रिक्शाचालक की बेटी स्वप्ना का स्वर्ण तक का सफर


एशियाई खेलों में इस बार पदक जीतने वाले कई खिलाड़ी गरीब घरों से हैं और यहां तक पहुंचने के लिए उन्होंने और उनके परिवारों ने कड़ा संघर्ष किया है। एक ऐसी ही खिलाड़ी है स्वप्ना बर्मन। स्वप्ना एशियाई खेलों में हेप्टाएथलन में स्वर्ण जीतने वाली पहली महिला खिलाड़ी हैं। रिक्शाचालक की बेटी स्वप्ना ने सात बाधाओं को लांघकर स्वर्ण पर कब्जा किया। पश्चिम बंगाल के जलपाईगुड़ी की स्वप्ना ने जैसे ही जीत दर्ज की पश्चिम बंगाल के घोषपाड़ा में स्वप्ना के घर के बाहर लोगों को जमावड़ा लग गया और चारों तरफ मिठाइयां बांटी जाने लगीं। हेप्टाथलन में ऐथलीट को कुल 7 स्तर में हिस्सा लेना होता है। पहले स्तर पर 100 मीटर फर्राटा रेस होती है।