विदेश मंत्रालय का जवाबः पीएम मोदी की 84 विदेश यात्राओं पर खर्च हुए 2000 करोड़ रु


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नई दिल्ली। सरकार ने साढ़े चार साल में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की विदेश यात्राओं पर करीब २८० मिलियन डॉलर (२ हजार करोड़ रुपये) का खर्च किया। ब्लूमबर्ग की रिपोर्ट के अनुसार, विदेश राज्य मंत्री वीके सिंह ने संसद में पूछे गए एक सवाल के उत्तर में यह जानकारी दी। विदेश मंत्रालय ने कहा कि इस दौरान प्रधानमंत्री मोदी ने करीब ८४ बार विदेश यात्रा की। जितनी बार भी प्रधानमंत्री ने विदेश यात्रा की, उनमें सबसे ज्यादा खर्च एयर इंडिया वन के रखरखाव और सुरक्षित हॉटलाइन को स्थापित करने में लगे हैं। इसके अलावा जो पैसा खर्च किया गया उसमें अन्य सभी खर्चे शामिल हैं, जिनके बारे में सुरक्षा कारणों से नहीं बताया जा सकता है। मई २०१४ में प्रधानमंत्री बनते ही नरेंद्र मोदी का जापान से विदेशी दौरा शुरू हुआ था। जापान में उन्होंने सबसे पहले पीएम शिंजो अबे से मुलाकात की थी। वो कई बार अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप और अबे से मुलाकात कर चुके हैं। इसके अलावा पड़ोसी देश चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग से भी कई बार मुलाकात की।

विदेशी दौरे की हुई आलोचना

हालांकि विपक्ष शुरू से मोदी के विदेशी दौरे की आलोचना करता रहा। ८ नवंबर २०१६ को नोटबंदी की घोषणा करने के बाद मोदी एक बार फिर से जापान गए थे, जिसके बारे में भी विपक्ष ने काफी आलोचना करते हुए कहा था कि लोगों के पास पैसे नहीं है और पीएम विदेशी दौरा कर रहे हैं।

जुलाई २०१७ तक का यह है आंकड़ा

जुलाई २०१७ तक, मोदी ने ६ महाद्वीपों पर ३१ विदेशी यात्राएं की हैं, संयुक्त राष्ट्र अमेरिका के संयुक्त असेंबली में भाग लेने के लिए उन्होंने अमेरिका के दौरे सहित ४९ देशों का दौरा किया। उन्होंने इस दौरान एशियाई देशों का दौरा किया, पहले उन्होंने अपने पड़ोसी देश की यात्राएं की उसके बाद वो दक्षिण पूर्व देशों में गए। मोदी ने ५ बार अमेरिका का दौरा किया है, जबकि मोदी ने फ्रांस, जर्मनी, रूस में तीन बार यात्रा की है। मोदी ने पिछले ३ वर्षों में ३.४ लाख किलोमीटर की यात्रा की है। २६ मई, २०१४ से भारत ने इन यात्राओं के लिए प्रधानमंत्री मोदी की उड़ानों पर २७५ करोड़ रु खर्च किए हैं। पीएम मोदी की सबसे महंगी विदेश यात्रा ३१.२ करोड़ रु की थी। इस यात्रा पर वो फ्रांस, जर्मनी और कनाडा गए थे। उन्होंने ये यात्रा ९-१७ अप्रैल २०१५ को की थी। पीएम मोदी ने अब तक सबसे ज्यादा विदेशी देशों में ५५ दिन बिताए हैं। उनकी दूसरी सबसे बड़ी यात्रा ४० दिन रही, और तीसरी २४ दिन रही।

२०१४ में कुल ९ बार विदेशी दौरा

१. भूटान १६-१७ जून औपचारिक
२. ब्राजील १३-१६ जुलाई ब्रिक्स दौरा
३. नेपाल ३-४ अगस्त औपचारिक
४. जापान ३० अगस्त-३ सितंबर औपचारिक
५. अमेरिका २६-३० सितंबर संयुक्त राष्ट्र महासभा
६. म्यांमार ११-१३ नवंबर पूर्वी एशिया शिखर सम्मेलन
७. ऑस्ट्रेलिया १४-१८ नवंबर जी-२० समिट
८. फीजी १९ नवंबर औपचारिक
९. नेपाल २५-२७ नवंबर सार्क समिट

२०१५ में किए सर्वाधिक विदेशी दौरे

१. सेशेल्स १०-११ मार्च राज्य की यात्रा
२. मॉरीशस ११-१३ मार्च राज्य की यात्रा
३. श्रीलंका १३-१४ मार्च राज्य की यात्रा
४. सिंगापुर २३ मार्च
५. फ्रांस ९-१२ अप्रैल राज्य की यात्रा
६. जर्मनी १२-१४ अप्रैल राज्य की यात्रा
७. कनाडा १४-१६ अप्रैल राज्य की यात्रा
८. चीन १४-१६ मई राज्य की यात्रा
९. मंगोलिया १६-१७ मई राज्य की यात्रा
१०. दक्षिण कोरिया १८-१९ मई राज्य की यात्रा
११. बांग्लादेश ६-७ जून राज्य यात्रा
१२. उजबेकिस्तान ६ जुलाई राज्य यात्रा
१३. कज़ाखस्तान ७ जुलाई राज्य यात्रा
१४. रूस ८-१० जुलाई ब्रिक्स शिखर सम्मेलन
१५. तुर्कमेनिस्तान १०-११ जुलाई राज्य यात्रा
१६. किर्गिस्तान १२ जुलाई राज्य यात्रा
१७. ताजिकिस्तान १२-१३ जुलाई राज्य यात्रा
१८. संयुक्त अरब अमीरात १६-१७ अगस्त राज्य यात्रा
१९. आयरलैंड २३ सितंबर राज्य की यात्रा
२०. संयुक्त राज्य अमेरिका २४-३० सितंबर संयुक्त राष्ट्र महासभा और सिलिकॉन घाटी की आधिकारिक यात्रा।
२१. यूनाइटेड किंगडम १२-१४ नवंबर राज्य यात्रा
२२. तुर्की १५-१६ नवंबर जी -२०
२३. मलेशिया २१-२२ नवंबर आसियान-भारत शिखर सम्मेलन और पूर्वी एशिया शिखर सम्मेलन
२४. सिंगापुर २३-२५ नवंबर राज्य यात्रा
२५. फ्रांस ३० नवंबर -१ दिसंबर संयुक्त राष्ट्र जलवायु परिवर्तन सम्मेलन सीओपी २१
२६. रूस २३-२४ दिसंबर राज्य की यात्रा
२७. अफगानिस्तान २५ दिसंबर राज्य यात्रा
२८. पाकिस्तान २५ दिसंबर कार्य यात्रा

– ईएमएम