते हुए इससे बचने के कुछ जरुरी उपाय बताये हैं। डॉ गामी के अनुसार फ़िलहाल देश में करोना की दूसरी लहर अपना आतंक मचा कर रखे हैं। कोरोना की ये दूसरी लहर पहली लहर की अपेक्षा 4 गुना अधिक प्रभावशाली हैं। साथ ही वर्तमान परिस्थिति को देखते हुए ऐसा माना जा सकता है कि अगले एक से डेढ़ महीने में कोरोना की दूसरी लहर का प्रभाव धीरे-धीरे कम होने लगेगा और कम होते होते लगभग समाप्त हो जाएगा लेकिन मुसीबत या खत्म नहीं होगी। जल्दी देश को कोरोना की तीसरी लहर से जूझना पड़ सकता है। ऐसे में कोरोना की तीसरी लहर का सामना करने के लिए देशवासियों को बहुत अधिक सावधानी रखनी होगी। कोरोना के पहले लहर के बाद जिस प्रकार लोगों ने लापरवाही दिखाई और कोरोना संबंधित दिशा निर्देशों का पालन न करते हुए मास्क पहनना छोड़ दिया और सामाजिक दूरी का पालन करना छोड़ दिया, उससे देश को बहुत अधिक नुकसान झेलना पड़ा हैं। 
ऐसे में जरुरी हैं कि लोग कोरोना की दूसरी लहर के बाद भी लापरवाही ना दिखाएं और कोरोना संबंधित दिशा निर्देशों का पालन करें। साथ ही डॉक्टर गामी ने वैक्सीनेशन पर जोर देते हुए कहा कि जनवरी में कोरोना की वैक्सीन के आ जाने के बाद से बुजुर्गों और मेडिकल स्टाफ सहित सफी फ्रंटलाइन वोर्रिएर्स को वैक्सीन लगाई गई। इसके कारण इस समय कोरोना से संक्रमित होने वाले लोगों में ये फ्रंटलाइन वर्कर्स और बुजुर्गों की संख्या कम हैं बल्कि बुजुर्गों की अपेक्षा युवाओं पर कोरोना का अधिक असर देखने को मिल रहा है। इससे यह सिद्ध होता है कि वैक्सीन कोरोना को रोकने के लिए एक बहुत असरकारक हथियार है। इसलिए डॉ गामी ने लोगों से खुद को वैक्सीनेट कराने पर जोर देते हुए कहा कि जैसे ही समय मिले और वैक्सीन उपलब्ध हो आप सभी खुद को वैक्सीन लगवा लें। वैक्सीन लगवाने के बाद कोरोना को हराने में आसानी होगी
इसके अलावा डॉक्टर गामी का कहना है कि दवा लगवाने के बाद भी लोगों को सावधान रहने की आवश्यकता है। ऐसे समय में भी मास्क और सामाजिक दूरी वाले नियम का पालन करना आवश्यक है जिससे कोरोना के संक्रमण के प्रभाव को रोका जा सके।

इन टॉपिक्स पर और पढ़ें:


ये भी पढ़ें