हार्दिक पटेल यूपी में जमा रहे पैर, आने वाले दिनों में बड़ी किसान रैली


गुजरात चुनाव में बीजेपी को कड़ी टक्कर के बाद राहुल गांधी के दोस्त और पाटीदार नेता हार्दिक पटेल की निगाहें उत्तरप्रदेश पर टिक गई हैं।
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गुजरात में कांग्रेस के साथ मिलकर दी थी भाजपा को टक्कर

वाराणसी। गुजरात चुनाव में बीजेपी को कड़ी टक्कर के बाद राहुल गांधी के दोस्त और पाटीदार नेता हार्दिक पटेल की निगाहें उत्तरप्रदेश पर टिक गई हैं। लोकसभा चुनाव से पहले हार्दिक पटेल यूपी के कई जिलों में किसानों और युवाओं को लेकर बड़ा आंदोलन करने की तैयारी में हैं। हार्दिक की रणनीति स्पष्ट हैं। दिल्ली की सत्ता से बीजेपी को दूर करने के लिए भगवा टोली को यूपी में चुनौती देना जरूरी है। इसके अलावा पीएम नरेंद्र मोदी यूपी के वाराणसी से सांसद हैं। इस कारण अगर हार्दिक एंड कंपनी बीजेपी को यूपी घेरती है तो बीजेपी के दिग्गजों का ध्यान भटकेगा।

गौरतलब है कि हार्दिक पटेल इन दिनों यूपी के दौरे पर हैं। गुरुवार को उन्होंने संभल में कल्कि महोत्सव में शिरकत किया। इस दौरान उनके साथ कांग्रेस के टिकट पर चुनाव लड़ चुके आचार्य प्रमोद कृष्णन, अखिल भारतीय हिंदू महासभा के स्वामी चक्रपाणि और समाजवादी पार्टी से अलग होकर प्रगतिशील समाजवादी पार्टी बनाने वाले शिवपाल यादव भी मौजूद रहे। हार्दिक ने कहा कि उनकी अगुवाई वाली किसान क्रांति सेना उत्तरप्रदेश को किसानों से जुड़े मसलों को लेकर बड़ा आंदोलन करेगी। उन्होनें कहा कि सरकार नाम बदलने पर ज्यादा ध्यान दे रही है। जबकि समस्या किसान और युवाओं की बेरोजगारी है। हार्दिक ने कहा कि किसान क्रांति सेना यूपी को आंदोलन का प्रमुख केंद्र बनाएगी। संस्था बाराबंकी, गोंडा, सीतापुर, लखीमपुर खीरी, ललितपुर व प्रयागराज में बड़ी रैली करेगी। इसकी शुरुआत राजधानी लखनऊ से सटे जनपद सीतापुर से होगी।

हार्दिक ने कहा कि उत्तरप्रदेश की असल पूंजी युवा शक्ति और यहां के किसान हैं। लेकिन दोनों ही परेशान हैं, युवा बेरोजगार भटक रहा है किसान बदहाल है। किसान क्रांति सेना इन सभी की लड़ाई के लिए यूपी में जमीन तैयार करेगी। हार्दिक ने यह भी कहा कि वे आरक्षण को लेकर भी आंदोलन चलाएंगे। उधर बीजेपी ने हार्दिक पटेल के यूपी में जमीन तलाशने को एक नाकाम कोशिश करार दिया है। यूपी बीजेपी के मीडिया प्रभारी राकेश त्रिपाठी कहते हैं कि बीजेपी ने 2014 के लोकसभा चुनाव यूपी में जात-पात की राजनीति को पूरी तरह से उखाड़ फेंका है। अब यहां जात और आरक्षण की राजनीति के लिए कोई जगह नहीं है। यूपी से हार्दिक पटेल को कुछ भी नहीं मिलने वाला है।

– ईएमएस