जासूसी मामले में दिल्ली से मुंबई तक सीबीआई की ताबड़तोड़ छापेमारी


नई दिल्ली। कॉरपोरेट जासूसी मामले में दिल्ली से मुंबई तक सीबीआई के ताबड़तोड़ छापेमारी शुरू कर दी है. सीव्रेâट दस्तावेजों के लीक मामले में चार्टेड एकाउंटेंट समेत तीन हिरासत में हैं, जबकि वित्त और वाणिज्य मंत्रालय के दस्तावेजों की भी जांच होगी. सीबीआई ने गुरुवार दोपहर बाद से दिल्ली में कई बड़ी छापेमारियां की. सूत्रों के मुताबिक खबर लिखे जाने तक कुछ मंत्रालयों में भी छापे मारे जा रहे थे।
सीबीआई सूत्रों की मानें तो सीबीआई की यह गतिविधि मामले में दिल्ली पुलिस की जांच से अलग है. जांच एजेंसी को कुछ मंत्रालयों से संवेदनशील दस्तावेजों की चोरी को लेकर सूचना मिली थी। छापेमारी में जांच एजेंसी को दस्तावेजों के अलावा ६० लाख रुपये भी बरामद हुए हैं। इससे पहले गुरुवार को ही दिल्ली पुलिस ने कोर्ट से कहा था कि कॉरपोरेट जासूसी के आरोपियों के पास से बरामद दस्तावेजों के विश्लेषण गहरी जड़ें जमा चुके उस गिरोह का पता लगाने के लिए किया जा रहा है, जिसमें शामिल कुछ लोग पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्रालय के दफ्तर में घुस रहे थे।
जांचकर्ताओं ने कॉरपोरेट एग्जीक्यूटिव आरआईएल के शैलेश सक्सेना, एसार के विनय कुमार और जूबिलेंट एनर्जी के सुभाष चंद्रा की जमानत याचिका का विरोध करते हुए कोर्ट में अपना यह बयान दिया। चीफ मेट्रोपॉलिटन मैजिस्ट्रेट संजय खंगवाल की अदालत में मामले के आईओ ने कहा, ‘अगर आरोपियों को मौजूदा हालात में रिहा कर दिया जाएगा तो वे गवाहों को प्रभावित कर सकते हैं और सबूतों के साथ छेड़छाड़ कर सकते हैं। इससे जांच पर उल्टा असर होगा.’ आरोपियों की जमानत याचिका के खिलाफ आईओ ने अपने लिखित जवाब कहा कि जांच अभी प्राथमिक स्तर पर है और पूरे गिरोह का खुलासा करना अभी बाकी है।
कोर्ट ने कहा, ‘आईओ ने तीन आरोपियों की जमानत याचिका पर लिखित जवाब दायर किया है, जिन्हें आरोपियों को भी सौंप दिया गया. अब इस पर १६ मार्च को बहस होगी.’ कोर्ट ने आईओ से रक्षा मंत्रालय के हाउसकीिंपग स्टाफ वीरेंद्र कुमार की जमानत याचिका पर भी जवाब दाखिल करने को कहा और इस पर बहस की तारीख १७ मार्च तय कर दी. इससे पहले कोर्ट ने मामले में गिरफ्तार पांच कॉरपोरेट एग्जीक्यूटिव समेत कुल छह आरोपियों की न्यायिक हिरासत १९ मार्च तक के लिए बढ़ा दी थी। जमानत याचिका दायर करने वाले शैलेश सक्सेना, विनय कुमार और जूबिलेंट एनर्जी के अलावा गिरफ्तार कॉरपोरेट एग्जीक्यूटिव में एक रिलांयस एडएजी के डीजीएम ऋषि आनंद और केयन्र्स इंडिया के जीएम केके नायक शामिल हैं।