पांच घंटे सील रहने के बाद एंबी वैली के खिलाफ कार्रवाई टली


पुणे। पुणे के पास सहारा समूह के हिल स्टेशन एंबी वैली को सील करने के पश्चात सहारा समूह द्वारा फिलहाल १ करोड़ रूपया जमा करवाने के बाद कार्रवाई टाल दी गई है। पुणे जिले के मुलशी के तहसीलदार ने सहारा समूह की इस परियोजना पर गैर कृषि टैक्स के मद में ४ करोड़ ८२ लाख रूपए बकाया होने के बाद मंगलवार को एंबी वैली के मुख्य द्वार को सील कर दिया था। जिसके बाद एंबी वैली रिजॉर्ट मंगलवार को पांच घंटे सील रही। दरअसल महाराष्ट्र सरकार ने साढ़े चार करोड़ रुपये के गैर-कृषि कर का भुगतान नहीं करने पर यह कार्रवाई की थी। हालांकि सहारा समूह द्वारा फिलहाल एक करोड़ रूपए का तत्काल भुगतान करने के बाद के बाद इसको खोल दिया गया। बता दें कि राजस्व विभाग के अधिकारियों की एक टीम सुबह महाराठ्र के मशहूर लोनावाला हिल स्टेशन के बाहरी इलाके में स्थित सहारा समूह की प्रमुख परियोजना एंबी वैली पहुंची। उन्होंने इसके मेन गेट और प्रशासनिक खंड को सील कर दिया। हालांकि रिजॉर्ट के स्टाफ और निवासियों की आवाजाही के लिए पिछला गेट खुला रखा गया था। रिजॉर्ट के अधिकारियों को एक नोटिस भी दिया गया। इसके मुताबिक उन्हें मार्च के अंत तक बकाया चुकाने को कहा गया है। ऐसा नहीं करने पर उनके खिलाफ कानूनी कार्रवाई शुरू की चेतावनी दी गई है।
– सहारा समूह ने इस कार्रवाई को अवैध करार दिया
इस बीच एक बयान में सहारा समूह ने इस कार्रवाई को अवैध करार दिया। कंपनी ने सरकार के साढ़े चार करोड़ रुपये बकाये के दावे को भी गलत बताया। उसने कहा कि पिछले दो वित्तीय साल के लिए ४.२५ करोड़ का भुगतान पहले ही किया जा चुका है। केवल २७,२७,७४० रुपये की छोटी राशि ही बकाया थी।
– क्यों खास है एंबी वैली
मालूम हो कि १० हजार एकड़ में पैâला एंबी वैली देशी-विदेशी पर्यटकों के लिए आकर्षण का वेंâद्र है। देश की पहली सुनियोजित हिल टाउनशिप के रूप में एंबी वैली ने अपनी पहचान बनाई है। साल २००३ में निर्मित एंबी वैली में एक निजी विमान पट्टी, तीन कृत्रिम झील, रिहायशी घर, जिम, स्पा, होटल, १८ गोल्फ कोर्स, विला, बंगला, शॉपिंग प्लाजा तथा एयर स्ट्रिप आदि हैं। खासकर यहां हर होने वाला लेजर शो पर्यटकों को काफी लुभाता है।