दिल्ली सरकार ने केंद्र से 200 मेगावाट सस्ती बिजली मांगी


नई दिल्ली । दिल्ली सरकार ने केंद्रीय उर्जा मंत्रालय के सामने २०० मेगावाट बिजली सस्ती दर पर राजधानी के लिए देने की मांग रखी है। केंद्रीय पूल में यह बिजली उपलब्ध रहती है जिसे राज्यों को आवश्यकतानुसार दिया जाता है। इस बिजली की मांग के लिए पत्र तैयार कर लिया गया है जिसे शुक्रवार को उर्जा मंत्रालय को भेजा जाएगा।
इस वर्ष मई व जून के महीने में बिजली की मांग ६५०० मेगावाट पहुंचने की संभावना है जिसे ध्यान में रखकर दिल्ली सरकार ने केंद्र से यह मांग रखी है ताकि राजधानी में जून के महीने में पर्याप्त बिजली आपूर्ति की जा सके। सस्ती बिजली की मांग रखने के साथ-साथ दिल्ली सरकार ने झज्जर बिजली प्लांट से ६९३ मेगावाट बिजली की सप्लाई बन्द करने का फैसला लिया है। यह बिजली ज्यादा महंगी दरों पर खरीदी जा रही है। इसलिए महंगी बिजली की सप्लाई पहली अप्रैल से २०१५ से ३१ मार्च २०१६ तक बन्द रखने का निर्णय लिया गया है। इसकी कमी को केंद्र सरकार की सस्ती बिजली से किया जाएगा। सरकार ने ४०० यूनिट तक बिजली खपत पर ५० प्रतिशत सब्सिडी की घोषणा की है इसलिए सस्ती दरों पर केंद्र से बिजली की मांग की जा रही है। इसके अलावा दिल्ली सरकार ने केंद्रीय प्राकृतिक गैस मंत्रालय से बवाना गैस प्लान्ट के लिए अतिरिक्त गैस की मांग भी की गई है। सरकार ने बवाना गैस प्लांट को अधिकतक क्षमता पर चलाने के लिए केंद्र से ४।२३६ यूनिट गैस की मांग की है।