यूपी में ‘बहनजी’ की वापसी


सपा-भाजपा के किले होंगे ध्वस्त
नई दिल्ली। उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव के बाद एक बार फिर प्रदेश में हाथी की गर्जना सुनने को मिल सकती हैं। प्रदेश में मायावती की वापसी तय मानी जा रही है। कम से कम ताजा ओपीनियन पोल तो इसी ओर इशारा करते हैं कि चुनाव के बाद मायावती की वापसी होगी। सर्वाधिक लोगों ने उन्हें अपनी पसंद करार देते हुए मुख्यमंत्री की रेस में सबसे आगे कर दिया है। एबीपी-नेल्सन द्वारा चुनाव से एक पहले कराए गए इस सर्वे में मायावती सबसे लोकप्रिय नेता के तौर पर उभरी है। ऐसे में सपा सरकार के लिए खतरे की घंटी बज चुकी है। इस पोल में लोगों ने माना कि बसपा के मुकाबले सपा सरकार में ज्यादा क्राइम हुआ हैं। लोगों ने सपा सरकार के प्रति नाराजगी जताई और मात्र ७ प्रतिशत लोगों ने अखिलेश सरकार को बहुत अच्छी सरकार होने का वोट दिया।
अगर अभी चुनाव हुए तो मायावती सबसे बड़ा चेहरा बनकर उभरेगी। लोगों के मत के मुताबिक यूपी की ४०३ विधानसभा सीटों में बीजेपी को १२०, बीएसपी को १८५, सपा को ८०, कांग्रेस और आरएलडी को १३ मिलेगी। किसको-कितना फीसद मत? ओपीनियन पोल के मुताबिक अगर अभी चुनाव हुए तो बीजेपी को २४ फीसदी, बीएसपी को ३१ फीसदी, सपा को २३, कांग्रेस और आरएलडी को ११ और अन्य को ११ फीसदी वोट मिलेंगे। ओपीनियन पोल के मुताबिक उत्तर प्रदेश की जनता मुख्यमंत्री पद के लिए मायावती को अपनी पहली पंसद बताया है। लोगों के मत के मुताबिक मायावती को ३१ फीसदी लोगों ने सीएम के लिए वोट दिया है तो अखिलेश को ३० फीसदी। वहीं भाजपा के राजनाथ िंसह को १८ फीसदी लोग सीएम के तौर पर देखना चाहते हैं। जबकि वरुण गांधी को ७ फीसदी और स्मृति ईरानी को मात्र ४ फीसदी लोगों ने अपनी पसंद किया है। वैâसा रहा अखिलेश यादव का शासन? इस सवाल के जवाब जो लोगों ने दिए वो बेहद चौंकाने वाले और सपा सरकार के लिए टेंशन बढ़ाने वाले हैं। सिर्पâ ७ फीसदी लोगों ने सपा के शासन को बेहद अच्छा बताया, जबकि ३२ फीसदी लोग संतुष्ट हैं, जबकि ३४ फीसदी ने खराब और बहुत खराब कहा।